August 21, 2024
20.08.2024 (DarbhangaOnline) (दरभंगा) : डीएम राजीव रौशन की अध्यक्षता में मतदाता सूची विशेष संक्षिप्त पुर्व पुनरीक्षण को लेकर बैठक आयोजित की गई। 01-01-2025 की अर्हता तिथि के आधार पर मतदाता सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम प्राप्त है, जिसके अनुसार 29 अक्टूबर 2024 मंगलवार को मतदान सूची का प्रारूप प्रकाशन निर्धारित है। मतदाता सूची के विशेष संक्षिप्त पूर्व पुनरीक्षण पूर्व गतिविधियों के रूप में निम्नांकित गतिविधि संपन्न होगी। जिला स्तरीय प्रशिक्षण के उपरांत प्रखंड स्तर पर 21 सितंबर (बुधवार) को बीएलओ की प्रशिक्षण प्रोग्राम निर्धारित है। नॉलेज एटीट्यूड और प्रैक्टिस से संबंधित बेसलाइन सर्वे का कार्य प्रतिनियुक्त पदाधिकारी द्वारा 31 सितंबर 2024 शनिवार तक संपन्न किया जाना है। इसके लिए आयोग द्वारा प्रश्नावली बनाई गई है जिसके आधार पर मतदाताओं के वोटिंग का आकलन किया जाएगा, यह सर्वे एप्प के माध्यम से संपन्न होगा।
डीएम ने कहा की सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी इस कार्य में प्रतिनियुक्त पदाधिकारी को आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे। भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 18 अक्टूबर 2024 तक गृह सत्यापन का कार्य सभी संबंधित बीएलओ के द्वारा संपन्न कराया जाना है। इस सर्वे के दौरान 01/08/2024 को मानक तिथि मानते हुए अमृत मतदाताओं को चिन्हित करते हुए उनका नियमानुसार विलोपन सुनिश्चित किया जाना है। सर्वे के उपरांत विलोपन की कार्रवाई करते हुए सभी बीएलओ से इस आशय का प्रमाण पत्र भी प्राप्त किया जाना है कि 01/08/2024 तक मृत सभी मतदाताओं का विलोपन कर दिया गया है। सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी/ सहायक निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी द्वारा भी उक्त आशय का प्रतिवेदन 18 अक्टूबर 2024 तक समर्पित करना सुनिश्चित करें। सर्वे के दौरान बी एल ओ के द्वारा मतदान केन्द्रों के अक्षांश- देशांतर का सत्यापन भी किया जाएगा। गृह सत्यापन के दौरान बीएलओ द्वारा निर्वाचकों के संबंध में निम्नलिखित जानकारी एकत्र की जाएगी। जिनमें योग किंतु और पंजीकृत निर्वाचक 01-10-2024 की अर्हता के आधार पर, भावी निर्वाचक 01-01-2025 की अर्हता के आधार पर, भावी निर्वाचक (अगली तीन अर्हता तिथि के आधार पर), दोहरी प्रविष्टि/ मृत निर्वाचक /स्थाई रूप से स्थानांतरित निर्वाचक, निर्वाचक सूची की अशुद्ध प्रविष्टियों में सुधार आदि शामिल है।
मतदान केन्द्रों का भौतिक सत्यापन संलग्न प्रपत्र में 29 सितंबर 2024 तक पूर्ण कर लिया जाना है। सभी प्रतिनियुक्त पदाधिकारी को निर्देश दिया गया की वे सम्बद्ध किए गए मतदान केन्द्रों का शतप्रतिशत भौतिक सत्यापन स्वयं करेंगे। प्रतिनियुक्त पदाधिकारी मतदान केन्द्रों के भौतिक सत्यापन के समय मतदान केंद्र के अद्यतन नाम का भी सत्यापन कर लेंगे और उसे अभियुक्त कॉलम में दर्ज करेंगे।निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी प्रतिदिन मतदान केन्द्रों के भौतिक सत्यापन प्रतिवेदन को मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी बिहार के वेबसाइट पर निर्धारित मॉड्यूल में प्रविष्टि करना सुनिश्चित करेंगे। मतदान केन्द्रों के भौतिक सत्यापन प्रतिवेदन एवं निर्वाचकों के मानक के प्रतिवेदन 01 जुलाई की अर्हता तिथि के आलोक में अद्यतन निर्वाचक सूची से यह स्पष्ट होगा कि कितने मूल मतदान केंद्र में युक्तिकरण संशोधन की आवश्यकता है जिसके अनुसार मतदान केन्द्रों के प्रारूप सूची में प्रस्ताव सम्मिलित किया जाना है।
भारत निर्वाचन आयोग के निदेशक अनुसार ऐसे सभी मतदान केन्द्रों पर जहां निर्वाचकों की संख्या 1400 से अधिक है वहां युक्तिकरण की कार्रवाई संपन्न की जाएगी। मतदान केन्द्रों पर निर्वाचकों की अधिकतम संख्या को बनाए रखने के लिए सर्वप्रथम आसपास के मतदान केन्द्रों के बीच निर्वाचकों का स्थानांतरण किया जाना है। निर्वाचकों का स्थानांतरण पूर्ण परिवार के निर्वाचकों का एक साथ होना है। जीर्ण शीर्ण मतदान केंद्र के स्थान परिवर्तन के प्रस्ताव भेजने के पूर्व मतदान केन्द्रों का शतप्रतिशत भौतिक सत्यापन निरीक्षण उनके अक्षांश और देशांतर के साथ कर लिया जाए। सभी मतदान केन्द्रों के अक्षांश और देशांतर नवीन चिन्हित और प्रस्तावित मतदान केन्द्रों के निर्माण परिवर्तन की जानकारी ईआरओ, नेट डैशबोर्ड मैं ततसमय अनिवार्य रूप से अद्यतन किया जाना सुनिश्चित किया जाएगा।
जीर्ण शीर्ण मतदान केंद्र का छायाचित्र भी स्थानांतरण प्रस्ताव के साथ भेजना है। वैसे मतदान केंद्र जिनके मतदाताओं को 02 किलोमीटर से अधिक दूरी तय करनी पड़ती है ऐसी स्थिति में समीक्षा करते हुए प्रस्ताव दिया जाना है।मतदान केन्द्रों के प्रारूप सूची की तैयारी का कार्य 01 सितंबर 2024 तक पूर्ण कर लिया जाना है। सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी जीर्ण शीर्ण मतदान केन्द्रों का प्रस्ताव भेजने से पूर्व विधानसभा/ प्रखंड स्तर पर सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर उन्हें प्रारूप मतदान केंद्र सूची से अवगत करा देंगे।
मतदान केन्द्रों की प्रारूप सूची का प्रकाशन 07 सितंबर 2024 को विहित प्रपत्र में विनिर्दिष्ट स्थानों पर मतदान केन्द्रों के प्रारूप सूची का प्रकाशन किया जाना है। 07 सितंबर से 17 सितंबर 2024 तक मतदान केन्द्रों के प्रारूप सूची पर दावा एवं आपत्ति प्राप्त किया जाना है। मतदाता सूची का प्रारूप प्रकाशन-29.10.2024, दावा आपत्ति प्राप्त की अवधि-29-10-2024 से 28-11-2024, विशेष अभियान दिवस दावा आपत्ति अवधि में चार विशेष अभियान दिवस का निर्धारण मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा किया जाएगा। दावा आप्ति निष्पादन 24-12-2024 तक, तथा मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन 06 जनवरी 2025 को किया जाना है।
बैठक में नगर आयुक्त कुमार गौरव, उप विकास आयुक्त चित्रगुप्त कुमार, अपर समाहर्ता राजस्व नीरज कुमार दास, अपर समाहर्ता विभागीय जांच कुमार प्रशांत, उप निर्वाचन पदाधिकारी सुरेश कुमार आदि उपस्थित थे।
August 18, 2024
17.08.2024 (DarbhangaOnline) (दरभंगा) (मणिकांत झा) : ठोहि पारिकय कानि रहल आइ भारत के सिया धिया, इज्जति आबरू तार तार छै मिझा रहल प्राणक दीया।
शक्ति उपासना केर धरती पर भ रहलय शक्तिक अपमान, दानव दल पुनि पिनगी छोड़ल झीकि रहल ललना केर जान।
बेटी बचबी बेटी पढ़बी जेहि देशक सुनलहुँ नारा, ताहि देश मे राक्षस खूनय बेटी केर अँचिया सारा।
कन्या आइ नहि रहल सुरक्षित ने बाँचल ओकर सम्मान, अपनहि घर लागय मरघटिया धुक धुक करय सदिखन प्राण।
भारती गार्गी मैत्रेयी तारा लक्ष्मी सरस्वती दुर्गाक स्वरुप, अपटी खेत मे मरि रहली धृतराष्ट्र सनक छै बैसल भूप।
हमर सभ्यता आ संस्कृतिक दिन दिन भ’ रहलैक क्षरण, पाश्चात्यक फेरी मे परिकय अपन गुमानक चीर हरण।
जागू जागू हे काली तारा कतय नुकायल स्वाभिमान, काता खप्पर हाथ मे लीय बचबू अप्पन मान सम्मान।
अरि के मटियामेट करु आ छोपू शिर दुहशासन के, महिमा अहाँ देखाकय अपन डोला दियौ पुनि शासन के।
बेटी प्रकृतिक प्रतीक थिक एकरा बिनु छथि बौन पुरुष, घर घर सँ बहराउ सड़क पर नारा धरना और जुलूस।
अन्यायक मर्दन हो सगरे मर्यादा केर होबय पालन, मणिकांत अहाँक संग चलय छथि करब नहि मौनक धारण।
August 18, 2024
17.08.2024 (DarbhangaOnline) (दरभंगा) : आज बड़ी संख्या में दरभंगा के जूनियर और सीनियर चिकित्सक, मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव और फार्मासिस्ट, युजी एवं पी जी छात्र-छात्राओं ने DMCH के इमरजेंसी से एक जुलूस निकाला जो कर्पूरी चौक का चक्कर लगाकर पुनः मेडिकल कैंपस में जमा हो गया। जुलूस के पहले आईएमए के वरिष्ठ सदस्य, डीएमसी की अधीक्षिका डॉक्टर अलका झा, मेडिकल कॉलेज के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, मेडिकल एवं सेल्स रिप्रेजेंट रिप्रेजेंटेटिव के प्रतिनिधि इत्यादि ने इमरजेंसी के जूनियर डॉक्टरों के धरना स्थल पर अपने उद्गार व्यक्त किये।
उन्होंने कोलकाता के मेडिकल कॉलेज की पीड़ित छात्रा के दुष्कर्म और हत्या पर अपना गहरा आक्रोश व्यक्त किया और एक स्वर से त्वरित न्याय की मांग की। धरना स्थल से सैकड़ो की संख्या में वरिष्ठ एवं कनीय चिकित्सक, मेडिकल कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने चिल्लाती धूप में अपना आक्रोषपुर्ण प्रदर्शन एवं जुलूस मार्च किया। जुलूस में छात्र और डॉक्टर नारे लगा रहे थे, वी वांट जस्टिस, हम नहीं भीख मांगते हम अपना अधिकार मांगते, हमें कार्य स्थल पर सुरक्षा दो, इत्यादि। आईएमए के अध्यक्ष डॉ हरी दामोदर सिंह ने बताया कि इस जुलूस का उद्देश्य आर जी कार की पीड़िता को त्वरित इंसाफ दिलाना और चिकित्सकों के खिलाफ अन्याय के प्रति लड़ाई में अपनी प्रतिबद्धता और एक जुटता प्रदर्शित करना है, साथ हीं स्थानीय स्तर पर डीएमसीएच के लिए परिसर निर्धारित कर इसकी चारदीवारी बनाना, स्ट्रीट लाइट लगाना, समुचित संख्या में सीसीटीवी लगाना, दलालों एवं कैंपस में गुंडागर्दी करने वालों को चिन्हित कर कैंपस से बाहर करना, दक्ष सुरक्षा कर्मियों को सभी जगह पर तैनात करना, मेडिकल कॉलेज के रेजिडेंट डॉक्टर, खासकर महिला स्वास्थ्यकर्मियों के लिए विशेष सुरक्षा प्रदान करना और साथ ही वर्षों से लंबित क्लीनिकल प्रोटेक्शन एक्ट को डॉक्टर और क्लीनिकल इस्टैब्लिशमेंट की सुरक्षा के लिए प्रभावकारी ढंग से लागू करना है।
डीएमसी की सुपरीटेंडेंट डॉ अलका झा ने अपना दृढ़ निश्चय व्यक्त किया कि कैंपस के हर एक स्वास्थ्य कर्मी को उनके द्वारा पूर्ण सुरक्षा देने का कार्य किया जाएगा और इसके लिए वह हर संभव कदम उठाएंगी। उन्होंने आंदोलनकारी छात्रों के साथ अपनी एक जुटता प्रदर्शित की। आइ एम ए के सदस्यों के साथ उनके क्लीनिक के स्टाफ, मेडिकल छात्र और छात्राएं, मेडिकल एवं सेल्स रिप्रेजेंटेटिव संस्था के सदस्य और शहर के कई गणमान्य व्यक्तियों ने इस जुलूस में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
इस प्रदर्शन में भाग लेने वालों में अधीक्षिका डॉक्टर अलका झा, पूर्व अधीक्षक डॉक्टर हरिशंकर मिश्रा, आइ एम ए के पूर्व अध्यक्ष डॉ सुशील कुमार, आई विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ आसिफ शाहनवाज, टीवी चेस्ट के विभागाध्यक्ष डॉ मोहन पासवान, सर्जरी के विभागाध्यक्ष डॉक्टर अनिल कुमार, मेडिसिन के विभागाध्यक्ष डॉ उमेश चंद्र झा, शिशु रोग विभागाध्यक्ष डॉ अशोक कुमार, वरिष्ठ स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉक्टर रूही यासमीन, स्त्री एवं शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टर ओम प्रकाश के साथ बहुत बड़ी संख्या में शहर के वरिष्ठ चिकित्सक और मेडिकल कॉलेज के सीनियर डॉक्टर शामिल थे।
August 18, 2024
17.08.2024 (DarbhangaOnline) (दरभंगा) : डीएम राजीव रौशन एवं एसएसपी जगुनाथ रेड्डी जला रेड्डी द्वारा संयुक्त आदेश जारी करते हुए कहा कि केन्द्रीय चयन पर्षद (सिपाही भर्ती) द्वारा 18,21,25,28 अगस्त 2024 को आयोजित बिहार पुलिस में सिपाही संवर्ग (सामान्य/सशस्त्र) परीक्षा जिले के 16 परीक्षा केन्द्रों पर आयोजित की जाएगी। उक्त परीक्षा को हर हाल में कदाचार विहीन एवं सुचारु पूर्वक संपन्न कराया जाना है। 18,21,25 और 28 अगस्त 2024 को सिपाही भर्ती परीक्षा एक पाली यथा-पूर्वाह्न 12:00 बजे से 02ः00 बजे अपराह्न तक आयोजित होगी। उन्होंने सभी दण्डाधिकारी को कहा की परीक्षा केन्द्रों पर अभ्यर्थियों का रिपोर्टिंग समय 09ः30 बजे पूर्वाह्न से है और पूर्वाहन 11:00 के बाद किसी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। परीक्षा केंद्र पर अभ्यर्थियों को पूर्वाह्न 9:30 बजे से सघन जाँच के साथ एडमिट कार्ड पर लगे फोटो एवं फोटो युक्त पहचान पत्र के साथ मिलान करते हुए प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि परीक्षा में संलग्न सभी कर्मी यथा-केन्द्राधीक्षक दंडाधिकारी/वीक्षक/ लिपिक/ चतुर्थ वर्गीय कर्मचारी प्रत्येक परीक्षा दिवस को पूर्वाह्न 07:30 बजे तक परीक्षा केंद्र पर उपस्थित होना सुनिश्चित करेंगे। परीक्षा अवधि की समाप्ति के पूर्व किसी भी परीक्षार्थी को परीक्षा भवन छोड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी, चाहे उसने अपने उत्तर पुस्तिका वीक्षक के पास जमा क्यों न कर दी हो। उन्होंने सभी केन्द्राधीक्षकों को निर्देश दिया कि सभी कमरे में घड़ी एवं बुनियादी सुविधा उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। परीक्षार्थियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो। परीक्षा केन्द्र पर निश्चित रूप से वीडियोग्राफी जनरेटर आदि की व्यवस्था करने का निर्देश दिया।
परीक्षा प्रारंभ होने के पूर्व से ही परीक्षा समाप्त होने तक लगातार सभी प्रक्रियाओं तथा परीक्षा कक्षों में परीक्षा प्रक्रिया में अभ्यर्थियों के चेहरे पर विशेष ध्यान देते हुए वीडियोग्राफी की जायेगी। उन्होंने कहा की किसी भी परीक्षार्थी को ई-प्रवेश पत्र और बिना फोटो पहचान पत्र के किसी भी परिस्थिति में परीक्षा केन्द्र के अन्दर प्रवेश करने नहीं दिया जायेगा।परीक्षार्थी को परीक्षा केन्द्र/हॉल/कक्ष में अपने साथ मोबाईल फोन, ब्लूटूथ एवं अन्य किसी तरह का कदाचारिता से संबंधित इलेक्ट्रॉनिक सामग्री लेकर प्रवेश नहीं करने देंगे।
केन्द्राधीक्षक एवं वीक्षक अपने पास मोबाईल फोन एवं इलेक्ट्रोनिक उपकरण नहीं रखेंगे। उन्होंने कहा की परीक्षा अवधि में अभ्यर्थियों की फोटोग्राफी करायी जाएगी। केन्द्राधीक्षकों को निर्देश दिया गया है की परीक्षा केन्द्र पर मुख्य द्वार के पास महिला एवं पुरुष परीक्षार्थियों के चिट-पूर्जा एवं इलेक्ट्रॉनिक सामग्रियों जाँच हेतु घेरा बनाकर परीक्षार्थियों को अच्छी तरह से छान-बीन (फ्रिस्किंग) कराकर ही परीक्षा कक्ष में भेजा जाए। सभी संबंधित दण्डाधिकारी को सख्त निर्देश दिया गया है कि उक्त परीक्षा में फर्जी परीक्षार्थी या ऐसे परीक्षार्थी जो कदाचार करते पकड़े जाते हैं, तो उनके विरूद्ध आवश्यक कार्रवाई करना सुनिश्चित करेंगे।
डीएम द्वारा सभी केन्द्राधीक्षक, स्टैटिक दण्डाधिकारी, जोनल दण्डाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी एवं परीक्षा कार्य से जुड़े अन्य सभी पदाधिकारी/कर्मी को उक्त परीक्षा को हर हाल में शांतिपूर्ण, कदाचार विहीन एवं सुचारू पूर्वक संचालन कराना सुनिश्चित कराने का निर्देश दिया गया। सभी परीक्षा केन्द्रों पर जैमर, वीडियोग्राफी सीसीटीवी से निगरानी की जाएगी। डीएम ने कहा की किसी और के बदले कोई और परीक्षा में सम्मिलित न हो इस पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। वीक्षक अपने कमरे में लगातार भ्रमण करते हुए कदाचार रहित एवं पवित्रता के साथ परीक्षा संपन्न करेंगे।
अभ्यर्थियों का चश्मा, कॉलर, बटन इन सबों पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने सभी केन्द्राधीक्षक को कहा की गाइडलाइन अनुपालन करना सुनिश्चित करेंगे। डीएम ने कहा कि परीक्षा केंद्र पर बायोमेट्रिक करने वाले कर्मी परीक्षा केंद्र परिसर तथा कक्ष में मोबाइल लेकर यत्र-तत्र नहीं घूमेंगे केन्द्राधीक्षक इस पर ध्यान देंगे ।
August 18, 2024
17.08.2024 (DarbhangaOnline) (दरभंगा) : उत्तर बिहार खासकर मिथिला क्षेत्र में बाढ़ के स्थाई निदान के लिए पीएम मोदी के नेतृत्व में केंद्र पूरी तरह से गम्भीर और संवेदनशील है। यही कारण है की पहले बाढ़ से निदान के लिए ग्यारह और अब इसके लिए उच्च स्तरीय कमिटी का गठन इसका ज्वलंत उदाहरण है। दरभंगा के सांसद सह लोकसभा में पार्टी के सचेतक डा. गोपाल जी ठाकुर ने बाढ़ के मुद्दे पर उनके द्वारा संसदीय अधिकार के तहत् 377 के आलोक में लोकसभा में उठाए गए प्रश्नों एवं मुद्दो के क्रम में केंद्र सरकार के जल शक्ति मंत्रालय द्धारा भेजे गए उत्तर के आलोक में उपरोक्त जानकारी दी।
सांसद डा ठाकुर ने जल शक्ति मंत्रालय के 9 अगस्त 2024 एवं 13 अगस्त 2024 को उनके नाम भेजे गए उत्तर का हवाला देते हुए बताया कि विभाग के मुख्य अभियंता के नेतृत्व में 11 सदस्यों की कमिटी का विधिवत् गठन कर दिया गया है तथा अब कमिटी समग्र मुद्दो का विश्लेषण करेंगी। सांसद डा ठाकुर ने बताया की संसद की मंत्रिमंडलीय समिति, जलसंसाधन विभाग की संयुक्त समिती तथा संयुक्त तकनीकी समिती नेपाल सरकार से सप्तकोशी बांध तथा संनकोशी जल भण्डारण सहित अन्य संभावनाओं पर विचार ओर अध्ययन कर अपना रिपोर्ट भारत सरकार सरकार को सौंपेगी तथा तब सरकार अब आगे की पहल करेगी।
सासंद डा ठाकुर ने केंद्र सरकार के जल आयोग के 28 जून 2024 को बिहार खासकर के पत्र के आलोक में अब तक हुए पहल और प्रयास की जानकारी देते हुए कहा की अब तक भारत सरकार के द्वारा जितनी पहल किए गए है उससे यह साबित होता है की बाढ़ के मुद्दे पर केंद्र की मोदी सरकार ईमानदारी और गंभीरता पूर्वक संवेदनशील रूप से प्रयासरत हैं। सांसद डा ठाकुर ने कहा की उत्तर बिहार खासकर मिथिला के लिए विनाश का कारण बनने वाली बाढ़ का निदान कर यहां परंपरागत तथा वर्तमान समय के अनुरूप रोजगार श्रृजन की व्यवस्था पर फोकस किया जायेगा।