January 13, 2023

13.01.2023 (दरभंगा) : अपर जिला न्यायाधीश-सह- सचिव, जिला सेवा प्राधिकार, दरभंगा दीपक कुमार द्वारा आदेश निर्गत करते हुए कहा गया है कि बिहार राज्य विधिक सेवा प्राधिकार एवं जिला सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार निर्देशानुसार जनवरी माह में दिनांक 15 जनवरी 2023 को हायाघाट प्रखण्ड के मझौलिया पंचायत भवन में, 22 जनवरी 2023 को हनुमाननगर प्रखण्ड के थलवाड़ा पंचायत भवन में तथा 29 जनवरी को बहादूरपुर प्रखण्ड के दिलावरपुर पंचायत में विधिक जागरूकता कार्यक्रम का कार्यक्रम किया जाना है।
उन्होंने कहा कि विधिक जागरूकता को सफलता पूर्वक किए जाने हेतु पैनल अधिवक्ता एवं पारा विधिक स्वयंसेवक को प्रतिनियुक्ति कर कार्य टीम गठित की गई है, जो निर्धारित समय सीमा में अपने कार्यों का सफलतापूर्वक संपादन करते हुए अधिक से अधिक आम जनों को इसका लाभ पहुंचाने में सहयोग करेंगे। उन्होंने कहा कि 15 जनवरी 2023 (रविवार) को हायाघाट प्रखण्ड के मझौलिया पंचायत भवन में पैनल अधिवक्ता दिनेश कुमार महथा, मोबाईल नम्बर - 7257958107 के साथ पारा विधिक स्वयं सेवक प्रिंस कुमार द्वारा .01. नालसा(राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकार) योजना-2015 (असंगठित क्षेत्र के कामगारों को कानूनी सेवाएं) 02. वरिष्ठ नागरिक एवं दत्तक ग्रहण के कानून एवं प्रक्रिया विषय पर, 03. मानसिक रूप से बीमार एवं मानसिक रूप से अक्षम व्यक्तियों को कानूनी सेवाएं, 04. कानूनी सहायता और लोक अदालत, 05. बाल यौन अपराधों का संरक्षण अधिनियम -2012, 06. मध्यस्थता जागरूकता कार्यक्रम मध्यस्थता प्रक्रिया और एडीआर (वैकल्पिक विवाद निवारण)तंत्र के बारे में जागरूकता पैदा करने के लिए, 07. राष्ट्रीय लोक अदालत दिनांक 11.02.2023 से संबंधित विधिक जागरूकता कार्यक्रम किया जाएगा।
वहीं 22 जनवरी 2023 (रविवार) को हनुमाननगर प्रखण्ड के थलवाड़ा पंचायत भवन में पैनल अधिवक्ता मंजू कुमारी, मोबाईल नम्बर - 9955127120 के साथ पारा विधिक स्वयं सेवक अंकित कुमार द्वारा 01 नालसा योजना-2015 (नशीली दवाओं के दुरुपयोग और नशीली दवाओं के खतरे के उन्मूलन के लिए कानूनी सेवाएं),02.बिहार मोटर वाहन (संशोधन-I) नियम, 2021,03. भीड़ हिंसा और लिंचिंग, 04मध्यस्थता प्रक्रिया और एडीआर तंत्र के बारे में जागरूकता पैदा करने के लिए मध्यस्थता जागरूकता कार्यक्रम,05.गरीबी उन्मूलन योजनाएँ, 06. व्यावसायिक विवाद में पूर्व-संस्था मध्यस्थता और निपटान,07.राष्ट्रीय लोक अदालत दिनांक -11.02.2023* से संबंधित विधिक जागरूकता कार्यक्रम किया जाएगा।
इसके साथ ही 29 जनवरी 2023 (रविवार) को बहादुरपुर प्रखण्ड के दिलावरपुर पंचायत में पैनल अधिवक्ता किरण कुमारी, मोबाईल नम्बर - 9234346256 के साथ पारा विधिक स्वयं सेवक गौड़ी शंकर पासवान द्वारा 01.* किशोर न्याय अधिनियम-2015 और पॉक्सो अधिनियम,02. मौलिक अधिकार और कर्तव्य,03. नालसा योजना-2015 पर कानूनी सेवा शिविर (मानसिक रूप से बीमार और मानसिक रूप से विकलांग व्यक्तियों को कानूनी सेवाएं,04. चिकित्सा कानूनी जागरूकता शिविर,05.व्यक्तियों का अधिकार विकलांग अधिनियम-2016,06.पीसी एवं पीएनडीटी अधिनियम-1994,07.राष्ट्रीय लोक अदालत दिनांक-11.02.2023* से संबंधित विधिक जागरूकता कार्यक्रम किया जाएगा।
उन्होंने सभी प्रतिनियुक्त पैनल अधिवक्ता एवं पारा विधिक स्वयंसेवक को निर्देशित किया कि संबंधित विषय पर विधिक जागरूकता कार्यक्रम (Legal Awareness Programme) का शिविर का आयोजन करना सुनिश्चित करेंगे। इसके साथ ही विधिक जागरूकता कार्यक्रम और जरूरतमंद लोगों को विधिक सहायता/ सलाह उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने सभी संबंधित को निर्देशित किया कि निर्धारित प्रखण्ड अन्तर्गत पंचायत के शहरी क्षेत्र/ ग्रामीण क्षेत्र/टोला/मोहल्ला/गाँव एवं वार्ड का चयन कर स्थानीय आशा कार्यकर्ताओं/आंगनवाड़ी कार्यकर्ता/संबंधित विद्यालय के शिक्षक/विधि छात्र/अधिवक्ता एवं समाज सेवी संगठन आदि की मदद से अधिक से अधिक लोगों तक विधिक सहायता पहुंचाने का प्रयास करेंगे। साथ ही निर्धारित अवधि में अधिक से अधिक गाँव क्षेत्रों/पंचायतों में अभियान का संचालन करेंगे।
उपरोक्त सभी कार्यक्रम बिहार सरकार द्वारा समय-समय पर जारी किए गए कोविड-19 के गाइडलाइन का अनुपालन करते हुए कराना सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने संबंधित पैनल अधिवक्ता एवं पारा विधिक स्वयंसेवक को निर्देशित किया कि वे दिए गए निर्देशों का नियमानुसार पालन करेंगे। कार्यक्रम का संचालन 11:00 बजे पूर्वाह्न से करेंगे।
January 13, 2023

13.01.2023 (दरभंगा) : समाहरणालय स्थित में सभागार जिला निर्वाचन पदाधिकारी (नगरपालिका)-सह-जिलाधिकारी, दरभंगा, राजीव रौशन की अध्यक्षता में नगर निगम, दरभंगा के मुख्य पार्षद, उप मुख्य पार्षद एवं सभी 48 पार्षदों का शपथ ग्रहण कराया गया। शपथ ग्रहण कराने के पूर्व जिला निर्वाचन पदाधिकारी ने सभी नवनिर्वाचित पार्षदों, उप मुख्य पार्षद एवं मुख्य पार्षद को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि आपलोगों के सहयोग से चुनाव शांतिपूर्ण एवं पारदर्शी रहा। सर्वप्रथम सभी नवनिर्वाचित पार्षदों को सबसे पहले शपथ दिलाई गयी। इसके उपरान्त उप मुख्य पार्षद एवं अंत में मुख्य पार्षद को शपथ दिलवायी गयी। धन्यवाद ज्ञापन नगर आयुक्त द्वारा किया गया। इस अवसर पर नगर आयुक्त कुमार गौरव, उप विकास आयुक्त अमृषा बैंस, जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी राजीव कुमार झा, उप निर्वाचन पदाधिकारी सुरेश कुमार, जिला पंचायती राज पदाधिकारी आलोक राज एवं अन्य संबंधित पदाधिकारीगण उपस्थित थे।
January 13, 2023

12.01.2023 (दरभंगा) : सीएम नीतीश कुमार ने समाधान यात्रा के क्रम में दरभंगा जिले में विभिन्न विभागों द्वारा चलाए जा रहे विकास कार्यों की प्रगति के संबंध में दरभंगा समाहरणालय स्थित सभागार में समीक्षात्मक बैठक की। बैठक में दरभंगा जिले के विधायकगण/विधान पार्षदगण तथा विभिन्न विभागों के अपर मुख्य सचिव/ प्रधान सचिव/सचिव शामिल हुए। बैठक में दरभंगा जिले के डीएम राजीव रौशन ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से जिले में विभिन्न विभागों के माध्यम से चल रही विकास योजनाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने हर घर नल का जल, हर घर तक पक्की गली-नालियां, बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना, मुख्यमंत्री निश्चय स्वयं सहायता भत्ता योजना/कुशल युवा कार्यक्रम, सात निश्चय -1 के तहत जिले में निर्माण किए जानेवाले भवनों की स्थिति, पॉलिटेक्निक संस्थानों में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना, औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना, मत्स्य संसाधन का विकास, मुख्यमंत्री उद्यमी योजना, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के शैक्षणिक उत्थान के लिए आवासीय विद्यालय, मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति छात्रावास अनुदान योजना, महादलित सामुदायिक भवन सह वर्क शेड योजना, जीविका समूह का गठन, मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना, उच्चतर शिक्षा हेतु महिलाओं को प्रोत्साहन, अल्पसंख्यक छात्रावास योजना, मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक छात्रावास अनुदान योजना, अल्पसंख्यक मुस्लिम परित्यक्ता/तलाकशुदा महिला सहायता योजना, मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक रोजगार ऋण योजना, मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग व अत्यंत पिछड़ा वर्ग छात्रावास योजना, अन्य पिछड़ा वर्ग कल्याण छात्रावास योजना (पिछड़ा एवं अत्यंत पिछड़ा वर्ग के लिए), जननायक कर्पूरी ठाकुर छात्रावास योजना (अति पिछड़ा वर्ग हेतु) सहित अन्य योजनाओं के संबंध में जानकारी दी।
बैठक में शामिल दरभंगा जिले के जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपने-अपने क्षेत्र की समस्याएं रखीं। जनप्रतिनिधियों की समस्याओं के समाधान हेतु मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया। बैठक में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना पर विशेष ध्यान दें। यह छात्रों के हित में है। यह पेंडिंग नहीं रहना चाहिए। मुख्यमंत्री उद्यमी योजना का लाभ अधिक से अधिक लोगों को मिल सके, इसे और अधिक प्रचारित कराएं। हम चाहते हैं कि जीविका समूह से जुड़ी महिलाओं की और अधिक तरक्की हो। जीविका समूहों की संख्या भी बढ़े और उनकी आमदनी भी बढ़े जिससे उनके परिवार का जीवन स्तर अच्छा हो।
जीविका दीदियां बेहतर तरीके से कार्य कर रही हैं और अपनी बातों को ठीक ढंग से रख रही हैं। 10 लाख से ज्यादा जीविका समूहों का गठन हो चुका है जिससे 1 करोड़ 30 लाख से अधिक महिलाएं जुड़ी हैं। बिहार की आबादी ज्यादा है जिसको ध्यान में रखते हुए सबकी मदद करें। शिक्षक सरकारी विद्यालयों में ठीक ढंग से पढ़ा रहे हैं कि नहीं यह देखने की जिम्मेवारी हमने जीविका दीदियों को दी है। जो शिक्षक ठीक ढंग से नहीं पढ़ाएंगे जीविका दीदी उनकी रिपोर्ट जिलाधिकारी को देंगी। शिक्षकों का तनख्वाह हमलोग अच्छा कर दिए हैं इसलिए उन्हें बच्चों को पढ़ाने पर ध्यान देना चाहिए। यह समाज के लिए हितकर है। छूटे हुए जो भी गांव और टोले हैं उनकी संपर्कता मुख्य सड़क से करें। हर घर तक नल का जल और हर घर तक पक्की गली एवं नाली का निर्माण कराया गया है, वह मेंटेन रहे। इसका विशेष ध्यान रखें।
गांव में सोलर लाइट हमलोग लगवा रहे हैं। इससे ग्रामीण काफी खुश हैं। उच्चतर शिक्षा हेतु महिलाओं को मिलनेवाली प्रोत्साहन राशि का भुगतान समय पर हो, इसका ध्यान रखें। चौर क्षेत्र के विकास पर ध्यान दें। हमलोग पिछले 2 वर्ष से स्कीम बनाकर चौर क्षेत्र के विकास के लिए काम कर रहे हैं। कुछ जगहों पर यदि पानी आ जाता है तो उसको सिंचाई के काम में लाएं। मुख्यमंत्री ने कहा कि दरभंगा में एम्स के लिये जमीन चिन्हित कर दिया गया है। दरभंगा में एम्स का निर्माण कार्य जल्द शुरू हो जायेगा। एम्स के अलावा दरभंगा मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल का भी पी.एम.सी.एच. की तरह विस्तार किया जायेगा, जिससे लोगों को चिकित्सा में और सहूलियत होगी। दरभंगा डीएम राजीव रौशन ने मुख्यमंत्री को पौधा एवं प्रतीक चिह्न भेंटकर मुख्यमंत्री का स्वागत किया।
January 13, 2023

12.01.2023 (दरभंगा) : सीएम नीतीश कुमार आज समाधान यात्रा के क्रम में दरभंगा जिले की जीविका दीदियों के साथ आयोजित संवाद कार्यक्रम में शामिल हुए। लहेरियासराय के प्रेक्षागृह में आयोजित संवाद कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में जीविका दीदियों ने हिस्सा लिया। संवाद कार्यक्रम में विभिन्न जीविका समूह के माध्यम से कार्य करनेवाली 7 जीविका दीदियों ने अपने-अपने अनुभव मुख्यमंत्री के समक्ष साझा किये। जीविका दीदियों ने जीविका समूह से जुड़ने के बाद अपने जीवन स्तर में हुए बदलाव की चर्चा की।
जीविका दीदी श्रीमती रेणु देवी ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि हमारे गांव में जीविका समूह का गठन होने से पूरे गांव की महिलाओं के जीवन में काफी बदलाव आया है। जीविका समूह हमारे परिवार के लिये वरदान साबित हुआ है। जीविका के माध्यम से हम सभी महिलाओं की पहुंच पंचायत से लेकर जिलाधिकारी और मुख्यमंत्री तक हुई है, यह काफी गौरव की बात है। जीविका समूह से जुड़ने के पहले मैं ट्यूशन पढ़ाकर अपने बच्चों का किसी तरह भरण पोषण करती थी। वर्ष 2014 में जब जीविका समूह से जुड़ी, तो समूह से आर्थिक मदद लेकर धनकुटी मशीन और आटा पीसने की मशीन लगाई, जिससे हमारी आमदनी होने लगी। उसके बाद मसाला और तेल निकालने की मशीन भी लगाई। श्रृंगार की दुकान भी खोली। शराबबंदी से पहले मेरे पति दिन रात शराब के नशे में रहते थे। शराबबंदी के बाद उन्हें काफी समझाया, जब वह नहीं माने तब मैंने स्थानीय पुलिस का सहारा लिया और वे चार दिनों तक जेल में रहे। उन्होंने शराब न पीने की कसम खाई तब मैंने उन्हें जेल से छुड़ाया, उसके बाद वे सुधर गये। जीविका समूह के गठन से जाति-पाति का भेदभाव भी खत्म हो गया। हम सभी जीविका दीदियां एक साथ मीटिंग करते हैं और साथ में बैठकर भोजन भी करते हैं। मेरे बच्चों को साइकिल योजना, पोशाक योजना, छात्रवृति योजना का लाभ मिला। अब मेरा परिवार काफी खुशहाल है। मैं मुख्यमंत्री के प्रति अपना आभार प्रकट करती हूं।
जीविका दीदी श्रीमती रूपा देवी ने बताया कि मेरे पति शराब बनाकर बेचते थे और उसका सेवन भी करते थे। परिवार की आर्थिक स्थिति काफी दयनीय थी। प्रतिदिन घरेलू झगड़ा होता था। जीविका समूह से जुड़ने के बाद मुझे दीदियों ने सतत् जीविकोपार्जन योजना से जोड़ा। आर्थिक मदद मिलने पर मैने सिलाई मशीन खरीदी और कपड़े का सिलाई कर घर का खर्च चलाने लगी। उसके बाद पैसों की बचत कर श्रृंगार की दुकान खोली, गाय और बकरी भी खरीदी। अब मुझे प्रतिमाह 8-9 हजार रुपये की आमदनी हो रही है।
जीविका दीदी श्रीमती बबीता कुमारी ने बताया कि जीविका समूह से जुड़कर सिलाई मशीन खरीदी। कपड़े की सिलाई के साथ-साथ वह बच्चों को ट्यूशन पढ़ाने का काम भी करती थी। वर्ष 2017 में मेरे पति का और वर्ष 2018 में मेरे पिता का देहांत हो गया, जिसके बाद बच्चों के साथ-साथ मां और छोटे भाई-बहनों के खर्च की जिम्मेवारी मेरे कंधे पर आ गई थी। मैं काफी परेशान थीं, लेकिन जीविका समूह से जुड़कर मुझे जीने की राह मिली। अब मेरा बैग कलस्टर है, जिसमें 24 वर्कर काम कर रहे हैं। मैं मुख्यमंत्री को धन्यवाद देती हूं कि उनके आशीर्वाद से मैं अपने बच्चों को पढ़ा रही हूं और मेरा घर भी ठीक ढंग से चल रहा है।
जीविका दीदी श्रीमती मंजू कुमारी ने बताया कि मेरे पास एक बीघा कृषि के लिये खेती थी, लेकिन पैसे के अभाव में मेरा परिवार ठीक ढंग से खेती नहीं कर पाता था। जीविका समूह से जुड़कर मुझे आर्थिक मदद मिली और हमलोग बेहतर तरीके से खेती करने लगे। इससे अच्छा उत्पादन हुआ, अनाज बेचकर मैंने कर्ज चुका दिया। उसके बाद तकनीक विधि से खेती करने लगी। अब 20 किलोग्राम की जगह 80 किलोग्राम अनाज का उत्पादन होने लगा। उसके बाद 2 बीघा जमीन बटाई पर लिया, 5 मवेशी भी रखी हूॅ, सब्जी की खेती भी कर रही हूॅ। जीविका से जुड़ने के बाद जीवन में काफी बदलाव आया है। पहले गरीब परिवार की महिलाओं को 2-4 सौ रुपये के लिये पति के सामने गिड़गिड़ाना पड़ता था, लेकिन जीविका समूह से जुड़कर अब महिलायें आत्म निर्भर हो रही हैं।
जीविका दीदी श्रीमती संजू देवी ने बताया कि मेरे पति पेड़ से ताड़ी उतारने का काम करते थे, जिससे परिवार का खर्च चलता था। एक दिन वे पेड़ से गिर गये और उनकी कमर टूट गई। बच्चों के सामने भूखमरी की स्थिति उत्पन्न हो गई। ग्राम संगठन की दीदियों ने मेरी यह हालत देखकर मुझे सतत् जीविकोपार्जन योजना से जोड़ा। 37 हजार रुपये की आर्थिक मदद लेकर किराना दूकान खोली और उससे पैसे की बचत कर श्रृंगार की भी दूकान खोली। मेरे पति जब स्वस्थ हुए तो, उन्होंने अंडा दूकान खोला। अब हर महीने 10-12 हजार रुपये की अमादनी हो रही है। बच्चों के भोजन, पढ़ाई का इंतजाम बेहतर तरीके से हो रहा है। मुझे स्वास्थ्य कार्ड, शौचालय योजना का भी लाभ मिला है।
जीविका दीदी श्रीमती त्रिवेणी देवी ने बताया कि वे जीविका दीदियों के साथ मिलकर मखाना का पैकिंग कर उसे बचने का काम करती है। गोदाम में कुक्कुन बैग लगाकर 10 क्विंटल मखाना स्टोर कर रखती है। उसने कहा कि मैं सीधे किसानों से मखाना खरीदती हूॅ, ताकि बिचौलियों को दूर रखा जा सके। मेरा उद्देश्य है कि परिवार की आमदनी बढ़े। साथ ही अन्य महिलाओं का भी विकास हो। जीविका दीदी श्रीमती लक्ष्मी देवी ने बताया कि उनके पति बेरोजगार थे। वर्ष 2020 में जीविका समूह से जुड़कर 30 हजार रुपये का कर्ज लिया और गाय खरीदी। गाय का दूध बेचकर परिवार का भरण-पोषण होने लगा। स्वास्थ्य पोषण के प्रति लोगों को जागरूक करने का काम भी करती हूॅ। प्रसूता महिलाओं को बच्चे को स्तनपान कराने की सलाह देती हूॅ, ताकि बच्चा तंदरूस्त और स्वस्थ रहे। जीविका समूह से गरीब परिवारों को सहारा मिला है। मुख्यमंत्री के प्रति मैं आभार प्रकट करती हूं।
मुख्यमंत्री ने 3144 जीविका स्वयं सहायता समूहों को वित्तपोषित अंतर्गत 72 करोड़ रुपये का चेक जीविका दीदियों को प्रदान किया। जीविका दीदी श्रीमती रीना देवी ने मुख्यमंत्री को पाग और प्रतीक चिंह भेंटकर उनका अभिनंदन किया। जीविका संवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हम समाधान यात्रा के क्रम में यहां आये हैं, इसमें जीविका दीदियों के साथ संवाद करते हैं। गांव में जो विकास हुआ है, उसे देखते हैं और लोगों की बात भी सुनते हैं। आपकी बात सुनकर हमें काफी अच्छा लगा। 7 जीविका दीदियों ने यहां अपनी बातें रखी हैं। सबसे पहले मैं आप सभी को बधाई देता हूं। 24 नवंबर 2005 से जब हमें बिहार के लोगों ने काम करने का मौका दिया उसके बाद हमने जगह-जगह जाकर स्वयं सहायता समूहों के कामों को देखा था। उस समय स्वयं सहायता समूह की संख्या काफी कम थी। तब हमने 10 लाख स्वयं सहायता समूह का गठन करने का निर्णय लिया।
आज जीविका दीदियों के रूप में आप सबको लोग जानते हैं। हमने ही इसका नामकरण जीविका किया। काफी बेहतर काम हुआ है। वर्ष 2007 में केंद्र से आकर लोग जीविका समूह के काम को देखे और काफी प्रसन्न हुए, जिसके बाद देशभर में इसका नामकरण आजीविका कर दिया। मतलब देशभर में बिहार की जीविका आ जाये। अब बिहार में 10 लाख से भी ज्यादा जीविका समूहों का गठन हो गया है, जिनसे एक करोड़ 30 लाख से अधिक महिलायें जुड़ी हैं।
हमारा मकसद है कि आपलोगों की बात सुनकर जीविका समूह के कामों को और विस्तार दें और जीविका समूहों की संख्या बढ़ायें। जीविका समूह से जुड़कर महिलायें काफी काम कर रही हैं। इससे परिवार की स्थिति बेहतर हो रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2006 में पंचायती राज चुनाव और वर्ष 2007 में नगर निकाय के चुनाव में महिलाओं को 50 प्रतिशत का आरक्षण दिया गया। अब महिलायें सभी पदों पर जाने लगी हैं। बालिकाओं के उत्थान के लिये साइकिल योजना, पोशाक योजना चलाई जा रही है, जिससे बच्चियां पढ़ने लगीं और आगे बढ़ने लगीं। हर क्षेत्र में विकास का काम हो रहा है। विश्व बैंक से कर्ज लेकर जीविका समूहों का विस्तार कराया गया। अब सरकारी अस्पतालों में दीदी की रसोई खुलवाया जा रहा है। पिछले वर्ष ही हमने कह दिया था कि इस काम में जीविका दीदियों का लगायें। आपलोगों का काम और बढ़ता रहेगा। सभी लोग अपने बच्चे-बच्चियों को जरूर पढ़ायें। समाज में सद्भाव कायम रखने के लिये प्रयत्नशील रहें। नफरत फैलानेवालों को समझायें।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2015 में पटना में मीटिंग के दौरान जीविका दीदियों ने ही शराबबंदी लागू करने की मांग की, जिसके बाद शराबबंदी लागू किया गया, इसके लिये सभी पार्टियों ने भी अपना समर्थन दिया। पहले चरण में देहाती इलाकों में शराब बंद करने का निर्णय लिया गया, लेकिन शहरी इलाकों से भी युवा, महिलायें और पुरुषों ने शराबबंदी लागू करने की मांग जोर षोर से शुरू कर दी। देहाती क्षेत्र में लागू करने के 4 दिन बाद ही संपूर्ण बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू कर दी गई।
जगह-जगह कार्यक्रम में महिलाओं ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि शराबबंदी के बाद परिवार और समाज में काफी शांति आई है और तरक्की भी हो रही है। पहले उनके पति शराब पीकर झगड़ा किया करते थे लेकिन शराबबंदी के बाद वे जब घर आते हैं तो मुस्कुराते हैं और बाजार से सब्जी भी लाते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि 27 दिसंबर 2021 से 15 जनवरी 2022 तक समाज सुधार अभियान के दौरान मुझे 12 जगहों पर जाने का मौका मिला। शराब से हो रहे नुकसान के संबंध में बुकलेट प्रकाषित करवाकर लोगों के बीच वितरित करवाया गया, ताकि वे सचेत हो सकें। देश को आजादी दिलवाने में बापू का महत्वपूर्ण योगदान है।
आजादी के आंदोलन के दौरान बापू निरंतर कहा करते थे कि शराब इंसान से न सिर्फ उसका पैसा छीन लेती है, बल्कि उसकी बुद्धि हर लेती है। शराब पीनेवाला इंसान हैवान हो जाता है। बापू की बात भी अगर लोग नहीं मानेंगे तो ऐसे लोगों को देश की क्या चिंता रहेगी। कुछ लोगों अपने को काबिल समझते हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन ने वर्ष 2016 में दुनियाभर में शराब से होनेवाले नुकसान का सर्वेक्षण कराकर 2018 में रिपोर्ट प्रकाशित किया। उसके मुताबिक एक साल में दुनियाभर में जितनी मौतें होती हैं उसका 5.3 प्रतिशत मौत शराब पीने के कारण होती है। 20 से 39 आयु वर्ग के साढ़े 13 प्रतिशत नौजवानों की मौत शराब पीने के कारण हो जाती है। शराब के सेवन से 200 प्रकार की बीमारियां होती हैं। शराब पीकर गाड़ी चलाने वाले 27 प्रतिशत लोगों की मौत सड़क दुर्घटना में हो जाती है इसलिये काबिल बननेवाले लोगों को विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट को पढ़ना चाहिये।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बाल विवाह और दहेज प्रथा गैरकानूनी है। 18 वर्ष से कम उम्र की लड़की और 21 वर्ष से कम उम्र के लड़के की शादी नहीं होनी चाहिये, यह गलत है। इसको लेकर निरंतर अभियान चलाते रहना चाहिये। लड़की के माता-पिता से लड़के वाले को दहेज लेने का कोई मतलब नहीं है। दहेज की लेन-देन करने वालों की शादी में आप शामिल न हों। ऐसा करने वाले लोगों को समझायें। शराबबंदी के प्रति भी निरंतर अभियान चलाते रहें। जीविका दीदियों की आमदनी बढ़े, उनकी तरक्की हो, जीविका समूहों की संख्या बढ़े और उन्हें अधिक काम मिले, यही हमारी चाहत है इसलिये हम घूम रहे हैं और आप सब से बात भी कर रहे हैं। बिहार सरकार की तरफ से आप सबको हरसंभव मदद दी जायेगी। आपस में प्रेम और भाईचारा बना रहे इसके लिये काम करते रहें। पहले हिंदू, मुस्लिम के बीच नफरत फैलाने का काम होता था, अब इसमें काफी कमी आई है। बुलंदी के साथ आपलोग काम करते रहिये, आपके हित में जो भी होगा किया जायेगा।
January 13, 2023

12.01.2023 (दरभंगा) : बिहार के सीएम नितीश कुमार समाधान यात्रा के क्रम में दरभंगा पहुंचे। यहाँ पहुंचकर उन्होंने तारामंडल-सह-विज्ञान संग्रहालय, दरभंगा का लोकार्पण किया तथा कई विकास योजनाओं का निरीक्षण कर समस्याओं के समाधान हेतु अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इस अवसर पर उन्होंने कहा की तारामंडल में ब्रह्मांड से संबंधित जो जानकारी दिखाई जा रही है। यदि वह हिंदी भाषा में एक्सप्लेन हो, तो लोग उसे भलीभांति जान और समझ सकेंगे। यहां काफी बेहतर ढंग से तारामंडल का निर्माण हुआ है, इसे देखकर मुझे काफी खुशी हुई है। उन्होंने कहा कि यहां एयरपोर्ट भी बन गया है। बाहर से आनेवाले लोग भी अब तारामंडल देख सकेंगे। यहां बिहार के विभिन्न हिस्सों से भी लोग आएंगे। मुख्यमंत्री ने पटना के तारामंडल को भी आधुनिकतम बनाने का निर्देश दिया।मुख्यमंत्री की प्रेरणा से आम जन विशेषकर बच्चों के बीच विज्ञान के प्रति जागरूकता एवं रूझान बढ़ाने के दूरगामी लक्ष्य के अनुरूप दरभंगा शहर के कैदराबाद में तारामंडल-सह- विज्ञान संग्रहालय, दरभंगा का निर्माण कराया गया है। यह 164.31 करोड़ रुपये की लागत से 3.88 एकड़ भूमि में निर्मित किया गया है। प्रथम चरण में 20922 वर्ग मीटर के परिसर में तारामंडल-सह-विज्ञान संग्रहालय का निर्माण 92 करोड़ 80 लाख रुपये की लागत से किया गया है, जिसका कुल निर्मित क्षेत्रफल 5000 वर्ग मीटर है। इस तारामंडल में सौर मंडल के ग्रहों, नक्षत्रों की स्थिति एवं खगोलीय घटनाओं की जानकारी 2-डी एवं 3-डी फिल्मों के माध्यम से प्रदर्शित की जाएगी, जो डिजीटल दीर्घवृत्ताकार प्लेनेटोरियम ब्रह्मांड में स्थित अपने गैलेक्सी के दर्शन का अनुभूति कराएगा। इसमें 150 लोगों के बैठने की क्षमता है। भवन में एक 300 क्षमता का प्रेक्षागृह भी निर्मित है, जिसमें विज्ञान से संबंधित फिल्मों का प्रदर्शन एवं अन्य कार्यक्रम आयोजित किए जा सकेंगे। 50 लोगों की क्षमता वाला ऑरिएन्टेशन हॉल है, जिसमें आगंतुकों को तारामंडल में उपलब्ध प्रदर्शों एवं प्रदर्शित किए जा रहे फिल्मों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही इस भवन में पारदर्शी ग्लास के भीतर लिफ्ट अधिष्ठापित किया गया है जिससे लिफ्ट की पूरी कार्यप्रणाली बच्चे देख और समझ सकेंगे। सरकारी स्कूल के छात्र-छात्राओं के लिए एक माह तक रोस्टर बनाकर तारामंडल का निःशुल्क शो दिखाया जायेगा। पुस्तकालय, कैफे एवं गिफ्ट शॉप की सुविधा के साथ-साथ यहां वैज्ञानिक प्रदर्शनी की सुविधा है। यहां 550 वर्ग मीटर में आंतरिक प्रदर्शनी की क्षमता है। तारामंडल के ऊपरी तल पर पार्क का निर्माण किया गया है, जिसमें विभिन्न प्रजातियों के पौधे लगाये गये हैं, जो आगन्तुकों को वनस्पति विज्ञान से जुड़े विषयों के प्रति जागरूक करेंगे। भवन के फसाड पर पर्यावरण के अनुकूल वेदर रेसिसटेंट मैग्नीज डाईऑक्साईड मिश्रित ईट का प्रयोग किया गया है। इसके भवन में आगंतुकों के सम्पूर्ण मनोरंजन एवं ज्ञान हेतु प्लेनेटोरियम के अतिरिक्त द्वितीय चरण में एक विज्ञान संग्रहालय का निर्माण किया जाना है, जिसमें विज्ञान से जुड़े प्रदर्श अधिष्ठापित किये जाएंगे। तारामंडल-सह-विज्ञान संग्रहालय एक संपूर्ण शैक्षणिक एवं मनोरंजक केन्द्र साबित होगा। सचिव, भवन निर्माण कुमार रवि ने पुष्प-गुच्छ भेंटकर मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया। स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं नेताओं ने मुख्यमंत्री को पाग, अंगवस्त्र एवं मखाना की बड़ी माला पहनाकर उनका स्वागत किया।
सीएम श्री कुमार ने दरभंगा जिले में विभिन्न विभागों के अंतर्गत चलायी जा रही विकास योजनाओं का निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने मनीगाछी प्रखंड अंतर्गत ब्रह्मपुरा-भटपुरा पंचायत के वार्ड संख्या-2 के दलित बस्ती का भ्रमण कर विकास योजनाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के क्रम में मुख्यमंत्री ने ग्रामीण स्ट्रीट सोलर लाइट, पोखर में हो रही मखाना की खेती, आंगनबाड़ी केंद्र भटपुरा, साईं बाबा जीविका स्वयं सहायता समूह द्वारा दी गयी आर्थिक मदद से खोली गई किराना दूकान, हर घर नल जल योजना इत्यादि सहित अन्य विकास कार्यों का जायजा लिया।स्टार्ट अप के रूप में एम.बी.ए. मखाना वाला द्वारा किये जा रहे मखाना प्रोसेसिंग एवं मखाना से बने लड्डू, बर्फी, 9 फ्लेवरयुक्त सुपर फूड की मार्केटिंग आदि के संबंध में फूड टेक्नोलॉजिस्ट श्री इंदुशेखर सिंह ने मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने मखाना विकास योजना के लाभार्थी को किट प्रदान किया। मुख्यमंत्री अल्पसंख्यक रोजगार ऋण योजना, मुस्लिम परित्यक्ता/तलाकशुदा महिला सहायता योजना, मुख्यमंत्री दिव्यांगजन विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना, अंतर्जातीय विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना आदि के संबंध में मुख्यमंत्री ने लोगों से जानकारी ली, साथ ही मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना के लाभुकों के बीच मुख्यमंत्री ने सांकेतिक चेक वितरित किया। मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री श्रमशक्ति योजना अंतर्गत प्रशिक्षित युवाओं को सर्टिफिकेट तथा मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन एम्बुलेंस योजना के लाभुकों को चाबी प्रदान की। ब्रह्मपुरा-भटपुरा के वार्ड संख्या-2 में मुख्यमंत्री ने सामुदायिक बैठका का उद्घाटन शिलापट्ट का अनावरण कर किया तथा उसका निरीक्षण भी किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जीविका समूह की दीदियों, ग्रामीणों एवं बिहार महादलित विकास मिशन के तहत संचालित उमा किशोरी समूह की बालिकाओं से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनी एवं उनके समाधान हेतु जिलाधिकारी को निर्देश दिया।
इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हम चाहते हैं कि हर हिंदुस्तानी की थाली में एक बिहारी व्यंजन जरुर हो, यहां का प्रोडक्ट राज्य के बाहर भी जा रहा है। मखाना का उत्पादन तो इसी इलाके में होता है, किस प्रकार मखाना के लिए यहां काम किए जा रहे हैं, उसको मैंने देखा, बेहतर काम हो रहा है। वर्ष 2006-07 में भी हमने घूम घूमकर देखा था। श्रद्धेय अटल जी की सरकार में मैं कृषि मंत्री था, उस समय हम इन कामों को देखते थे। दरभंगा में भी उस दौरान हम आए थे। हम चाहते हैं कि मखाना का और विकास हो। मखाना बहुत पौष्टिक आहार है। देश और देश के बाहर के लोग मखाना खाएंगे तो तारीफ करेंगे, कहेंगे कि बिहार का कितना बढ़िया प्रोडक्ट है। कृषि के विकास के लिए कृषि रोडमैप बनाकर हमलोग अभियान चला रहे हैं। हम जब समीक्षा बैठक करते हैं तो सारी बातों को रखते हैं। हमारा मकसद है कि इसका उत्पादन बढ़े, जिससे लोगों के आमदनी का जरिया बढ़े। इसको बढ़ावा देने से इसका उत्पादन काफी बढ़ा है। इसका लाभ लोगों को मिल रहा है। हमने मखाना के सारे प्रॉशेस को देखा है।
इसके पश्चात मुख्यमंत्री ने कादिराबाद, दरभंगा में जल-जीवन-हरियाली योजना अंतर्गत स्थापित 1.6 मेगावाट क्षमता वाले फ्लोटिंग सोलर पावर प्लांट का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान ऊर्जा विभाग के प्रधान सचिव संजीव हंस ने मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि सोलर प्लेट के बीच थोड़ा गैप रखें और जल के सतह से सोलर प्लेट को और अधिक ऊंचा रखने का प्रबंध करें। उन्होंने कहा कि सौर ऊर्जा असली अक्षय ऊर्जा है, इसको अधिक से अधिक बढ़ावा दें। निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से बातचीत करते हुये कहा कि इस प्लांट में नीचे मछली और ऊपर बिजली का उत्पादन हो रहा है।
हमलोग चाहते हैं कि बिहार में ज्यादा से ज्यादा सौर ऊर्जा से बिजली का उत्पादन हो। चौर इलाके में भी नीचे मछली और ऊपर सौर ऊर्जा से बिजली का उत्पादन शुरु कर दिया गया है। सौर ऊर्जा बहुत महत्वपूर्ण चीज है। आज जो बिजली मिल रही है वह कोयला से बनाई जाती है। वह सब दिन रहनेवाली चीज नहीं है, जबकि सौर ऊर्जा सब दिन रहनेवाली चीज है। जब तक सूर्य है तब तक सौर ऊर्जा मिलती रहेगी। हमलोग सौर ऊर्जा को काफी बढ़ावा दे रहे हैं। इसको लेकर शुरु में लोगों को जानकारी नहीं थी, लेकिन अब सबको इसका महत्व पता चल गया है। सौर ऊर्जा सब दिन रहनेवाली ऊर्जा है। गांव में स्ट्रीट लाईट लगाया जा रहा है ताकि रात में भी रोशनी रहे।
दरभंगा में एम्स के निर्माण पर मुख्यमंत्री ने कहा कि हमलोग चाहते थे कि डी.एम.सी.एच. को दरभंगा एम्स में कन्वर्ट कर दिया जाये। पहले वे लोग इसको मान लिए थे लेकिन बाद में बोले कि एम्स को अलग से बनायेंगे। अब हमलोगों ने तय कर दिया है कि डी0एम0सी0एच0 से अलग दूसरे जगह पर एम्स का निर्माण कराया जायेगा। दरभंगा में एम्स के निर्माण को लेकर सरकार के द्वारा जमीन उपलब्ध करायी जा रही है। रामचरितमानस ग्रंथ को लेकर शिक्षा मंत्री चंद्रशेखर के विवादित बयान को लेकर पत्रकारों के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मुझे पता नहीं है। हम उनसे पूछ लेंगे।
इसके पश्चात मुख्यमंत्री ने हायाघाट प्रखंड अंतर्गत मझौलिया पंचायत के ग्राम होरलपट्टी में विभिन्न योजनाओं का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र, होरलपट्टी, जल-जीवन-हरियाली अभियान अंतर्गत सौन्दर्यीकृत गंगा सागर सरोवर, जीविका समूह द्वारा लगाए गए स्टॉल, उत्क्रमित मध्य विद्यालय होरलपट्टी सहित अन्य विकास योजनाओं का जायजा लिया। मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना के बारे में भी लोगों से मुख्यमंत्री ने जानकारी ली। सतत् जीविकोपार्जन योजना अंतर्गत आदर्श जीविका ग्राम संगठन होरलपट्टी के 201 लाभार्थियों को मुख्यमंत्री ने सांकेतिक चेक प्रदान किया। भ्रमण के दौरान जगह-जगह स्थानीय जनप्रतिनिधियों, नेताओं एवं ग्रामवासियों ने मुख्यमंत्री को अंगवस्त्र, पाग एवं फूलों की माला भेंटकर उनका स्वागत किया। राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाओं से संबंधित रंगोली बनाकर मुख्यमंत्री के प्रति ‘समाधान यात्रा‘ हेतु आभार प्रकट किया।