December 12, 2023

10.12.2023 (दरभंगा) : मानवाधिकार दिवस के अवसर पर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार श्री विनोद कुमार तिवारी के निर्देश पर मंडल कारा, उपकारा बेनीपुर, मध्यस्थता केंद्र एवं सदर प्रखंड के कंशी पंचायत भवन पर कानून की जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। मंडल कारा में कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विशेष उत्पाद न्यायाधीश श्री रामाकांत ने कहा कि मानवाधिकारों की सुरक्षा हेतु बंदियों के साथ क्या बरताव किया जाए, इसके लिए संयुक्त राष्ट्रसंघ ने कुछ नियम बनाए हैं। जिसके अनुसार बंदियों के मान सम्मान की रक्षा करना, बंदियों के साथ समानता का व्यवहार करना, उन्हें खाने पीने, स्वास्थ्य, शिक्षा आदि की व्यवस्था की जानी है। एडीजे सप्तम उपेंद्र कुमार ने कहा कि भारतीय संविधान एवं कारा अधिनियम के तहत भी बंदियों को अधिकार दिए गए हैं। जिसमें मुफ्त विधिक सहायता, त्वरित व निष्पक्ष विचारण, बंदियों के रहन सहन आदि की व्यवस्था करने के प्रावधान है। कार्यक्रम में पैनल अधिवक्ता अजय कुमार साहू ने मानवाधिकार दिवस पर विस्तृत जानकारी दी, मौके पर प्रोबेशन न्यायिक पदाधिकारी रत्नेश मांझी व रानी चौधरी, काराधीक्षक, उपाधीक्षक,पीएलवी रमेश कुमार पासवान आदि उपस्थित थे। कंशी पंचायत में पैनल अधिवक्ता संजीव कुमार और पीएलवी वीरेंद्र कुमार आनंद ने लोगों को जागरूक किया। वही न्यायालय परिसर स्थित मध्यस्थता केंद्र में न्यायालय कर्मचारी एवं पारा विधिक स्वयंसेवकों ने भी दीप प्रज्वलित कर मानवाधिकार दिवस मनाया।
December 07, 2023

07.12.2023 ( DarbhangaOnline Buero) : रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा आज ‘‘मेक-इन-इंडिया उत्पादन और निर्यात‘‘ विषय पर रेलवे बोर्ड में एक प्रेस वार्ता को सम्बोधित किया गया। उन्होंने प्रेस प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुए कहा कि देश की इकोनॉमी में एक Major Inflection Point आया है जिसे आपके साथ शेयर करना जरूरी था।
1. आजादी के बाद देश में 40-50 वर्षों तक विनिर्माण क्षेत्र (Manufacturing) में लगातार या तो डाउन हुई या तकलीफों में आई। 2. परंतु अब हम उस परिस्थितियों में पहुंच गए हैं जब हम बहुत जल्दी ही एक ट्रिलियन डालर निर्यात (One Trillion Dollar Export) के लिए तैयार हुए और उसके पीछे विनिर्माण का बहुत ही बड़ा आधार है। 3. आज हमारा निर्यात 762 बिलियन डॉलर के पार पहुंच गया है जिसमें गुड्स का योगदान 453 बिलियन डॉलर का है जबकि सर्विस का योगदान 309 बिलियन डॉलर का है। 4. देश में फॉरमल इम्पजयलमेंट जितना है उसका कम से कम दो गुना इनफॉरमल इम्पबयलमेंट होता है। 5. जो फॉरमल इम्पइयलमेंट पहले करीब- करीब 6 लाख महीने का होता था (साल भर का 70 लाख के आसपास) वह आज महीने का 14 से 15 लाख पर आ गया है जो साल भर में औसतन 1.80 करोड़ के आसपास होता है। 6. अगर बात करते तो आज से 10 से 15 साल पहले अधिकतम निर्यात पेट्रोलियम पदार्थ का होता था इसके बाद चावल का स्थासन था। इसी तरह से चार पांच और चीजों का नाम आता था। 7. पिछले साल मोबाईल फोन का निर्यात 11 बिलियन डॉलर था (करीब 90,000 करोड़ रूपये)। इस साल मोबाईल फोन का विनिर्माण (Manufacturing) करीब-करीब 50 बिलियन डॉलर की होने वाली है (करीब 4,00,000 करोड़ रूपेय का) तथा निर्यात करीब 15 बिलियन डॉलर से अधिक का हो जायेगा (रूपये 1,25,000 करोड़ का)। 8. इसी तरह पहले खिलौनों का केवल और केवल आयात होता था परंतु आज हम खिलौनों का निर्यात करने लगे हैं जो रूपये 4,000 करोड़ के पार पहुंच गया है। 9. पिछले साल निर्यात का डाटा अगर देखें तो पेट्रोलियम का 97 बिलियन डॉलर, फार्मास्यूटिकल्स का 19 बिलियन डॉलर, टेलीकॉम उपकरण का 12 बिलियन डॉलर, विद्युत मशीनरी का 11 बिलियन डॉलर, एल्युमीनियम का 8 बिलियन डॉलर, मोटर वाहन का 8.7 बिलियन डॉलर, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण का 4 बिलियन डॉलर तथा लोहा एवं इस्पात का 13 बिलियन डॉलर था। 10. TDK- Japan की बहुत अच्छी कंपनी है जिसने घोषणा की है कि वह भारत में मोबाइल फोन की बैटरी का विनिर्माण करेंगे।
इसी तरह मोबाईल फोन की जो केसिंग होती है उसका भी आज टाटा कंपनी निर्माण कर रहा है और यह बहुत ही प्रिसिशन (precision) उत्पाद है। इस प्रेस वार्ता में बड़ी संख्या में लोग वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी जुड़े। प्रेस वार्ता में रेलवे के विभिन्न जोनल कार्यालय से भी बड़ी संख्या में पत्रकार एवं रेल अधिकारी सम्मिलित हुए। पूर्व मध्य रेल मुख्यालय हाजीपुर में भी प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के संवाददाताओं तथा पूर्व मध्य रेल के उच्चाधिकारीगण वीडियो कांफ्रेंसिंग द्वारा प्रेस वार्ता से जुड़े ।
December 07, 2023

07.12.2023 (दरभंगा) : ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय, दरभंगा में गत माह संपन्न नैक मूल्यांकन में बेहतर ग्रेडिंग (बी प्लस प्लस) प्राप्त कराने में अपनी निष्ठा, समर्पण और सहयोग देने हेतु समस्त विश्वविद्यालय परिवार को कुलपति प्रोफेसर एसपी सिंह ने धन्यवाद देते हुए नैक पीयर टीम द्वारा प्रदत्त नैक रिपोर्ट को आइक्यूएसी निदेशक डा मो ज्या हैदर को समर्पित किया।
जुबली हॉल में आयोजित संकायाध्यक्षों, विभागाध्यक्षों, पदाधिकारियों, शिक्षकों, शिक्षकेतर कर्मियों एवं शोधार्थियों- विद्यार्थियों की बैठक को संबोधित करते हुए कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय को प्राप्त नैक ग्रेड किसी एक व्यक्ति का नहीं, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति का योगदान है। सभी लोगों ने अच्छा काम किया। विजेता बनने के लिए काम करने का ढंग अलग ही होता है और वह सकारात्मक के साथ आगे बढ़ता है। उन्होंने बताया कि नैक पीयर टीम के सदस्यों की विस्तृत सूचना सिर्फ तीन पदाधिकारियों के पास उपलब्ध थी, पर दुर्भाग्य है कि किसी ने उसे सार्वजनिक कर किया। फलत: उनके मेलों एवं मोबाइलों पर विश्वविद्यालय की मनगढ़ंत और झूठी शिकायतें भेजी गई। साथ ही विश्वविद्यालय में बना हुआ नया डीएसडब्ल्यू भवन , पार्क, फिजिक्स विभाग का ऑडिटोरियम और गांधी सदन आदि समय पर तैयार नहीं हो पाया जो नैक मूल्यांकन की दृष्टि से सही नहीं हुआ।
तालाब के पानी वाली विचारधारा की अपेक्षा हमें नदी की पानी वाली विचारधारा रखनी चाहिए जो अनवरत चलते हुए आगे बढ़ सके। कुलपति ने कहा कि यदि आगे बढ़ना है तो पीछे मुड़कर न देखें और नकारात्मक लोगों के साथ न रहें। प्रोत्साहन से लोग प्रेरित होते हैं, पर बहुत से लोग इसके अपवाद भी होते हैं। हमें पहले से मालूम था कि हम कहां हैं? बी प्लस प्लस ग्रेड हमें भविष्य में आगे बढ़ने का मार्ग प्रशस्त करेगा। उन्होंने कहा कि कुलपति 3 वर्षों के लिए आते- जाते रहते हैं, परंतु यहां के लोग हमेशा के लिए होते हैं।
सब लोगों ने विश्वविद्यालय के लिए काम किया और समय दिया, जिसके लिए धन्यवाद। उन्होंने बताया कि मैं 2009 से ही नैक मूल्यांकन में हूं। हमें विभाग के शोध- कार्यों, एक्सटेंशन एक्टिविटीज, इनोवेशन, न्यू आइडियास, आउटपुट, स्टूडेंट प्रोग्रेशन तथा आधारभूत संरचना आदि को बढ़ाने की जरूरत है। वाणिज्य के पूर्व संकायाध्यक्ष प्रो बीबी एल दास ने विश्वविद्यालय के ग्रेड को प्रतिष्ठा जनक स्थान दिलाने वाला बताते हुए कहा कि हमें गौरव का अनुभव हो रहा है। नैक मूल्यांकन एक जटिल प्रक्रिया है जो 2015 की अपेक्षा काफी बदल गई है। वैसे अपेक्षाएं अधिक होती है, पर 2.78 स्कोर काफी होता है। इससे हमें आगे और गुणवत्ता में सुधारने का मौका मिलेगा। आइक्यूएसी निदेशक डा मो ज्या हैदर ने कहा कि कुलपति प्रोफेसर सुरेन्द्र प्रताप सिंह के मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में हमलोगों ने जो नैक का काम किया, बी प्लस प्लस ग्रेड हासिल करके बिहार के पारंपरिक विश्वविद्यालय में सर्वश्रेष्ठ हो गए हैं। उसमें विश्वविद्यालय की सभी व्यक्तियों ने पूरी तरह सहयोग किया और ससमय डाटा एवं सूचनाएं दीं। नैक हेतु बनी समितियां सुबह 10 से संध्या 8 बजे तक काम करती थीं।
यदि विश्वविद्यालय परिवार तैयार हो तो हमलोग तीन वर्षों के भीतर ही पुनः नैक मूल्यांकन में जा सकते हैं। स्वागत संबोधन में प्रभारी कुलसचिव डा कामेश्वर पासवान ने कहा कि कुलपति के मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में हमारा विश्वविद्यालय बी प्लस प्लस ग्रेड लेकर बिहार के परंपरागत विश्वविद्यालयों में प्रथम स्थान पाया है। यह ग्रेड काफी सम्माननीय है। प्रो अशोक कुमार मेहता के कुशल संचालन में आयोजित धन्यवाद समारोह में धन्यवाद ज्ञापन करते हुए कुलानुशासक प्रो अजयनाथ झा ने नैक ग्रेड का श्रेय कुलपति को देते हुए कहा कि इसे प्राप्त करने में सभी लोगों ने बेहतर प्रदर्शन किया। इस अवसर पर कुलपति का पाग, चादर तथा माला से सम्मानित किया गया, जबकि राजनीति विज्ञान विभाग के द्वारा भी पाग, चादर तथा बुके से, वाणिज्य के संकायाध्यक्ष, वनस्पति विज्ञान तथा गणित विभागाध्यक्ष द्वारा भी बुके से कुलपति का स्वागत किया गया।
December 07, 2023

07.12.2023 (दरभंगा) : जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, दरभंगा श्री विनोद कुमार तिवारी की अध्यक्षता में न्यायिक पदाधिकारियों के साथ राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर समीक्षा बैठक की गयी। बैठक में सभी पदाधिकारियों से कहा गया कि लोक अदालत में अधिक से अधिक मामलों का निपटारा करने के लिए सभी पदाधिकारी भरपूर सहयोग करेंगे। उन्होंने कहा कि सभी बेंचों पर पिछले लोक अदालत की तुलना में 25 प्रतिशत अधिक मामलों का निष्पादन होना चाहिए। जरूरत पड़े तो पक्षकारों को आपस में सुलह समझौता करने में सहयोग भी करें। अवर न्यायाधीश सह जिला विधिक सेवा प्राधिकार सचिव रंजन देव ने कहा कि शनिवार को आयोजित होने वाले राष्ट्रीय लोक अदालत की तैयारी पूरी कर ली गयी है। बेंचों का स्थान चयन कर लिया गया है, लोगों की जानकारी के लिए न्यायालय परिसर के सूचना पट्ट पर सूची चिपकाया गया है। उन्होंने कहा कि दो पूछताछ केंद्र भी बनाये गए हैं, जहाँ पारा विधिक स्वयंसेवक पक्षकारों को लोक अदालत संबंधी जानकारी उपलब्ध करायेंगे। बैठक में व्यवहार न्यायालय दरभंगा के सभी न्यायिक पदाधिकारी उपस्थित थे।
December 07, 2023

07.12.2023 (दरभंगा) : जिला खेल पदाधिकारी परिमल ने बताया कि भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना "खेलो इण्डिया" के तहत दरभंगा में फुटबॉल विधा हेतु स्मॉल सेन्टर की स्वीकृति मिली है, जिसके लिए लहेरियासराय के नेहरू स्टेडियम को स्थल के रूप में चिन्हित किया गया है। उन्होंने कहा कि नामांकन हेतु जन्मतिथि 01 जनवरी 2024 को 8 वर्ष एवं अधिकतम 14 वर्ष होनी चाहिए तथा जन्म प्रमाण पत्र नगर निगम/मान्यता प्राप्त बोर्ड के विद्यालय प्रधान/विधिक संस्थान द्वारा निर्गत होना चाहिए। उन्होंने कहा कि उक्त केन्द्र में अण्डर - 14 आयु वर्ग के 30 छात्र-छात्रा गैर-आवासीय प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे, इसके लिए बिहार राज खेल प्राधिकरण द्वारा प्रशिक्षक प्रतिनियुक्ति कर ली गई है। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षक तरुण प्रकाश के देख-रेख में 12 दिसम्बर को पूर्वाह्न 11:00 बजे नेहरू स्टेडियम में प्रशिक्षण का चयन रखा गया है, जिसमें अण्डर-14 आयुवर्ग के सभी बालक/बालिका भाग ले सकते हैं। उन्होंने कहा कि उक्त सेन्टर का विधिवत उद्घाटन 14 दिसम्बर 2023 को किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य राज्य में पंचायत स्तर पर छिपी खेल प्रतिभागियों की पहचान कर उन्हें राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्धि प्राप्त करने हेतु गैर-आवासीय योजना प्रारंभ की गई है इसमें चयनित खिलाड़ी प्रशिक्षण के निर्धारित समय पर प्रशिक्षण स्थल पर उपस्थित होकर प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे एवं प्रशिक्ष प्रशिक्षणोंपरांत अपने निवास स्थल पर चले जाएंगे।