May 26, 2022

26.05.2022 (दरभंगा) : बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर सभागार में उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया की अध्यक्षता में जल-जीवन-हरियाली अभियान के 11 अनुषंगी योजनाओं के संबंधित 15 विभाग के पदाधिकारियों, जीविका दीदियों एवं गणमान्य व्यक्तियों के साथ 25 अप्रैल 2022 को मुख्यमंत्री आवास से प्रारंभ बिहार संवाद यात्रा के नेतृत्वकर्ता सह जल प्रहरी मनोहर मानव, जल योद्धा नंदलाल सिंह सामाजिक कार्यकर्ता एवं सहयात्री गीता भारती, दीपक कुमार, सरोज वर्मा, विनय तिवारी, प्रोफेसर अजय वर्मा, रंजना सिन्हा, राजेंद्र पर्यावरण तथा रिंकू जी के द्वारा बहुपक्षीय संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया ने जल-जीवन-हरियाली अभियान के तहत किए जा रहे जल संचयन, जल सुरक्षा और जल संरचनाओं को बचाने के लिए निरंतर किए जा रहे कार्य से अवगत कराते हुए बताया कि जिले में 822 अतिक्रमित सार्वजनिक जल संरचनाओं में से 776 को अतिक्रमण मुक्त कराया गया है और मई माह के अंत तक शत प्रतिशत जल संरचनाओं को अतिक्रमण मुक्त करा लिया जाएगा।
चिन्हित सार्वजनिक तालाबों का तेजी से जीर्णोद्धार किया जा रहा है अभी तक 243 तालाबों का जीर्णोद्धार कराया जा चुका है और 51 पर जीर्णोद्धार कार्य जारी है। जिले के 91 आहार व 108 पाइन का जीर्णोद्धार कराया जा चुका है। बिहार सरकार द्वारा जल-जीवन-हरियाली एप्प बनाया गया है। जिस पर सभी जल संरचनाओं का जियो टैग फोटो लोकेशन के साथ उपलब्ध है। उन्होंने कहा कि जाले पश्चिमी के गौतम कुंड, गौड़ाबौराम के गौड़ा मानसिंह में आदर्श तालाब बनवाया गया है, जो पूरे सुबे में प्रतिदर्श का काम कर रहा है। इन तालाबों के किनारे छठ घाट का निर्माण करवाया गया है, चारों ओर वृक्षारोपण करवाया गया है तथा बैठने की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि वाटर रिचार्ज करने हेतु सार्वजनिक चापाकल एवं सार्वजनिक कुआं के समीप सोख्ता का निर्माण करवाया जा रहा है। अभी तक 756 चापाकल के समीप सोख्ता बनवाया जा चुका है तथा 445 पर कार्य चल रहा है।
प्रति पंचायत 10-10 सोख्ता का निर्माण करवाने का लक्ष्य डीएम द्वारा दिया गया है। छत वर्षा जल संचयन के अंतर्गत शिक्षा विभाग के 138, ग्रामीण विकास विभाग के 97, स्वास्थ्य विभाग के 07 भवनों पर निर्माण करवाया गया है। सभी विद्यालयों भवनों में छत वर्षा जल संचयन प्लांट बनवाने की योजना है। सघन वृक्षारोपण के अंतर्गत जुलाई से अगस्त माह तक वृक्षारोपण करवाया जाएगा, जिले में सौर ऊर्जा को बढ़ावा दिया जा रहा है। बिहार में पहला तैरता हुआ सौर ऊर्जा (ऊपर बिजली नीचे मछली) की स्थापना दरभंगा जिला में किया गया है। इस सौर ऊर्जा से 1500 घरों को बिजली आपूर्ति करने में बिजली विभाग को सहयोग मिल रहा है। इसके अतिरिक्त दरभंगा के 03 तालाब में सौर ऊर्जा प्लांट लगाने का प्रस्ताव भेजा गया है। "स्वच्छ गांव समृद्ध गांव" के अंतर्गत जून महीने से सभी वार्डों में 10-10 स्ट्रीट सोलर लाईट लगवाया जाएगा। दरभंगा में 4268 वार्डो में 45 हजार 770 सोलर स्ट्रीट लाइट लगाया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रत्येक महीने के प्रथम मंगलवार को जल-जीवन-हरियाली दिवस मनाया जाता है तथा इस दिन जल-जीवन-हरियाली विषय पर चर्चा की जाती है। जिला पंचायती राज पदाधिकारी आलोक राज ने बताया कि दरभंगा ग्रामीण क्षेत्र के 147 कुआं का जीर्णोद्धार ग्राम पंचायतों द्वारा करवाया गया है।
इसके अतिरिक्त पीएचईडी के द्वारा 324 एवं नगर निकाय के द्वारा 40 कुआं का जीर्णोद्धार कराया गया है, इनमें 1867 ई0 का एक पुराना कुआं भी शामिल है। जल प्रहरी मनोहर मानव द्वारा जलवायु एवं पर्यावरण की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए इसके बचाव के लिए व्यापक जनजागरूकता करने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता ने बताया कि वर्ष 2019 में आए जल संकट एवं हीट वेब की घटना से चिंतित होकर माननीय मुख्यमंत्री बिहार श्री नीतीश कुमार द्वारा विधानमंडल की संयुक्त बैठक बुलाकर इस विषय पर गहन चर्चा की गयी। तदोपरांत जल-जीवन-हरियाली अभियान की शुरुआत की गई इस अभियान के तहत भू-गर्भ जल स्तर को बढ़ाने, बादल को आकर्षित कर वर्षा करवाने, जलवायु एवं पर्यावरण को स्वच्छ रखने हेतु 11 अनुषंगी योजना बनाए गए,जिस पर तेजी से कार्य चल रहा है। कोई भी अभियान बिना जन सहयोग के सफल नहीं होता है, इसीलिए जन जागरूकता आवश्यक है। इसके लिए आदर्श लोक कल्याण संस्थान एवं इंडियन हिमालयन रिवर बेसिन काउंसिल के तत्वाधान में निकाली गयी। बिहार संवाद यात्रा के नेतृत्वकर्ता जल प्रहरी मनोहर मानव जी एवं समस्त सहयात्री बधाई के पात्र हैं। इस अवसर पर डीपीओ मनरेगा, डीपीओ शिक्षा, एसीएमओ स्वास्थ्य, सभी प्रखंड के कार्यक्रम पदाधिकारी मनरेगा, कार्यपालक अभियंता पीएचईडी, कार्यपालक अभियंता लघु सिंचाई एवं संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।
May 26, 2022

25.05.2022 (दरभंगा) : मंडल कारा में विचाराधीन बंदियों को हुनरमंद बनाये जाते है और उन्हें शिक्षित बनाने का प्रयास किया जाता है। उक्त बातें जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सह अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश जावेद आलम ने बुधवार को दरभंगा मंडल कारा में निरीक्षण के पश्चात कही। उन्होंने कहा कि विचाराधीन बंदियों के लिए जिला विधिक सेवा प्राधिकार निः शुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराता है। निरीक्षण के क्रम में कारा कर्मी को आवश्यक निर्देश दिया। कारा में बंद कैदियों का हालचाल जाना। कारा के अंदर बने तरुण वार्ड का निरीक्षण किया। वहां उन्होंने विचाराधीन बंदियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार से मिलने वाले लाभ से अवगत कराया। तरुण वार्ड में बंद बंदियों के उम्र से संबंधित जानकारी ली। उन्होंने बंदियों को मिलने वाली भोजन के संबंध में जानकारी ली तथा उन्हें आवश्यक निर्देश दिए। विचाराधीन बंदियों की समस्यों के निदान के लिए पैनल अधिवकता को आवयश्क निर्देश दिया। कारा में पुरुष और महिला वार्ड में जाकर विचाराधीन कैदियों के रहन- सहन, खान पान आदि का जानकारी लिया तथा कारा के अंदर अस्पताल में मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने जेल के अंदर पारा लीगल वोलेंटियर को आवयश्क दिशा निर्देश दिए। जिला विधिक सेवा प्राधिकार के पैनल अधिवक्ता विष्णु कान्त चौधरी ने बताया कि कारा में बंद आर्थिक रूप से कमजोर विचाराधीन बंदियों को जिला विधिक सेवा प्राधिकार की ओर से निःशुल्क अधिवक्ता उपलब्ध कराए जाते है जिससे उन्हें न्याय मिलने में कोई दिक्कत ना हो। श्री चौधरी ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकार गरीब और असहाय लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने के लिए तत्पर है। मौके पर काराधीक्षक संदीप कुमार, जेलर मदन कुमार सिन्हा, अधिवक्ता मंजू कुमारी, करण कपूर, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के कर्मी मुन्ना कुमार, मोहम्मद इम्मामुद्दीन सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
May 26, 2022

25.05.2022 (दरभंगा) : निदेशालय, नियोजन एवं प्रशिक्षण (नियोजन), बिहार, पटना के सहयोग से अवर प्रादेशिक नियोजनालय, दरभंगा के माध्यम से सरकारी आई.टी.आई, कैम्पस, रामनगर, लहेरियासराय, दरभंगा में आयोजित दो दिवसीय नियोजन-सह-मार्गदर्शन मेला का उद्घाटन मंत्री, श्रम संसाधन विभाग, बिहार सरकार जीवेश कुमार द्वारा किया गया। इस अवसर पर सांसद, गोपाल जी ठाकुर, मंत्री उद्योग विभाग, बिहार सरकार सैयद शाहनवाज हुसैन, विधायक रामचन्द्र प्रसाद, विधान पार्षद श्री अर्जुन सहनी उपस्थित थे। उक्त अवसर पर श्रम संसाधन मंत्री ने कहा कि आई.टी.आई को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में कन्वर्ट किया जाएगा, साथ ही दरभंगा में टूल्स रूम बनवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उद्योग विभाग और श्रम संसाधन विभाग एक दूसरे का पूरक है, इसलिए उद्योग एवं श्रम संसाधन विभाग को एक साथ मिलकर काम करना है।
उन्होंने कहा कि जल्द ही जिले में आई.टी. पार्क बनकर तैयार हो जाएगा। उक्त दो दिवसीय प्रमण्डल स्तरीय नियोजन-सह-मार्गदर्शन मेला में 24 नियोजनकर्त्ता ने भाग लिया। दो दिवसीय नियोजन-सह-मार्गदर्शन मेला के प्रथम दिन 05 हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने भाग लिया तथा 2,425 अभ्यर्थियों द्वारा अपना बायोडाटा समर्पित किया गया, जिसमें 667 अभ्यर्थियों का चयन किया गया। गौरतलब है कि उक्त दो दिवसीय प्रमण्डल स्तरीय नियोजन-सह-मार्गदर्शन मेला में सभी प्रकार के शिक्षित बेरोजगारों को रोजगार/प्रशिक्षण का अवसर उपलब्ध कराया जाएगा। इस नियोजन मेला में स्थानीय नियोजकों के साथ-साथ जिले/राज्य के बाहर के नियोजकों को भी रोजगार देने हेतु आमंत्रित किया गया है। उक्त नियोजन मेला में भाग लेने हेतु सभी अभ्यार्थी अपना-अपना शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, फोटो, नियोजनालय का निबंधन कार्ड एवं अन्य प्रमाण-पत्र के साथ अपना बायोडाटा अवश्य लेकर आएंगे, नियोजन मेला में प्रवेश नि:शुल्क है।
May 26, 2022

25.05.2022 (दरभंगा) : समाहरणालय स्थित सभागार में उद्योग विभाग, बिहार सरकार के मंत्री सैयद शाहनवाज हुसैन की अध्यक्षता में उद्योग विभाग की योजनाओं की प्रगति एवं दरभंगा में उद्योग स्थापित करने को लेकर बैठक आयोजित की गयी। बैठक में सांसद गोपाल जी ठाकुर, समाज कल्याण विभाग, बिहार सरकार के मंत्री मदन सहनी, हायाघाट के विधायक रामचंद्र प्रसाद एवं विधान पार्षद अर्जुन सहनी उपस्थित थे। डीएम राजीव रौशन के निर्देश पर उद्योग विस्तार पदाधिकारी नंदकिशोर यादव द्वारा पावर पॉइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बताया कि दरभंगा जिला में एक करोड़ 57 लाख रुपये की लागत से जिला उद्योग केंद्र भवन का निर्माण कराया गया है। मौलागंज में टेराकोटा क्लस्टर को सहायता प्रदान करने हेतु 40 लाख रुपये की लागत से सामान्य सुविधा केंद्र भवन बनाया गया, इसके साथ ही टूल्स एवं ट्रेनिंग सेंटर का भवन बन रहा है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत दरभंगा जिले में वर्ष 2020-21 में निर्धारित लक्ष्य 100 लाभुकों को ऋण उपलब्ध कराने के विरूद्ध 104 लाभुकों को 310.04 लाख रुपये उपलब्ध कराया गया। वर्ष 2021-22 में निर्धारित लक्ष्य 100 के विरुद्ध 134 युवकों को ऋण उपलब्ध कराया गया। वर्ष 2022-23 के लिए निर्धारित लक्ष्य 250 है। मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना के अंतर्गत बिहार में दरभंगा जिला ने सर्वश्रेष्ठ काम किया है। यहां लक्ष्य से अधिक लोगों को ऋण उपलब्ध कराया गया है। इसके लिए यहां के बैंकर्स भी बधाई के पात्र हैं। मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के अंतर्गत चारों अनुषंगी योजना मुख्यमंत्री अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति उद्यमी योजना, मुख्यमंत्री अति पिछड़ा वर्ग उद्यमी योजना, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना एवं मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना के अंतर्गत 594 लाभुकों का चयन किया गया है। जिनमें से 80 अभ्यर्थियों का प्रशिक्षण आर-सेटी द्वारा कराया गया है।प्रशिक्षण के उपरांत उन्हें 10 लाख रुपये की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराई जाएगी, जिसमें 05 लाख रुपये का ऋण एवं 05 लाख रुपये का अनुदान शामिल है। उन्होंने निर्देशित किया कि इस योजना के लाभुकों को शीघ्र प्रशिक्षण कार्य कराया जाए।
जिला उद्योग विस्तार पदाधिकारी ने कई लाभुकों के संबंध में बताया कि मुख्यमंत्री उद्यमी योजना से सहायता प्राप्त कर वे सफलता पूर्वक अपने उद्योग का संचालन कर रहे हैं। इनमें फेवर ब्लॉक इकाई स्थापित करने वाले विश्वनाथ कुमार, अहियापुर, बेनीपुर के लकड़ी का फर्नीचर उद्योग स्थापित करने वाले नथुनी दास, मशाला उद्योग स्थापित करने वाले राजाराम, आइसक्रीम उद्योग स्थापित करने वाले अनिल कुमार कामती शामिल हैं। उद्योग मंत्री ने बताया कि दरभंगा में मिथिला हाट बनेगा इसके लिए एक उपयुक्त स्थल का चयन कर लिया जाए। महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र मो. अंजारुल हसन ने बताया कि इसके लिए सारा मोहनपुर अवस्थित तलाब का चयन किया गया है। मंत्री ने कहा कि तालाब का सौंदर्यीकरण कराया जाएगा। इसमें फव्वारा लगवाया जाएगा। तालाब के चारों तरफ दुकाने बनवाए जाएंगे तथा वहां सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आयोजन किया जाएगा। उद्योग विस्तार पदाधिकारी ने बताया कि कोरोना काल में अन्य राज्यों से आने वाले कुशल मजदूर के लिए जिला औद्योगिक नवप्रवर्तन योजना चलाया गया था।
जिसके अंतर्गत दरभंगा में पांच कलस्टर बनाया गया है। जिनमें दो मखाना, एक फेवर ब्लॉक, एक रेडीमेड वस्त्र एवं एक मिथिला पेंटिंग क्लस्टर कार्यरत है। उद्योग मंत्री ने कहा कि दरभंगा में मखाना का एक बड़ा कलस्टर बनाया जाएगा, इसके लिए उद्योग विभाग 02 करोड़ रुपये आवंटित करने जा रही है। सांसद ने कहा कि माननीय प्रधानमंत्री द्वारा डीएम दरभंगा को 'एक जिला एक उत्पाद' के अंतर्गत मखाना उत्पादन को बेहतर ढंग से पोषित करने हेतु सम्मानित किया जा चुका है। इसलिए उद्योग विभाग को इस पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है। डीएम ने मंत्री का ध्यान आकृष्ट करते हुए बताया कि मखाना को उद्योग मंत्रालय से अलग कोड आबंटित करने की जरूरत है। उद्योग मंत्री ने कहा कि दरभंगा हवाई अड्डा बन जाने से दरभंगा में टेक्सटाइल उद्योग का हब बनने जा रहा है। उन्होंने कहा कि अनेक उद्यमी इसके लिए संपर्क कर रहे हैं यहां जूस, मखाना, खाद्य प्रसंस्करण एवं वस्त्र उद्योग की असीम संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि इसके लिए जमीन की तलाश की जा रही है। इथेनॉल उद्योग की शुरुआत पूर्णिया एवं मुजफ्फरपुर में की गई है इसके उपरांत अब भागलपुर और दरभंगा की बारी है।
बैठक में उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।उद्योग मंत्री द्वारा नव निर्मित जिला उद्योग केंद्र भवन का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर समाज कल्याण मंत्री मदन साहनी, विधान पार्षद अर्जुन सहनी एवं हायाघाट के विधायक रामचंद्र प्रसाद उपस्थित थे। इसके उपरांत दरभंगा के डीएमसीएच में आयोजित संवाद कार्यक्रम में उद्योग मंत्री ने मुख्यमंत्री उद्यमी योजना के चयनित उद्यमियों से संवाद किये। इस अवसर पर दरभंगा के सांसद गोपाल जी ठाकुर, श्रम संसाधन व सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री जीवेश कुमार एवं विधान पार्षद अर्जुन सहनी उपस्थित थे। उद्योग विभाग के विशेष सचिव आलोक कुमार एवं महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र अंजार उल हसन उक्त सभी अवसर पर उपस्थित रहे।
May 26, 2022

24.05.2022 (दरभंगा) : रेल संबंधी स्थायी समिति एवं रेल मंत्रालय की परामर्शदात्री समिति सदस्य सह दरभंगा सांसद डॉ गोपाल जी ठाकुर ने लहेरियासराय स्टेशन परिसर में रेल अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए बन रहे रेलवे क्वार्टर का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में उजला रेत से निर्माण कार्य होते देख बिफरे सांसद। सांसद के निरीक्षण के दौरान निर्माण स्थल पर रेलवे इंजीनियर, संवेदक और सुपरवाइजर सभी अनुपस्थित पाए गए। उक्त बात की जानकारी देते हुए सांसद ने कहा की रेल मंत्रालय द्वारा लगभग दस करोड़ की लागत से इस क्वार्टर का निर्माण हो रहा है। उन्होंने ने कहा कि प्रथमदृष्टया यह निर्माण कार्य काफी घटिया दिख रहा है। यहां उजला रेत से ईंट जोड़ने एवं ढलाई का काम किया जा रहा है, जो गलत है। मीडिया को संबोधित करते हुए सांसद ने इंजीनियर और संवेदक को सख्त लहजे में हिदायत दिया की यह नरेंद्र मोदी जी की सरकार है, यहां भ्रष्टाचारियों के लिए कोई जगह नही है। उन्होंने कहा की इस विषय पर वह रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव जी से मिलकर उच्चस्तरीय जांच की मांग और दोषी अधिकारी एवं संवेदक पर सख्त कारवाई की मांग करेंगे। सांसद ने कहा कि सुरक्षा दृष्टिकोण से यह निर्माण भविष्य में काफी घातक सिद्ध हो सकता है।
मोदी सरकार में कोई सपने में भी भ्रष्टाचार की बात ना सोचे। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी जी के स्लोगन ना खाऊंगा ना खाने दूंगा को दोहराते हुए कहा की सभी संवेदक और इंजीनियर इस बात अच्छी तरह समझ ले और सुरक्षा मानक और एस्टीमेट के अनुसार कार्य सुनिश्चित करें। निरीक्षण के दौरान सांसद ने डीडीसी दरभंगा से दूरभाष पर बात कर राज्य सरकार के इंजीनियर को निर्माण स्थल पर भेजने को कहा। जिसके पश्चात कार्यपालक अभियंता भवन निर्माण भी कार्यस्थल पर पहुंचकर सभी चीजों का बारीकी से जांच किए। जांच के पश्चात कार्यपालक अभियंता ने कहा कि किसी भी हालत में उजला रेत से कोई भी निर्माण कार्य नहीं हो सकता है। उन्होंने वहां ईंट जोड़ने के लिए मिलाए गए रेत और सीमेंट तथा कंक्रीट का भी जांच किए। जांच के क्रम में उन्होंने पाया कि सभी निर्माण सुरक्षा मानक से काफी घटिया है। सांसद ने निर्माण स्थल से पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक अनुपम शर्मा, चीफ इंजीनियर अखिलेश कुमार, डीआरएम समस्तीपुर आलोक अग्रवाल सहित सभी वरिष्ठ अधिकारी से दूरभाष पर बात कर इस घटिया निर्माण को तत्काल रोकने एवं इसका उच्चस्तरीय जांच करते हुए दोषियों पर कारवाई करने को कहा। निरीक्षण के दौरान सांसद के साथ कार्यपालक अभियंता भवन निर्माण, कृष्ण भगवान झा, प्रेम कुमार मिश्रा, उमेश चौधरी, अभिषेक कर्ण, लालकांत झा, नवीन चौधरी, रामकुमार ठाकुर सहित कई लोग उपस्थित रहें।