February 15, 2023

13.02.2023 (दरभंगा) : समाहरणालय स्थितर सभागार में डीएम राजीव रौशन की अध्यक्षता में जिला समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गयी। बैठक में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, समेकित बाल विकास परियोजना डॉ रश्मि वर्मा ने बताया कि उनके एक हजार आंगनबाड़ी केंद्र के लिए भवन निर्माण कराया जाना है, अब तक 26 आंगनवाड़ी केंद्र के लिए चिन्हित जमीन का अनापत्ति प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया है। 105 विद्यालयों में भूमि चिन्हित की गई है जिनका अनापत्ति प्रमाण पत्र संबंधित प्रधानाध्यापक से अप्राप्त है।
डीएम ने जिला शिक्षा पदाधिकारी को अपने स्तर से समन्वय स्थापित कर सभी संबंधित प्रधानाध्यापक से एक सप्ताह के अंदर अनापत्ति प्रमाण पत्र दिलवाने का निर्देश दिया। बैठक में बीएमएसआईसीएल के प्रतिनिधि ने बताया कि जिले में 9 पंचायतों में उप स्वास्थ्य केंद्र बनाया जाना है जिसके लिए 30 मीटर गुणा 25 मीटर आकार की भूमि की आवश्यकता हैं। जिनमें कुशेश्वरस्थान पूर्वी का कोला पंचायत, अलीनगर का लाहठा, तारडीह का लग्मा, दरभंगा सदर का शीशो पूर्वी, बहादुरपुर का रसलपुर,केवटी का दरिमा और माधोपुर रदौली, जाले का रवेड़ा,केवटी का लालगंज,गौड़ाबौराम का गौरामानसिंह पंचायत शामिल हैं। डीएम ने सभी संबंधित अंचलाधिकारी को एक सप्ताह के अंदर वांछित जमीन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि चयनित पंचायत में जमीन उपलब्ध नहीं है तो उस पंचायत के समीप के पंचायत में जमीन उपलब्ध कराई जा सकती है।
बैठक में जिला योजना पदाधिकारी नवीन कुमार ने बताया कि स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण विभाग की योजनाओं के लिए दरभंगा सदर में 24, बहादुरपुर में 24, मनिगाछी में 11, जाले में 08, सिंहवाड़ा में 04, हनुमाननगर और हायाघाट में 02-02 योजनाओं के लिए चिन्हित जमीन उपलब्ध कराने की मांग संबंधित अंचलाधिकारी से की गई,जो अप्राप्त है। कई अंचलाधिकारी ने रैयती भूमि होने की जानकारी दी। डीएम ने सभी संबंधित जिलाधिकारी को रैयती भूमि छोड़कर शेष योजनाओं के लिए उपलब्ध सरकारी जमीन शीघ्र उपलब्ध करा देने के निर्देश दिए। पुल निर्माण निगम द्वारा महराजी पुल को तोड़कर नया पुल निर्माण करने से पूर्व वैकल्पिक रास्ता की व्यवस्था करने हेतु, नगर आयुक्त की अध्यक्षता में एक कमेटी बनाई गई, जिसमें अंचलाधिकारी सदर एवं पुल निर्माण निगम के कार्यपालक अभियंता को भी सदस्य बनाया गया है।
जल संसाधन विभाग द्वारा हाउसिंग बोर्ड से चट्टी चौक के बीच निर्माणाधीन नाला के अतिक्रमण को शीघ्र खाली कराने हेतु अंचलाधिकारी बहादुरपुर को सख्त निर्देश दिया गया। पशुपालन विभाग द्वारा बहादुरपुर के कपचाही में कार्यालय भवन के लिए 120 फीट गुणा 120 फीट आकार जमीन की आवश्यकता बतलाई गई, अंचलाधिकारी बहादुरपुर को जमीन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। जनता दरबार में प्राप्त परिवादों का निष्पादन संबंधित विभागों को ससमय करते रहने का निर्देश दिया गया। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के संबंध में जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी श्रीमती नेहा नूपुर ने बताया कि जिला में 63 हजार 835 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 43 हजार 406 आवेदन का निष्पादन किया जा चुका है।
शेष आवेदन संबंधित प्रखंडों में सत्यापित करने हेतु लंबित है जिनमें बहेड़ी, बेनीपुर, बहादुरपुर, सदर, हनुमाननगर में लंबित आवेदनों की संख्या अधिक है। डीएम ने युद्ध स्तर पर इन लंबित आवेदनों का निष्पादन करने का निर्देश संबंधित पदाधिकारी को दिया। ग्रामीण विकास विभाग द्वारा अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाई के लिए संबंधित अंचलाधिकारी द्वारा जमीन उपलब्ध कराने में विलंब करने की जानकारी दी गई। डीएम ने संबंधित अंचलाधिकारीयों को उनके अंचल के चिन्हित पंचायतों में डब्लूपीयू बनवाने हेतु जमीन अतिशीघ्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। जिला प्रोग्राम पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि वन स्टॉप सेंटर के लिए जमीन की आवश्यकता है, अंचलाधिकारी बहादुरपुर को जमीन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
बैठक में पदाधिकारियों को ई-ऑफिस के माध्यम से अपनी संचिका एवं पत्र का निष्पादन करने के निर्देश दिए गए। बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी सदर श्री स्पर्श गुप्ता, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, अनुमंडल पदाधिकारी बेनीपुर शंभू नाथ झा, जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी राजीव कुमार झा,परियोजना निदेशक (आत्मा) पूर्णेन्दु नाथ झा, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा नेहा कुमारी एवं संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।
February 11, 2023

10.02.2023 (दरभंगा) : डीएम राजीव रौशन की अध्यक्षता में भूमि-विवाद से संबंधित मामले एवं मद्यनिषेध अभियान को लेकर बैठक आयोजित की गई। बैठक में डीएम ने सभी अंचलाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को भूमि-विवाद से संबंधित मामलों के निष्पादन में तेजी लाने का निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जितने भी कर्मचारी हैं उनका कार्यालय कहां चलता है, इसकी सूचना उनके मोबाइल नंबर के साथ जन संपर्क विभाग के माध्यम से प्रकाशित करायी जाए ताकि, भूमि का अभिलेख कहाँ रखा जाता है, यह पता चल सके।
उन्होंने कहा कि यदि किसी भी कर्मचारी के द्वारा नाजायज मुंशी रखने की जानकारी मिलेगी तो उनके विरूद्ध बर्खास्तगी तक की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि कुछ लोग जान बूझकर निजी लाभ के लिए जमीनी विवाद उत्पन्न करते रहते हैं और उसमें कहीं न कहीं तथाकथित नाजायज मुंशी का भी योगदान रहता है। मद्यनिषेध अभियान की समीक्षा के दौरान उन्होंने सभी थानाध्यक्ष को होली पर्व के मद्देनजर विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन अवसरों पर वैकल्पिक नशा यथा- गांजा, भांग, अफीम,नशीली दवा का भी प्रयोग किया जाता है। इन तथ्यों पर भी नजर रखी जाए इसके लिए पंचायती राज संस्थान की भी मदद ली जा सकती है।
यदि कहीं से शराब रखने या बनाने की कोई सूचना मिलती है तो, उस पर कार्रवाई होनी चाहिए, नहीं तो सूचना देने वाले हतोत्साहित होते हैं और अगली बार से सूचना देना आवश्यक नहीं समझेंगे, इसके साथ ही सूचना देनेवाले का नाम बिल्कुल गुप्त रखा जाए। उन्होंने कहा कि जप्त शराब की विनिष्टिकरण में विलंब नहीं किया जाना चाहिए, विनिष्टिकरण का आदेश जिला से तीन से चार दिनों के अंदर दे दी जाती है। उन्होंने सभी अंचलाधिकारी एवं थानाध्यक्ष को अपने कर्मियों/चौकीदारों का भी प्रोफाइल खंगालने के निर्देश दिए और कहा कि हो सकता है कि वे खुद लिप्त नहीं हो लेकिन उनके सगे संबंधी नशे के कारोबार में लिप्त हो ऐसे कर्मियों की जानकारी मिलने पर उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाए। उन्होंने उत्पाद अधीक्षक को नियमित छापेमारी करते रहने के निर्देश दिए। बैठक में अपर समाहर्ता-सह-अपर जिला दंडाधिकारी राजेश झा राजा, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, उत्पाद अधीक्षक ओम प्रकाश एवं संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।
February 11, 2023

09.02.2023 (दरभंगा) : समाहरणालय स्थित सभागार में डीएम राजीव रौशन की अध्यक्षता में तकनीकी पदाधिकारियों के कार्यों की प्रगति की समीक्षा बैठक आयोजित की गयी। बैठक में ग्रामीण कार्य प्रमंडल बिरौल, ग्रामीण कार्य प्रमंडल बेनीपुर, ग्रामीण कार्य प्रमंडल दरभंगा-1 एवं ग्रामीण कार्य प्रमंडल दरभंगा-2 द्वारा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत वर्ष 2017-18 से अब तक ली गई योजनाएं तथा उनमें से लंबित योजनाओं की स्थिति के संबंध में अवगत कराया गया।
मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना (सामान्य) के अंतर्गत वर्ष 2020-21 में तथा मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना (एससी) 2017-18 में ली गई योजनाओं में से लंबित योजना के संबंध में बारी-बारी से बताया गया। इसी प्रकार अनुरक्षण नीति के तहत ली गई लंबित सड़क, नाबार्ड योजना की लंबित सड़क, एनडीबी (ब्रिक्स) के तहत ली गई योजनाएं, नई अनुरक्षण नीति के तहत ली गई सड़क निर्माण की योजनाओं के संबंध में बारी-बारी से बताया गया। डीएम ने लंबित निर्माण कार्य को 31 मार्च तक हर हाल में पूर्ण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने ग्रामीण कार्य विभाग को निर्देश दिया कि जिन सड़कों का निर्माण कराया गया है और जिनका निर्माण पूर्ण होने की तिथि से पाँच वर्षों तक सड़क मरम्मति संबंधित संवेदक को ही कराना है, उन सड़कों की सूची सभी अंचलाधिकारी को उपलब्ध कराई जाए ताकि क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मति संबंधित संवेदक से करवायी जा सके।
इसके साथ ही पाँच वर्ष से अधिक वाली सड़कों की सूची भी उपलब्ध कराई जाए ताकि उनकी भी मरम्मति के लिए कार्रवाई की जा सके। स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन बेनीपुर एवं दरभंगा को एमपी लेड एवं एमएलए लेड की लंबित योजनाओं को पूरा कराने का निर्देश दिया गया। पथ निर्माण विभाग की समीक्षा के दौरान कार्यपालक अभियंता ने बताया कि कमतौल-भरवाड़ा सड़क के बीच कमतौल रेलवे स्टेशन के सामने की सड़क रेलवे द्वारा बनाई गई है, जिसका मेंटेनेंस नहीं किया जा रहा है, यह सड़क रेलवे की है इसलिए पथ निर्माण विभाग इसकी मरम्मति नहीं करवा सकता है। डीएम ने इस आशय का पत्र रेलवे को प्रेषित करने का निर्देश दिया है।
उल्लेखनीय है कि लगभग आधा किलोमीटर सड़क खराब रहने से लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। बैठक में लोक स्वास्थ्य प्रमंडल दरभंगा, लघु सिंचाई प्रमंडल दरभंगा, बिहार राज्य पुल निर्माण निगम, पश्चिमी कोसी नहर प्रमंडल एवं नगर विकास प्रमंडल की योजनाओं की समीक्षा की गई। भवन प्रमंडल ने बताया कि केवटी में अल्पसंख्यक छात्रावास निर्माण का कार्य पूर्ण हो गया है। मानु पोलेक्निक हायाघाट के बालक छात्रावास का निर्माण कार्य मई माह तक पूर्ण करा लिया जाएगा। 200 शैय्या वाला बालिका छात्रावास में फिनिसिंग का काम बाकी है, केवटी के असराहा में 560 शैय्या वाला बालिका छात्रावास का निर्माण कार्य पूर्ण हो गया है, बहुउद्देशीय भवन फरवरी माह के अंत तक तैयार हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि उनकी सभी योजनाओं में काम तेजी से चल रहा है।पॉलिटेक्निक छात्रावास भी जून माह तक तैयार हो जाएगा। बैठक में बताया गया कि दरभंगा शहरी पाइप जलापूर्ति योजना के लिए राशि आवंटित हो गई है, शीघ्र ही कार्य करा लेने की जानकारी दी गयी।बैठक में जिला खनन पदाधिकारी ने बताया कि पथ निर्माण विभाग एवं भवन निर्माण विभाग द्वारा नियमित रूप से रॉयलिटी का भुगतान किया जा रहा है शेष विभागों द्वारा आंशिक रूप से भुगतान किया जा रहा है। सभी तकनीकी विभाग को खनन विभाग का बकाया रॉयलिटी का भुगतान कर देने का निर्देश दिया गया। पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता ने बताया कि उनकी 14 सड़कें बनकर तैयार हो गई है।
डीएम ने कहा कि निर्माण कार्य के लिए फरवरी से मई तक का सबसे अच्छा माना जाता है, इसलिए सभी विभाग तेजी से कार्य करवावें तथा अपनी योजनाओं को पूर्ण करायें। बैठक में उप विकास आयुक्त श्रीमती अमृषा बैंस, सहायक समाहर्ता सूर्य प्रताप सिंह, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, जिला अल्पसंख्यक पदाधिकारी मो. रिजवान अहमद, प्रभारी पदाधिकारी सामान्य शाखा टोनी कुमारी एवं संबंधित पदाधिकारी गण उपस्थित थे।
February 11, 2023

08.02.2023 (दरभंगा) : वाणिज्य कर दरभंगा के कार्यालय में संयुक्त कर आयुक्त वाणिज्यकर दरभंगा की अध्यक्षता में जिला खनन पदाधिकारी दरभंगा एवं केंद्रीय जीएसटी के पदाधिकारी तथा ईट निर्माता संघ के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष एवं अन्य सदस्यों के साथ खनन विभाग की रॉयल्टी, जीएसटी एवं सीजीएसटी बकाया को लेकर बैठक आयोजित की गयी। इस संबंध में संयुक्त कर आयुक्त वाणिज्यकर दरभंगा देवेंद्र प्रसाद ने बताया कि दरभंगा जिले में 233 ईंट भट्ठा एवं चिमनी संचालित हैं, जिनमें से 133 द्वारा ही खनन विभाग को रॉयल्टी के साथ वाणिज्य कर को जीएसटी एवं सीजीएसटी जमा किया जा रहा है। लगभग 100 ईंट भट्ठा रॉयल्टी जमा नहीं कर रहे हैं न ही वाणिज्य कर में, जीएसटी तथा केंद्रीय जीएसटी जमा कर रहे हैं। उन्होंने आज दरभंगा ईट निर्माता संघ के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष के साथ बैठक कर इस तथ्य से उन्हें अवगत कराते हुए बकायेदारों की सूची सौंप दी। संयुक्त कर आयुक्त ने बताया कि वैसे ईट भट्ठा जिन्होंने अभी तक रॉयल्टी जमा नहीं किया है, के यहां खनन विभाग व वाणिज्य कर विभाग द्वारा प्रतिदन संयुक्त रूप से छापामारी की जा रही है और कार्रवाई की जा रही है।
January 31, 2023

30.01.2023 (दरभंगा) : माननीय उच्च न्यायालय द्वारा 2 पथों के निर्माण में कार्य में तेजी लाने के लिए दिए गए निर्देश के आलोक में दरभंगा एनआईसी से बिहार के विकास आयुक्त विवेक कुमार सिंह ने पथ निर्माण विभाग, बिहार सरकार के सचिव संदीप कुमार आर. पुडकलकट्टी, वन एवं पर्यावरण विभाग, बिहार सरकार के प्रधान सचिव दीपक कुमार सिंह, एनएचएआई के वरीय अधिकारी, सड़क निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधि, संबंधित कार्यपालक अभियंता तथा आमस-दरभंगा पथ से जुड़े जिला गया, जहानाबाद, पटना, वैशाली, समस्तीपुर एवं दरभंगा तथा बिहपुर- वीरपुर पथ से जुड़े जिला सुपौल एवं मधेपुरा के जिलाधिकारी के साथ ऑनलाइन बैठक कर कार्य की प्रगति की समीक्षा की।
भू अर्जन की समीक्षा में पाया गया कि गया जिले में 254 करोड़ों रुपए के विरूद्ध 177 करोड रुपए, जहानाबाद में 195 करोड रुपए के विरुद्ध 36 करोड़ रुपए पटना जिला में 123 करोड़ रुपए के विरुद्ध 25 करोड़ रुपए, समस्तीपुर में 221 करोड रुपए के विरुद्ध 171 करोड रुपए तथा दरभंगा जिला में 155 करोड़ रुपए के विरुद्ध 90 करोड़ रुपए का वितरण संबंधित रैयतों के बीच किया जा चुका है। आमस-दरभंगा पथ से जुड़े सभी जिलाधिकारी/ उप विकास आयुक्त ने अपने-अपने जिले की वर्तमान भू अर्जन की स्थिति से विकास आयुक्त को अवगत कराया।
दरभंगा से डीएम राजीव रौशन ने बताया कि दरभंगा जिले में लगभग 60% भू अर्जन की कार्रवाई की जा चुकी है तथा वन एवं पर्यावरण विभाग से प्रमाण पत्र भी प्राप्त कर उपलब्ध कराया जा चुका है। तथा शेष भू अर्जन की कार्रवाई तेजी से की जा रही है। विकास आयुक्त ने सभी संबंधित जिलाधिकारी को जल्द से जल्द भू अर्जन की कार्रवाई कर संबंधित भूमि एनएचएआई को उपलब्ध कराने तथा एनएचएआई को शीघ्र से शीघ्र कार्य प्रारंभ कराने के निर्देश दिए। वीहपुर- वीरपुर पथ की समीक्षा में पाया गया कि सुपौल जिले में 52 किलोमीटर एवं मधेपुरा जिले में 54 किलोमीटर कुल 106 किलोमीटर पथ का निर्माण 675 करोड़ रुपए की लागत से किया जा रहा है।सुपौल एवं मधेपुरा के जिलाधिकारी ने बारी-बारी से बताया कि उनके जिला में भू-अर्जन की कार्रवाई लगभग समाप्त हो चुकी है।
निर्माण एजेंसी आइएलएफएस के प्रतिनिधि ने बताया कि 100 किलोमीटर तक की सड़क का निर्माण 31 मार्च 2023 तक पूरा कर लिया जाएगा। 6 किलोमीटर जिनमें कुछ बाधाएं हैं वह 1 जुलाई 2023 तक पूर्ण हो जाएगा। बाधाओं में बताया गया कि सड़क में कुछ धार्मिक संस्थान अवस्थित हैं, जिन्हें अन्यत्र शिफ्ट करना होगा और कहीं-कहीं अतिक्रमण, बिजली के पोल एवं वृक्ष अवस्थित हैं। विकास आयुक्त ने कहा कि जब भू- अर्जन की कार्यवाही हो गई है तो हर हाल में निर्माण एजेंसी सभी योजना खंड में 15 दिन के अंदर कार्य प्रारंभ कर दें।
विकास आयुक्त ने निर्माण एजेंसी आइएलएफएस को कहा कि निर्धारित लक्ष्य के अनुसार सड़क निर्माण कार्य मे प्रति महीना 60 करोड़ रुपए व्यय होने चाहिए, जहां भी आरओबी, फ्लाईओवर, कलवर्ट बनाना है, वहाँ तुरंत कार्य प्रारंभ किया जाए और आवश्यकतानुसार निर्माण सामग्री, वांछित मशीन एवं मजदूर लगाए जाएं। इनमें यदि कहीं भी कमी की जाती है तो संबंधित जिलाधिकारी एवं पथ निर्माण विभाग इसकी समीक्षा करते रहें और प्रतिबंधित करें। बैठक की कार्यवाही सचिव पथ निर्माण विभाग द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ समाप्त की गयी।
इस अवसर पर नवपदस्थापित जिला भू अर्जन पदाधिकारी, उप निदेशक जनसंपर्क, प्रभारी पदाधिकारी गोपनीय शाखा एवं जिला एवं सूचना विज्ञान पदाधिकारी उपस्थित थे।