May 20, 2023

19.05.2023 (दरभंगा) : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दरभंगा जिले के कोठराम में जल संसाधन विभाग के अन्तर्गत 296.89 करोड़ रुपये की लागत से कमला बलान नदी के बायां एवं दायां तटबंध के उच्चीकरण, सुदृढ़ीकरण एवं पक्कीकरण कार्य (फेज-2) का शिलापट्ट अनावरण कर कार्यारंभ किया।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में जल संसाधन मंत्री संजय कुमार झा ने मुख्यमंत्री को पाग एवं अंगवस्त्र भेंटकर, समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी ने मखाना का माला पहनाकर एवं जल संसाधन विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने पौध गुच्छ भेंटकर स्वागत किया। कार्यक्रम के दौरान जल संसाधन विभाग द्वारा जल प्रबंधन, बाढ़ की समस्या से निजात, आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल आदि पर आधारित तैयार कराई गई लघु फिल्म मुख्यमंत्री के समक्ष प्रदर्शित की गई। इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को मुख्यमंत्री ने संबोधित करते हुए कहा कि कमला बलान नदी के दोनों तटबंधों के ऊँचीकरण, सुदृढ़ीकरण एवं पक्कीकरण का कार्य बेहतर ढंग से कराया जा रहा है।
इससे संबंधित लघु फ़िल्म भी यहां दिखाई गई। वर्षा के दिनों में नेपाल से काफी मात्रा में पानी आने के कारण बिहार की विभिन्न नदियों का जलस्तर बढ़ जाता है और बाढ़ की स्थिति पैदा हो जाती है। इससे काफी नुकसान होता है। बाढ़ प्रभावित इलाकों में लोगों के समक्ष संकट की स्थिति उत्पन्न हो जाती है। वर्ष 2019 में यहां बाढ़ से भयावह स्थिति पैदा हो गई थी जिसे आकर हमने देखा था। उसके बाद कोरोना संक्रमण का दौर शुरू हो गया। कोरोना के दौर में भी हम यहां आए थे और एक-एक जगह जाकर देखा था। उसी समय हमलोगों ने यह निर्णय लिया कि लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हर जरूरी काम कराया जाएगा जिससे यहां के लोगों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो।
जब हमें दरभंगा के बारे में पता चला कि यहां के भू-जल स्तर में भी गिरावट हो रही है तो हमने सभी पार्टियों की मीटिंग बुलाकर पूरे दिन चर्चा की। उसके बाद कार्यक्रम तैयार किया गया। जब हम चर्चा कर रहे थे तभी हमें जानकारी मिली कि यहां नेपाल से पानी आने के कारण काफी तबाही हो रही है। अगले ही दिन आकर हमने देखा था। मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले फेज के तहत काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। आज दूसरे फेज का भी शिलान्यास हो गया है।
अगले साल तक इस दूसरे फेज का काम भी तेजी से पूरा करें। यहां तटबंध पर जो काम चल रहा है उसके संबंध में भी हमने कहा है कि इसकी चौड़ाई का ध्यान रखिएगा, जिससे लोगों को आवागमन में सहुलियत हो। यह काम पूरा हो जाएगा तो लोगों को संकट का सामना नहीं करना पड़ेगा। आज हमने एरियली भी देखा है और जाकर स्थल निरीक्षण भी किया है। उन्होंने कहा कि नेपाल से बहुत कुछ उम्मीदें थी, लेकिन उधर से कुछ हो नहीं रहा है। श्रद्धेय अटल जी के कार्यकाल में बिहार के सभी सांसदों को बुलाकर इस संबंध में बातें हुई थी, उस समय इस दिशा में पहल भी की गई लेकिन अब कुछ नहीं हो पा रहा है। नेपाल से हमलोगों का बेहतर संबंध रहा है। हमलोग इस संकट से छुटकारा पाने के लिए पूरी तैयारी कर रहे हैं।
हम अधिकारियों से उम्मीद करते हैं कि इस काम को तेजी से पूर्ण कराएं, इसमें देरी न करें। इससे हमें प्रसन्नता होगी। हम किसी दिन हवाई सर्वेक्षण के माध्यम से निर्माण कार्य की प्रगति का जायजा लेंगे। हमलोगों ने वर्ष 2009 से काफी काम करवाया। लोगों को सुविधा प्रदान करने के लिए हर प्रकार से काम करवाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि मंर आप सभी लोगों को बधाई देता हूं कि इस कड़ी धूप में भी बड़ी संख्या में कार्यक्रम में उपस्थित हुए हैं। हमारी तो आदत है, लोगों को राहत प्रदान करने के लिए 4 डिग्री से लेकर 44 डिग्री तापमान में भी हम घूमते रहते हैं और कार्यों का जायजा लेते रहते हैं। जिलाधिकारी लोगों के बीच जाएं और सबकी बातों को सुनें और उनकी समस्याओं का निदान करने की कोशिश करें। यदि किसी प्रकार की दिक्कत हो तो यहां हमारे प्रधान सचिव से संपर्क करें।
उन्होंने कहा कि कुछ लोग समाज में असंतोष पैदा करने की कोशिश में लगे रहते हैं। समाज में झगड़ा कराने के प्रयास में लगे हुए हैं। ऐसे लोगों से सचेत रहें। आपस में प्रेम और भाईचारे का भाव रखे। मुख्यमंत्री ने जल संसाधन विभाग को निर्देश दिया कि आज जिस कार्य की शुरुआत की गई है इसको तेजी से पूरा करा दीजिए, इस बात से हमको खुशी होगी। लोगों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो इसका आपलोग ध्यान रखें। कार्यक्रम को जल संसाधन मंत्री संजय कुमार झा, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण मंत्री ललित कुमार यादव, समाज कल्याण मंत्री मदन सहनी एवं जल संसाधन विभाग के सचिव संजय कुमार अग्रवाल ने भी संबोधित किया।
कार्यक्रम में शामिल होने के पूर्व मुख्यमंत्री ने कमला बलान नदी के बायां एवं दायां तटबंध की वर्तमान स्थिति एवं फेज-1 के तहत कराए जा रहे कार्यों की प्रगति का एरियल सर्वे के पश्चात् स्थल निरीक्षण कर जायजा लिया। स्थल निरीक्षण के क्रम में जल संसाधन विभाग के सचिव संजय अग्रवाल ने सैटेलाइट इमैजिनरी ऑफ कमला बलान रिवर के माध्यम से फेज-1 के तहत कराए जा रहे कार्यों की प्रगति एवं फेज-2 के तहत कराए जानेवाले कार्यों के संबंध में मुख्यमंत्री को अवगत कराया। स्थल निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को निर्देश देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तटबंध के ऊँचीकरण, सुदृढ़ीकरण एवं पक्कीकरण का कार्य तेजी से पूर्ण कराएं।
यह काम जब पूरा हो जाएगा तो स्थानीय लोगों को काफी सहूलियत होगी। इससे तीन जिलों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। आवागमन की सुविधा बेहतर होगी। उन्होंने कहा कि वर्ष 2019 में कमला बलान नदी का जलस्तर बढ़ने से यहां के लोगों को काफी संकट झेलना पड़ा था। उस समय हम यहां आकर देखे थे जिसके बाद इस तटबंध के ऊँचीकरण, सुदृढ़ीकरण एवं पक्कीकरण का काम कराने का निर्णय लिया गया।
इस अवसर पर विधायक अजय कुमार चौधरी, विधायक अमन भूषण हजारी, पूर्व विधायक फराज फातमी, पूर्व विधान पार्षद दिलीप कुमार चौधरी, जदयू जिलाध्यक्ष दरभंगा गोपाल मंडल, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव अनुपम कुमार, आयुक्त दरभंगा प्रमंडल मनीष कुमार, जिलाधिकारी दरभंगा राजीव रौशन, वरीय पुलिस अधीक्षक दरभंगा अवकाश कुमार, जल संसाधन विभाग के अभियंता प्रमुख श्री शैलेन्द्र, जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता नंद कुमार झा सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति, वरीय अधिकारीगण, जल संसाधन विभाग के अभियंतागण, कर्मीगण एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।
कार्यक्रम के पश्चात् मुख्यमंत्री ने पत्रकारों द्वारा कर्नाटक चुनाव में कांग्रेस की जीत पर पूछे गए सवाल का जवाब देते हुए कहा कि कांग्रेस पार्टी की कर्नाटक विधानसभा चुनाव में जबरदस्त जीत हुई है। वहां जो मुख्यमंत्री बनने वाले हैं उनसे मेरा पहले से संपर्क है। उन्होंने मुझे शपथ ग्रहण समारोह में बुलाया है और फिर कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने भी फोन कर कहा कि आप शपथ ग्रहण समारोह में आइए, हमने वहां जाने की सहमति दे दी है। सारे विरोधी दल जब एकजुट हो जाएंगे तो ये देश के हित में होगा। उसके लिए प्रयास चल रहा है। जाति आधारित गणना को लेकर पत्रकारों द्वारा पूछे गए सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कोर्ट के फैसले के बाद हम कोई कमेंट नहीं करते हैं, ये उचित नहीं होगा।
कानून बनाने की बात पर अभी कुछ भी कहना उचित नहीं होगा। पहले हम बता चुके हैं कि जाति आधारित गणना क्यों की जा रही है। वर्ष 2011 में राष्ट्रीय स्तर पर जाति आधारित जनगणना भी हो चुकी है। हमलोगों ने केंद्र सरकार से इसको लेकर मांग की थी और प्रधानमंत्री से मिले भी थे लेकिन जब वो तैयार नहीं हुए और कहा गया कि आपलोग अपने यहां कीजिए। हमलोगों ने यहां पर सभी पार्टियों की राय से यह काम शुरू करवाया। जाति आधारित गणना से लोगों की आर्थिक स्थिति का भी पता चल जाएगा चाहे वे किसी भी जाति, धर्म या समुदाय के हों, दलित-महादलित, बैकवर्ड, हिंदू-मुस्लिम कोई हो। सरकार का उद्देश्य है कि सबों की स्थिति को बेहतर करना। जब जाति आधारित गणना की बात हुई थी उस समय भाजपा साथ में थी, उसी समय उसने क्यों नहीं कहा था कि इसके लिए कानून बनाएं।
May 20, 2023

19.05.2023 (दरभंगा) : बाढ़ से सुरक्षा प्रदान करने हेतु दरभंगा एयर फोर्स स्टेशन के चारो ओर जल संसाधन विभाग, बिहार द्वारा 14 करोड़ 19 लाख 22 हजार रुपये की लागत से निर्मित 11.84 कि.मी. की लम्बाई में रिंग बांध का उद्घाटन मुख्यमंत्री बिहार, नीतीश कुमार के द्वारा किया गया। रिंग बांध की पूरी लम्बाई में पी.सी.सी. सड़क निर्माण तथा एयर फोर्स स्टेशन परिसर भाग में बांध के स्लोप में 2.00 कि.मी. लम्बाई में पेभर ब्लॉक पिचिंग के साथ-साथ दरभंगा एयर पोर्ट के अंदर रनवे मुख्य द्वार के बाएं एवं दाएं भाग में बांध के स्लोप भाग पर विभिन्न 10 पैनलों में मोजाइक आर्ट में मिथिला पेंटिंग को उकेरा गया है, इनमें से सात पैनलों का मुख्यमंत्री द्वारा अवलोकन किया गया, इसके साथ ही एयर फोर्स स्टेशन को बाढ़ से सुरक्षा हेतु निर्मित रिंग बांध का अवलोकन किया गया।
निरीक्षण के दौरान जल संसाधन विभाग के सचिव संजय अग्रवाल द्वारा बांध के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई। इस अवसर पर जल संसाधन विभाग के मंत्री संजय कुमार झा, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार एवं मुख्यमंत्री के सचिव-सह-सचिव, सूचना एवं जन-सम्पर्क विभाग अनुपम कुमार, मुख्य अभियंता (सिंचाई) हरि नारायण, अधीक्षण अभियंता (सिंचाई) ब्रजेश मोहन, कार्यपालक अभियंता, बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, दरभंगा विकास कुमार मौजूद थे। उल्लेखनीय है कि दरभंगा एयर फोर्स स्टेशन परिसर के अंदर जमा होने वाले वर्षा के पानी की निकास हेतु बांध पर स्लुईस गेट का निर्माण भी कराया गया है।
वहीं रिंग बांध के सतत् निगरानी हेतु इसके ऊपर पूरी लम्बाई में पी.सी.सी. सड़क का निर्माण कराया गया है। दरभंगा एयर पोर्ट पर आने वाले यात्रियों को मिथिला की संस्कृति एवं क्षेत्रीय कला से परिचय कराने हेतु विभिन्न पैनलों में मिथिला पेंटिंग का प्रदर्शन बड़ी बारीकी से मोजाइक आर्ट में किया गया है।
May 20, 2023
18.05.2023 (दरभंगा) : 18 मई को गौराबौराम के कोठराम में मुख्यमंत्री बिहार के प्रस्तावित कार्यक्रम के आयोजन की तैयारी का जायजा लेने दरभंगा से कोठराम जाने के क्रम में डीएम राजीव रौशन को सोनकी के समीप लगभग 7.45 बजे रात्रि में बहेरी थाना के उज्जैना निवासी श्री चंद्र यादव के पुत्र पंकज यादव सड़क पर बुरी तरह से घायल पड़ा हुआ मिला। मौके पर उपस्थित भीड़ ने बताया गया कि बाइक सवार पंकज कुमार यादव को किसी तेज रफ्तार की गाड़ी ने धक्का मार दिया जिससे वह गिर गया और उसका सर बुरी तरह से फट गया। डीएम ने स्वयं सड़क पर खड़ा होकर दरभंगा की ओर जानेवाली वाहन को रुकवाया और अपने निजी सुरक्षा गार्ड बमबम के साथ घायल पंकज कुमार यादव को डीएमसीएच के लिए रवाना किया। विशेष कार्य पदाधिकारी सत्यम सहाय, जो जिलाधिकारी के साथ भेजें कोठराम जा रहे थे, को डीएमसीएच से संपर्क कर घायल पंकज कुमार यादव के डीएमसीएच पहुंचते ही इलाज प्रारंभ करने की सूचना देने का निर्देश दिया। बमबम यादव के साथ पंकज कुमार यादव के डीएमसीएच पहुंचते ही सर्जरी डिपार्टमेंट के चिकित्सक सह सहायक प्रोफ़ेसर डॉक्टर शिवानंद द्वारा इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कर तुरंत इलाज प्रारंभ कर दिया गया। पंकज कुमार यादव अब खतरे से बाहर हैं और सुरक्षित हैं। डीएम के इस पुनीत कार्य की चारो ओर भूरी भूरी प्रशंसा हो रही है।
May 20, 2023

18.05.2023 (दरभंगा) : रेल संबंधी स्थाई समिति एवं रेल मंत्रालय के परामर्शदात्री सदस्य सह दरभंगा सांसद डॉ गोपाल जी ठाकुर ने लहेरियासराय परिसदन में पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य अभियंता कंस्ट्रक्शन महबूब आलम , समस्तीपुर मंडल के सहायक इंजीनियर विजय शंकर, आनंद राज कंस्ट्रक्शन के दिनेश कुमार एवं उनकी टीम के साथ बैठक कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव द्वारा नव स्वीकृत 100 किलोमीटर लहेरियासराय -सहरसा नई रेल लाइन पथ निर्माण का सर्वे कार्य प्रारंभ होने से पूर्व समीक्षा किए।
उन्होंने कहा कि उनका वर्षों का मेहनत अब सफल हो रहा है। बीते महीने रेल मंत्रालय ने इस नई रेल लाइन निर्माण हेतु फाइनल लोकेशन सर्वे कार्य को स्वीकृति दी थी। उन्होंने कहा की 2 करोड़ 50 लाख की लागत से इस नई रेल लाइन का सर्वे एवं डीपीआर निर्माण कार्य हेतु आनंद राज कंस्ट्रक्शन को बतौर कंसल्टेंट एजेंसी नियुक्त किया गया है।आजादी के 75 साल बाद भी यह पूरा क्षेत्र रेल कनेक्टिविटी से अछूता है।100 किमी लंबे इस नई रेल लाईन के निर्माण हो जाने से इस क्षेत्र के लाखों लोगों की दिशा व दशा दोनो बदल जाएगी और लोगों के आर्थिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त हो जाएगा।
इस दौरान मुख्य अभियंता महबूब आलम ने जानकारी देते हुए कहा कि आज से इस नई रेल लाइन का सर्वे कार्य धरातल पर प्रारंभ हो गया। इस पर सांसद डॉ ठाकुर ने सर्वे कार्य को तय समय सीमा के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिए।
इसके पश्चात सांसद डॉ ठाकुर ने अधिकारियों के साथ लहेरियासराय स्टेशन पर बन रहे लो कॉस्ट ओवरब्रिज का निरीक्षण किए। उन्होंने कहा कि इस ओवर ब्रिज का निर्माण ससमय और गुणवत्तापूर्ण हो इसका विशेष ध्यान रखें। उन्होंने मुख्य अभियंता को समयांतराल पर निर्माण कार्य को निरीक्षण करने को भी कहा। उन्होंने कहा की यह लो कॉस्ट ओवरब्रिज क्षेत्र के लोगों की पुरानी मांग थी जो अब पूरा हो रहा है। इसके बन जाने के लाखों लोगों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। सांसद डॉ ठाकुर ने कहा की दरभंगा रेलवे स्टेशन को विश्वस्तरीय स्टेशन में परिवर्तित करने का थ्री डी मॉडल जारी कर दिया गया। इसके निर्माण पर भारत सरकार 370 करोड़ रुपया खर्च करेगी जिसका डीपीआर भी तैयार किया जा चुका है और इसकी स्वीकृति के लिए रेल मंत्रालय को भेजा जा चुका है।
स्वीकृति मिलने के पश्चात आरएलडीए द्वारा एजेंसी का चयन कर जल्द निर्माण कार्य प्रारंभ हो जाएगा और तीन वर्ष के भीतर इसका निर्माण पूर्ण हो जाएगा। उन्होंने कहा की केंद्र की मोदी सरकार देश भर में प्रमुख स्टेशनों को आगामी पचास वर्षों से अधिक आगे तक ध्यान में रखते हुए स्टेशन का विकास कर रही है। सांसद ने रेल अधिकारियों के साथ काकरघाटी-शिशो बायपास रेल परियोजना, समस्तीपुर दरभंगा रेल दोहरीकरण एवं विद्युतीकरण, दरभंगा - मुजफ्फरपुर नई रेल लाइन सहित कई अन्य परियोजना का समीक्षा किए।
May 20, 2023

17.05.2023 (दरभंगा) : डीएम राजीव रौशन द्वारा बाल श्रम के विरुद्ध जन जागरूकता हेतु तीन प्रचार वाहनों एवं बेनीपुर क्षेत्र अंतर्गत बाल श्रमिकों की विमुक्ति हेतु धावा दल टीम को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस मौके पर श्रम अधीक्षक राकेश रंजन, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, वरीय विशेष कार्य पदाधिकारी सह जिला आपदा प्रभारी सत्यम सहाय, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा नेहा कुमारी उपस्थित थे। श्रम अधीक्षक के द्वारा जिला पदाधिकारी एवं अन्य उपस्थित सभी पदाधिकारियों को बाल श्रम के विरुद्ध संदेश से संबंधित स्टीकर लगाया गया।
डीएम द्वारा बताया गया कि बच्चों से काम कराना गैरकानूनी के साथ अमानवीय कृत्य भी है। उन्होंने कहा कि बच्चों का स्थान विद्यालय एवं खेलकूद के मैदान में है, न कि होटल, ढाबा, मोटर गैराज, फैक्ट्री आदि में है। डीएम द्वारा बताया गया कि दरभंगा जिले में बाल श्रमिकों की विमुक्ति हेतु धावा दल गठित है तथा श्रम अधीक्षक के पर्यवेक्षण में श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, जिला बाल संरक्षण इकाई, चाइल्डलाइन, एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट तथा विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं की समेकित टीम के द्वारा सप्ताह में 2 दिन धावा दल के द्वारा अलग-अलग प्रखंडों में निरीक्षण की कार्रवाई की जाती है तथा बाल श्रमिक के नियोजित पाए जाने पर उन्हें नियमानुसार विमुक्त कराकर बाल कल्याण समिति दरभंगा के समक्ष उपस्थापित कर उनके पुनर्वास की अग्रेतर कार्रवाई की जाती है। साथ ही दोषी नियोजकों के विरुद्ध संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई जाती है एवं माननीय सर्वोच्च न्यायालय के द्वारा एम सी मेहता बनाम तमिलनाडु सरकार में दिए गए आदेश के आलोक में ऐसी दोषी नियोजकों से 20 हजार रुपये प्रति बाल श्रमिक वसूली की जाती है, जिसे जिला बाल श्रमिक पुनर्वास सह कल्याण कोष में जमा कराया जाता है तथा यह राशि जमा नहीं कराने वाले नियोजकों के विरुद्ध नीलाम पत्र वाद अलग से दायर कर राशि की वसूली की कार्रवाई की जाती है।
श्रम अधीक्षक द्वारा बताया गया कि बाल श्रम उन्मूलन दिवस 30 अप्रैल से बाल श्रमिक निषेध दिवस 12 जून तक बाल श्रम के विरुद्ध विशेष जन जागरूकता अभियान तथा बाल श्रमिकों की विमुक्ति हेतु लगातार धावा दल चलाया जा रहा है तथा इस अभियान के तहत 04 मई को सिंहवाड़ा प्रखंड से एक बाल श्रमिक, 05 मई को बहादुरपुर प्रखंड से एक बाल श्रमिक तथा 11 मई को बिरौल प्रखंड से एक बाल श्रमिक को बिमुक्त कराया गया। इसके अतिरिक्त अप्रैल 2023 में दरभंगा सदर प्रखंड से दो बाल श्रमिक तथा वित्तीय वर्ष 2022-23 में विभिन्न प्रखंडों के अलग-अलग प्रतिष्ठानों से कुल 10 बाल श्रमिकों को विमुक्त कराया गया है।उन्होंने कहा कि विमुक्त बाल श्रमिकों को श्रम संसाधन विभाग की तरफ से 3000 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता राशि दी जाती है तथा इसके अतिरिक्त माननीय मुख्यमंत्री राहत कोष से 25000 रुपये की राशि श्रमायुक्त बिहार के माध्यम से प्राप्त होती है। जिसे उक्त बाल श्रमिक के खाते में अंतरित कराकर उसका एफडी की राशि सावधि जमा कराया जाता है तथा जिसकी सूद की राशि प्रतिमाह संबंधित बाल श्रमिक के खाते में जाती है तथा एफडी की राशि उन्हें 18 वर्ष की आयु पूरी करने पर प्राप्त होता है। उन्होंने कहा कि अगस्त 2022 के बाद ऐसे 12 बाल श्रमिकों को 25000 रुपये की राशि दी गई है, जबकि सात बाल श्रमिकों को 3000 रुपये तत्काल आर्थिक सहायता राशि दी गई है तथा कतिपय बाल श्रमिकों हेतु आवंटन की मांग की गई है तथा आवंटन प्राप्त होते ही सभी को यथाशीघ्र अनुदान राशि का भुगतान करा दिया जाएगा।
इसके अतिरिक्त विमुक्त बाल श्रमिकों के माता-पिता एवं उनके परिवार को सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं से प्राथमिकता के आधार पर अच्छादित किया जाता है ताकि वह बच्चों और उनका परिवार समाज की मुख्यधारा से जुड़ सकें तथा उनके बच्चे पुनः बाल श्रम की ओर नहीं जाए। डीएम ने कहा कि बच्चों से काम कराने वाले व्यक्ति किसी भी स्थिति में बख्शे नहीं जाएंगे तथा ऐसे व्यक्तियों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बाल श्रमिकों की विमुक्ति हेतु श्रम अधीक्षक के नेतृत्व में धावा दल की टीम अच्छा कार्य कर रही है, कल मंगलवार को धावा दल की टीम के द्वारा हायाघाट प्रखंड के ईट भट्टों की सघन जाँच की गई थी, जबकि आज बेनीपुर प्रखंड के ईट भट्ठा मे धावा दल की टीम के द्वारा सघन जाँच की जा रही है।
डीएम ने कहा कि बाल श्रम से संबंधित जिला स्तर पर जिला टास्क फोर्स गठित है जिसके माध्यम से बाल श्रमिकों की विमुक्ति एवं पुनर्वास पर सतत निगरानी रखी जाती है। इसके अतिरिक्त दरभंगा जिले के सभी 18 प्रखंडों में प्रखंड स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया जा चुका है, जबकि जिले के आधे से अधिक पंचायतों में पंचायत स्तरीय टास्क फोर्स का गठन किया जा चुका है तथा शेष पंचायतों में टास्क फोर्स का गठन प्रक्रियाधीन है।
12 जून के पूर्व सभी पंचायतों में टास्क फोर्स का गठन शत-प्रतिशत कराने हेतु श्रम अधीक्षक के द्वारा सभी संबंधित श्रम प्रवर्तन पदाधिकारीयों को निर्देशित किया गया है।
इस अवसर पर श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी दरभंगा सदर मोहन कुमार, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी घनश्यामपुर बमबम कुमार, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी कुशेश्वरस्थान शुभम, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी सिंहवाडा लक्ष्मण कुमार झा, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी हायाघाट दिलीप कुमार, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी बेनीपुर किशोर कुमार झा, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी केवटी विष्णुधर शर्मा, श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी बहादुरपुर अमित कुमार कश्यप, बाल संरक्षण पदाधिकारी गोविंद राम, चाइल्डलाइन की आराधना कुमारी, महिला हेल्पलाइन की अजमतून निशा, प्रथम संस्था से सुधीर कुमार, समग्र शिक्षण एवं विकास संस्थान की समन्वयक श्रेया कुमारी, आश्रय ट्रस्ट संस्था के समन्वयक समीर पॉल, उप श्रम आयुक्त कार्यालय दरभंगा के कई कार्यालय कर्मी आदि उपस्थित थे।