September 27, 2017

24.09.2017 (दरभंगा) : दुर्गापूजा व मुहर्रम के अवसर पर अत्यधिक भीड़ को देखते हुए दरभंगा शहरी क्षेत्रान्तर्गत यातायात व्यवस्था को सुचारु-रूप से संचालन हेतु दिनांक 26.09.2017 के प्रातः से दिनांक 02.10.2017 के प्रातः तक दरभंगा शहरी क्षेत्र में एसएसपी सत्यवीर सिंह (आईपीएस) के निर्देशानुसार यातायात व्यवस्था कुछ इस तरह की गयी है।(a) शिवधारा मोड़ से कैदराबाद बस स्टैंड तक कोई बस, ट्रक, ट्रैक्टर या व्यवसायिक वाहन की आवाजाही नहीं रहेगी।
(b) दरभंगा शहर में बहेड़ा (बेनीपुर) की ओर से आनेवाले व्यवसायिक वाहन किसी भी स्थिति में दिलावरपुर दाल मिल से आगे नहीं आएगी।
(c) बहेड़ी की ओर से दरभंगा शहर में आनेवाले सभी प्रकार के व्यवसायिक वाहनों का परिचालन रामनगर आई.टी.आई तक होगा, आवश्यकता अनुसार देकुली मोड़ से बहादुरपुर थाना होते हुए चट्टी चौक तक।
(d) समस्तीपुर से दरभंगा आनेवाले बड़े व्यवसायिक वाहन लहेरियासराय बस स्टैंड से आगे नहीं जायेंगे।
(e) दारू भट्टी से किला घाट की ओर किसी भी प्रकार का व्यवसायिक वाहन नहीं जायेगा।
(f) सभी प्रकार के वाहनों (ऑटो सहित ) का परिचालन शहर क्षेत्र में 03:00 बजे अपराह्न से 04:00 बजे पूर्वाह्न तक बंद रहेगा।
(g) भण्डार चौक से कोई भी वाहन कटहलबाड़ी मुहल्ला की ओर नहीं जायेगा, वाहन ऊपर से ब्रिज होकर जायेंगे।
(h) आयकर चौक से कोई भी वाहन हसन चौक की ओर नहीं जायेगा।
(i) बिद्यापति चौक से भारी वाहन कटहलबाड़ी मुहल्ला की ओर नहीं जायेगा।
(j) मधुबनी से मुजफ्फरपुर जानेवाली बसें सीधा फोरलेन से जायेगी तथा मुजफ्फरपुर से दरभंगा आनेवाली बसें दिल्ली मोड़ तक ही परिचालित होंगी।
(k) मधुबनी से दरभंगा होते हुए समस्तीपुर की ओर जाने वाली बस दिनांक 26.09.2017 से दिनांक 02.10.2017 तक दिल्ली मोड़ से अतरबेल चौक से लिंक बाईपास रोड विशनपुर होते हुए समस्तीपुर जाएगी।
(l) दरभंगा रेलवे स्टेशन के बाहरी भाग , अल्लपट्टी, दोनार चौक, कैदराबाद बस स्टैंड के सामने सड़क पर एवं बेता चौक पर किसी भी परिस्थिति में ऑटो का ठहराव नहीं होगा।
एसएसपी सत्यवीर सिंह (आईपीएस) ने बताया की यातायात व्यवस्था को सुचारु ढंग से चलाने में यातायात प्रभारी की व्यक्तिगत जिम्मेदारी होगी तथा वे स्वयं भ्रमणशील रहकर विधि-व्यवस्था संधारित करायेंगे।
September 26, 2017

13.09.2017 (पटना) : अमूमन इंसान के जीवन में एक समय ऐसा आता जब उसे भरे-पूरे परिवार के बीच रहना ज्यादा अच्छा लगता है , और वो समय इंसान बुढ़ापे की अवस्था में महसूस करता है। आज के भाग दौर की जिंदगी में इंसान अपने बुढ़ापे के अवस्था में काफी अकेला महसूस करता है।
पटना डीएम संजय कुमार अग्रवाल ने बुजुर्गों के कल्याण हेतु समाहरणालय सभाकक्ष में The Maintenance and Welfare of Parents and Senior Citizen Act, 2007 के तहत दायर मामलों में की जा रही कार्रवाईयों की विस्तृत समीक्षा करते हुए सम्बंधित पदाधिकारियों को कई निर्देश देते हुए कहा की दायर मामलों का यथाशीघ्र निष्पादन करें। डीएम संजय कुमार अग्रवाल द्वारा दिए गए निर्देश :-
(a) मेनटेन्स के मामलों को 30 दिनों के अंदर तथा अन्य जटिल मामलों को 45 दिनों के अन्दर निष्पादित करना करें सुनिश्चित।
(b) प्रावधान के अनुसार अधिकतम 10 हजार रूपये प्रतिमाह तक का मेन्टेनेंश होगा देय।
(c) सभी अनुमंडल पदाधिकारी को निदेश दिया कि दायर मामलों का शीघ्र करें निष्पादन।
(d) सभी सिनियर सिटिजनों एवं बुजुर्गों की कल्याण के लिए कार्य कर रही विभिन्न गैर सरकारी संस्थाओं के साथ डीएम करेगें तिमाही बैठक ।
(e) जो लोग अपने बुजुर्ग माता-पिता की देख-भाल नहीं करते हैं, उनके विरूद्ध The Maintenance and Welfare of Parents and Senior Citizen Act, 2007 के प्रावधानों के तहत की जायेगी कार्रवाई।
बैठक में डीएम कई पीड़ित बुजुर्गों से हुए रूबरू हुए, जो की कई जगह से अपने समस्याओं को लेकर आये थे।
डीएम ने कहा की कई बार बुजुर्ग को पैसा रहते हुए भी अकेलापन रहता है। कई मामलों में बुजुर्गों के पास भरण-पोषण के लिए पैसे नहीं रहते हैं, तथा कई मामले ऐसे भी प्रकाश में आये हैं जिसमें बच्चों के द्वारा अपने माता-पिता एवं बुजुर्गो को अपने से अलग कर दिया जाता है, जिसकी वजह से वे एकाकी जीवन व्यतित करने को मजबूर हो जाते हैं।
डीएम ने लोगों से अपील करते हुए कहा मोहल्ला स्तर पर वरीय नागरिकों के लिए समूह बनायें एवं समूह का निबंधन एवं अन्य मामलों में प्रशासन सहयोग देगा। उन्होंने कहा की बुजुर्गों को साथ मिलकर हंसने बोलने का अधिकार है, तथा अपने तरीके से जीवन जिने का भी पूर्ण अधिकार है। वरिष्ठ नागरिकों का समूह बनने से इन लोगों को सामाजिक सहयोग मिल सकेगा जिससे की इनके जीवन में खुशियां आएँगी। डीएम ने वरिष्ठ नागरिकों से अपील कर कहा की आपस में समूह बना लें और एक दूसरे का सहारा बनें।
September 24, 2017

08.08.2017 (दरभंगा) : दरभंगा राज के चौरंगी पर युवा संतोष कुमार की दरभंगा के धरोहरों से जुड़ी हुई फोटो प्रदर्शनी का आयोजन दिनांक 06 August 2017 को किया गया। दिन से लेकर देर शाम तक चले इस प्रदर्शनी में लोगों का भीड़ काफी दिखा। शहर से बाहर के भी काफी लोग आये। हर वर्ग के लोगों ने दरभंगा से जुडी हुई विरासत को तस्वीर के माध्यम से खूब निहारा। DarbhangaOnline से बात करते हुए संतोष कुमार ने बताया की इस प्रदर्शनी के लिए वो काफी समय से प्रयासरत थे। उन्होंने ने कहा की इस प्रदर्शनी का उद्देश्य लोगों को अपने दरभंगा से जुडी हुई विरासतों से रुबरु कराना था, जिसकी अगर ढंग से समय-समय पर देखभाल की जाती तो आज ये बेहतर पर्यटन स्थल बन सकता था। इस फोटो प्रदर्शनी में मधेपुरा सांसद, दरभंगा नगर विधायक, समस्तीपुर डी.आर.एम, मधुबनी के विधायक सहित कई गणमान्य लोगों ने शिरकत कर युवा संतोष को बड़े धैर्य से किये गए फोटोग्राफी के लिए बधाइयाँ दी।
September 14, 2017

08.08.2017 (दरभंगा) : राष्ट्रीय महिला आयोग (भारत सरकार) की सदस्य सुषमा साहू की अध्यक्षता में महिलाओं के लिए विशेष प्रकोष्ठ (स्पेशल सेल फॉर वोमेन) के कार्यकलापों की समीक्षात्मक बैठक समाहरणालय स्थित बाबा साहेब डॉo भीमराव अम्बेडकर सभागार में की गयी।
स्पेशल सेल फॉर वोमेन का गठन राष्ट्रीय महिला आयोग (भारत सरकार) एवं टाटा सामाजिक विज्ञान (मुंबई) के द्वारा संयुक्त रूप से किया गया है। बिहार राज्य में दरभंगा के अलावा भागलपुर , गया, पूर्वी चम्पारण, एवं किशनगंज जिले में यह कार्यरत है।
स्पेशल सेल फॉर वोमेन को हिंसा से ग्रसित महिलाओं के लिए सुरक्षित जगह के रूप में माना जाता है क्योंकि इस सेल का मुख्य उद्देश्य कुछ इस तरह है।
(a) घरेलु हिंसा, (b) शारीरिक उत्पीड़न, (c) पीछा करना (स्टाकिंग), (d) दहेज़ की मांग, (e) मानसिक एवं भावनात्मक प्रताड़ना , (f) लैंगिक हिंसा, (g) कार्यस्थल पर उत्पीड़न, (h) सामाजिक कुरीतियों से ग्रसित महिलाओं को काउन्सलिंग के साथ कानूनी सहायता निःशुल्क उपलब्ध कराया जाता है।
बैठक को सम्बोधित करते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्या ने स्पेशल सेल फॉर वोमेन के कार्यों से रुबरु कराते हुए कहा की इस सेल में महिलाओं को परामर्श के द्वारा भावनात्मक सहयोग उपलब्ध कराना आवश्यक है। परिवार एवं समुदाय इत्यादि के साथ बैठकों के द्वारा महिलाओं के सहारे की व्यवस्था, जरूरत के अनुरूप पुलिस मदद देना, कानूनी जानकारी प्रदान करना / कानूनी सहायता से जोड़ना, महिला के हित में पुरुष के साथ हस्तक्षेप कर हिंसा को रोकना आदि कार्यों को प्राथमिकता से संपादित किया जाना है। इसके अतिरिक्त पीड़ित महिलाओं को अन्य आश्रय उपलब्ध कराना, व्यवसायिक प्रशिक्षण देना। महिलाओं के खिलाफ हिंसा के मुद्दों पर दस्तावेजीकरण, अनुसंधान एवं पहल करना भी इसके कार्यकलापों में शामिल है। इसके अलावा उन्होंने महिला हेल्पलाइन एवं उसके अंतर्गत बने वन स्टॉप सेन्टर के कार्यकलापों की भी समीक्षा की।
डीएम डॉo चंद्रशेखर सिंह ने अपने उद्बोधन में स्पेशल सेल फॉर वोमेन के व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता बताते हुए इस पर तत्कार कार्रवाई प्रारंभ करने का आश्वासन दिया एवं बैठक में जानकारी दी कि महिला हेल्पलाइन का नया आधुनिक भवन बनाने का कार्य समाहरणालय परिसर में ही प्रारंभ हो गया है। इसके जल्द ही पूरा हो जाने के पश्चात पीड़ित महिलाओं को एक ही छत के नीचे सभी सुविधाएं उपलब्ध करायी जाएगी।
एसएसपी सत्यवीर सिंह (आईपीएस) ने बताया की दरभंगा जिला में हेल्पलाइन और वन स्टॉप सेन्टर प्रभावकारी ढंग से कार्यरत है। महिला थाना में संसाधन एवं कार्यबल की कमी से कार्य प्रभावकारी ढंग से संपादित नहीं हो पा रहा है। अंत में डीएम डॉo चंद्रशेखर सिंह ने राष्ट्रीय महिला आयोग (भारत सरकार) की सदस्या सुषमा साहु को दरभंगा आने एवं बैठक करने पर धन्यवाद ज्ञापित किया।
उक्त बैठक में पुलिस उपाधीक्षक दिलनवाज अहमद, वरीय उप समाहर्ता-सह-विशेष कार्य पदाधिकारी रविन्द्र कुमार दिवाकर, जिला कल्याण पदाधिकारी सत्येन्द्र नारायण चौधरी, डीपी आरओ कन्हैया कुमार , महिला हेल्पलाइन की प्रभारी पदाधिकारी व अन्य संबंधित पदाधिकारीगण उपस्थित थे।
August 02, 2017

29.07.2017 (दरभंगा) : प्रातः काल 10 बजकर 30 मिनट से मंडल कारा कार्यालय का बिन्दुवार निरिक्षण डीएम, डॉo चंद्रशेखर सिंह के द्वारा प्रारम्भ किया गया। सरकार के निर्देशालोक में रखी जाने वाली निम्नलिखित पंजियों के संधारण के अघतन स्थिति का अवलोकन किया गया।
(a) आगत पंजी
(b) निर्गत पंजी
(c) वेतन पंजी
(d) आदेश पंजी
(e) कैश बुक , इत्यादि
नियमानुसार कुछ पंजियों में त्रुटि को देखते हुए उसमे अविलम्ब सुधार करने का सख्त निदेश दिया गया।
काराधीक्षक ने बताया की कारा में जिम एवं संगीतशाला की स्थिति ठीक नहीं है। इस पर डीएम ने तत्काल रख-रखाव मद से ठीक करने का निदेश दिया गया। कारा में धार्मिक उदेशक का पद भी रिक्त है। इन पदों पर नियमानुसार नियुक्ति करने का निदेश दिया गया। कारा में रह रहे 58 बन्दियों का आधार कार्ड बनाने हेतु उप विकास आयुक्त को निदेश दिया गया। कारा में बन्दी पंचायत एवं मेस कमिटी के कार्यरत रहने की जानकारी दी गई। मेस कमिटी खान-पान का निरिक्षण करती है। ख़राब पड़े cctv camera की मरम्मति अविलम्ब करवाने का निदेश दिया गया।
कार्यालय निरिक्षण के उपरान्त डीएम एसएसपी सत्यवीर सिंह के साथ "बन्दी दरबार" पहुंचे। बन्दी दरबार के शुरुआत करते हुए काराधीक्षक ने डीएम एवं एसएसपी का स्वागत पुष्पगुच्छ से किया। उपस्थित बन्दियों को सम्बोधित करते हुए उन्होंने डीएम से कारा में हो रही कठिनाई एवं सुधार के संबंध में मौखिक एवं लिखित रूप से अपनी बात रखने का अनुरोध किया। बन्दियों ने कारा भवन, शौचालय की जर्जरता को प्रमुखता से उठाया। बताया की अधिकांश भवन रख-रखाव के अभाव में जर्जर व खतरनाक हो चुके हैं। इन भवनों की तत्काल मरम्मति करवाई जाए। बिजली के तार खुले रहने के वजह से करेंट लगने का भी खतरा बना रहता है, अतः खुले तारों को हटवाकर नए कवर तार लगवाया जाए। शौचालय में पानी हेतु सप्लाई पाइप की स्थिति ठीक नहीं है। पानी की टंकी टूटी हुई है। जिसके वजह से पानी के लिए काफी कठिनाई होती है। किचन खुली जगह में है जिसकी वजह से चारों ओर से गंदगी आती रहती है।
डीएम ने सभी समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए उपस्थित कार्यपालक अभियंता भवन एवं पीoएचoईoडीo को तत्काल मरम्मति कार्य प्रारम्भ करवाने का निदेश दिया। किचन के बारे में घोषणा करते हुए डीएम ने बताया की एक हजार बन्दियों के भोजन बनाने वाली क्षमता युक्त आधुनिक रसोईघर का निर्माण कार्य जल्द ही प्रारम्भ किया जायेगा। इसके लिए सरकार से आवंटन प्राप्त हो जाने की जानकारी दी। मंडल कारा के कैंपस हेतु सरकार के दिशा-निर्देश के अनुसार पहुँच पथ, निम्न भूमि पर मिटटी भराई, शौचालय की मरम्मति, जर्जर भवनों की मरम्मति हेतु उपस्थित कार्यपालक अभियंता भवन को निदेश दिया। कार्यपालक अभियंता भवन ने इस मद में भी आवंटन के प्राप्त हो जाने की जानकारी दी एवं कार्य प्रारम्भ कर समय पर पूर्ण कर लेने का आश्वासन दिया। पूर्व से धीमी गति से कार्य कर रहे संवेदक को चेतावनी पत्र देने का निदेश दिया गया एवं सुधार न हो पाने के स्थिति में उसे काली सूचि में दर्ज करने का भी निदेश दिया।
उक्त कार्यक्रम में सहायक समाहर्ता विजय प्रकाश मीणा, नगर आयुक्त नागेन्द्र कुमार सिंह, विशेष कार्य पदाधिकारी रविन्द्र कुमार दिवाकर, जिला कोषागार पदाधिकारी नीलकमल, कार्यपालक अभियंता भवन / विधुत / पीoएचoईoडीo, सिविल सर्जन, डीपीआरओ कन्हैया कुमार व अन्य सम्बंधित पदाधिकारीगण उपस्थित थे