December 16, 2018

14.12.2018 (पटना) : कुमार रवि, डीएम, बाला मुरुगन डी, मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी जीविका, एवं मनु महाराज, एसएसपी के द्वारा संयुक्त रूप से जीविका दीदीयों द्वारा संचालित गुमटी का उद्घाटन किया गया, जिसमें पौलीथीन बैग/प्लास्टिक कैरी बैग् के विकल्प के रूप में विभिन्न तरह के जूट बैग, कपड़े का बैग एवं पेपर बैग की बिक्री की जायेगी। डीएम ने बताया कि सरकार द्वारा पूरे पटना में प्लास्टिक बैन को देखते हुए जीविका दीदीयों द्वारा इसे एक नये अवसर में देखते हुए यह गुमटी लगाया गया है, जो चिड़ियाघर के गेट नं0-02 के समीप अवस्थित है। इसे फुलवारीशरीफ प्रखंड के जीविका दीदीयों द्वारा चलाया जा रहा है। महिलाएं अपने घरों में ही कपड़े का थैला तैयार कर इसे बेच रही है, जिससे उनकी आय में बढ़ोतरी होगी। डीएम कुमार रवि ने इस कार्य की सराहना करते हुए और भी बेहतर (Quality Wise) बनाने का निर्देश दिया। इस मौके पर मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी जीविका, बाला मुरुगन डी द्वारा बताया गया कि इस तरह के स्टॉल पटना में और भी कई जगहों पर लगाया जायेगा ताकि प्लास्टिक के जगह वैकल्पिक रूप में आम नागरिकों को आसानी से जूट/कपड़े व पेपर से बने बैग मिल सके। एसएसपी मनु महाराज ने कहा की इस कार्य को सभी लोग मिलकर अनुपालन करवाएंगे।
December 12, 2018

12.12.2018 (दरभंगा) : जब भी कोई सामान खरीदने घर से बाहर निकलें, हाथ में कपड़ा या जूट का थैला जरूर हो। इसे अपनी आदत में शामिल करें। डीएम डॉ चंद्रशेखर सिंह ने जिला के समाजसेवियों, स्वयंसेवी संगठनों एवं विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर सभागार में आयोजित बैठक में उक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक का उपयोग नहीं कर हम लोगों को पर्यावरण की सेवा करने का एक महत्वपूर्ण अवसर मिला है। इसका सबको लाभ उठाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह अभियान तभी वास्तविक रूप से सफल होगा जब आम नागरिक इसे व्यवहार में लाएंगे एवं दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करेंगे। बैठक में डीएम ने प्लास्टिक से होने वाली हानियों के बारे में भी बताया एवं कहा कि यह ऐसा पदार्थ है जो सड़ता- गलता नहीं है एवं जहां रहता है प्रदूषण ही पैदा करता है। नगर आयुक्त नागेंद्र प्रसाद सिंह ने प्लास्टिक के उपयोग करने पर सरकार द्वारा दंडात्मक प्रावधानों की जानकारी भी लोगों को दी।

उन्होंने बताया कि सभी लोगों को प्लास्टिक के प्रयोग से दूर रहने की जरूरत है, तभी एक सुंदर पर्यावरण बन सकेगा। बैठक में चेंबर ऑफ कॉमर्स एवं रोटरी क्लब के प्रतिनिधियों ने कहा कि सभी दुकानदार अपने दुकान पर इस आशय का एक बैनर लगा पाएंगे कि वह प्लास्टिक के थैले का का प्रयोग नहीं करते हैं एवं पर्यावरण संरक्षण में अपना योगदान करते हैं। बैठक में उपस्थित लायंस क्लब, मानवाधिकार सामाजिक परिषद, एनसीसी एवं स्काउट के प्रतिनिधियों ने भी इस अभियान को गांव-गांव तक ले जाने में अपनी सहमति जताई। डीएम ने नगर आयुक्त को निर्देश दिया कि वह प्लास्टिक पर रोक के समुचित क्रियान्वयन के लिए वार्ड स्तरीय समिति बना दें। यह समिति हर एक दुकानदारों एवं लोगों के पास जाकर जागरूकता अभियान चलाएगी एवं इस अभियान को सफल बनाने में योगदान करेगी। मेयर वैजयंती देवी खेड़िया ने कहा किया हम सबों का सामूहिक उत्तरदायित्व है कि प्लास्टिक जैसे खराब वस्तु को अपने दैनिक प्रयोग से दूर करें एवं धरती की रक्षा में अपना योगदान करें। उन्होंने सभी लोगों से इस अभियान की शुरुआत अपने घरों से करने का आह्वान किया। बैठक में शहर में यातायात व्यवस्था तथा कुछ स्थानों पर ट्रैफिक जाम पर भी विचार-विमर्श किया गया एवं इसके स्थाई रूप से निदान के लिए सुझाव दिए गए। डीएम ने अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला परिवहन पदाधिकारी एवं जिला शिक्षा पदाधिकारी को आपसी बैठक कर इन सुझावों पर अमल करने का निर्देश दिया।

बैठक के बाद डीएम सहित सभी अधिकारी, स्वयंसेवी संगठनों तथा गणमान्य लोगों ने प्लास्टिक पर रोक से संबंधित जन जागरूकता रैली में भी भाग लिया। बैठक में अनुमंडल पदाधिकारी राकेश गुप्ता, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी अनोज कुमार, जिला परिवहन पदाधिकारी राजीव कुमार वरीय उप समाहर्ता अनिल कुमार सामान्य शाखा के प्रभारी पदाधिकारी उमाकांत पांडेय, डीपीआरओ लालबाबू सिंह जिला के विभिन्न स्वयंसेवी संगठनों के प्रतिनिधि वरिष्ठ नागरिक एवं गणमान्य उपस्थित थे।
December 12, 2018

11.12.2018 (पटना) : केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल, बिहार सेक्टर, पटना और अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना ने हमराही बनकर बिहार के नक्सल प्रभावित व सुदूर देहाती क्षेत्र के जरूरतमंद लोगों को *टेलीमेडिसिन प्रोग्राम के अंतर्गत* निःशुल्क चिकित्सा सेवा प्रदान करने की शुरुआत कर दी है। यह चिकित्सा सेवा विशेष रूप से उन क्षेत्रों में उपलब्ध कराया जाएगा, जहाँ बुनियादी चिकित्सा सेवाएँ पूर्णरूपेण उपलब्ध नहीं है। इसका लाभ निश्चय ही सभी जरूरतमंदों तक पहुंचेगा। इस कार्यक्रम का लाभ लेने के लिए लोगों को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के नजदीकी कैम्प में किसी भी वृहस्पतिवार या शुक्रवार को पहुँचकर अपना पंजियन कराना होगा। पंजीयन उपरान्त उसी दिन केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के चिकित्सक द्वारा उनका आवश्यक चिकित्सीय जाँच कर समुचित उपचार किया जाएगा। कुछ ख़ास बिमारियों के बेहतर उपचार के लिए विशेषज्ञों के परामर्श की आवश्यकता होती है, जिसे अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना के अनुभवी व वरिष्ठ चिकित्सक द्वारा प्रत्येक सप्ताह मंगलवार को यह कार्य टेलीकांफ्रेंसिंग तथा विडियोकांफ्रेंसिंग के माध्यम से पूरा होगा। इस सेवा के अंतर्गत रोगियों को एम्स, पटना आए बिना यहाँ के चिकित्सकों का निःशुल्क सेवा/परामर्श प्राप्त होगा। उपचार दौरान चिकित्सीय जाँच कराने, दवाइयां उपलब्ध कराने व अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में आने वाला सम्पूर्ण खर्च का निर्वहन केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल करेगी।
दो सप्ताह तक पायलट प्रोजेक्ट के रूप में चलाने के बाद आज कार्यालयी व विधिवत रूप से इस कार्यक्रम के शुभारंभ की उद्घोषणा बिहार सेक्टर, के०रि०पु०बल के चारु सिन्हा, भा०पु०से०, आईजी, नीरज कुमार, डीआईजी, एच० एस०मल्ल, डीआईजी व अन्य अधिकारियों तथा अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना के निदेशक प्रभात कुमार सिंह व अन्य वरीय चिकित्सकों की गरिमामयी उपस्थिति में की गई।
इस कार्य को वास्तविक आकार देने में बिहार सेक्टर, के०रि०पु०बल के अनिल बिष्ट, कमांडेंट व जीतेन्द्र कुमार, सहा० कमांडेंट तथा अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना के अनिल कुमार, सर्जन व टेलीमेडिसिन चिकित्सा प्रभारी का विशेष योगदान रहा है। यह कवायद अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना के निदेशक प्रभात कुमार सिंह, अनिल कुमार, सर्जन व टेलीमेडिसिन चिकित्सा प्रभारी के कुशल नेतृत्व तथा उनके टीम के विशेष सहभागिता, सहयोग व समन्वय से ही प्रारंभ हो पाया है।
December 12, 2018

10.12.2018 (दरभंगा) : डिविज़नल चेंबर ऑफ कॉमर्स के तत्वाधान में खाकी में इंसान को उनके बेहतर कार्य के लिए सम्मानित किया गया। चैंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष पवन कुमार सुरेका ने बताया कि आज चेंबर ऑफ कॉमर्स की तरफ से इस सम्मान समारोह की मुख्य अतिथि एसएसपी श्रीमती गरिमा मल्लिक, सदर एसडीपीओ अनोज कुमार, अजय कुमार झा, पुलिस निरीक्षक सदर, सीताराम प्रसाद, नगर थानाध्यक्ष, राम किशोर शर्मा, थानाध्यक्ष लहेरियासराय, जितेन्द्र कुमार सिंह, यूनिवर्सिटी थानाध्यक्ष, आशुतोष कुमार झा, बेता थाना, राजन कुमार, सदर थाना, उदय शंकर, कोतवाली थाना, राज नारायण सिंह बहादुरपुर थाना, गौतम कुमार, मब्बी, आर. एन. सिंह, विश्वविद्यालय थाना, विजय कुमार सिंह, अजित कुमार, नगर थाना को चादर मोमेंटो से सम्मानित किया गया।

पवन कुमार सुरेका ने बताया की चेंबर ऑफ कॉमर्स के तरफ से शहर के सम्मानीय सभी पुलिस कर्मियों का एक साथ सम्मान व स्वागत करना संभव नहीं है। इसका मतलब यह नहीं है कि औरों को हम सम्मान नहीं देते। उन सभी के मेहनत के दम पर पुलिस कप्तान या बाकी अधिकारी का मनोबल बढ़ता है। इस सम्मान समारोह में चेंबर ऑफ कॉमर्स के प्रधान सचिव विजय कुमार बरोलिया ने एसएसपी गरिमा मल्लिक के सम्मुख व्यापारियों की कुछ समस्याओं और कुछ सुझाव रखें, जिसपर एसएसपी ने आश्वस्त किया है कि उनके सुझाव पर पुलिस विभाग कार्यवाही करेगी। एसएसपी गरिमा मल्लिक ने व्यापारियों से अनुरोध किया कि व्यापारी अपने संस्थानों में सीसीटीवी जरूर लगवाएं। संस्थान के अंदर के साथ-साथ एक मुख्य द्वार पर और एक कैमरा रोड की तरफ जरूर लगाएं। इस तरह अगर सभी व्यापारी सीसीटीवी कैमरे लगाते हैं तो हमारा शहर सीसीटीवी सर्विलेंस में रहेगा जिससे अपराधियों पर नियंत्रण रखने में सुविधा होगी। एसएसपी ने व्यापारियों से अनुरोध किया कि कि वह अपने यहां जितने भी स्टाफ रखते हैं उनका एक बार पुलिस वेरीफिकेशन जरूर करवाएं। उन्होंने कहा कि अगर व्यापारी ज्यादा कैश लेकर अगर मार्केट में या बैंक में जाते हैं तो संबंधित थाना में भी एक बार सूचना दे सकते हैं। चेंबर ऑफ कॉमर्स के तरफ से डॉ. रामबाबू खेतान को उनके द्वारा ड्रग इंस्पेक्टर को रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कराने के साहसिक कदम के लिए सम्मानित किया गया।
December 11, 2018

10.12.2018 (दरभंगा) : सभी अधिकारी दिव्यांगजन के प्रति संवेदनशील बने एवं उन्हें सरकार की कल्याणकारी योजना का लाभ सहजता से दिलाएं। राज्य निशक्तता आयुक्त डॉ शिवाजी कुमार ने समाहरणालय स्थित सभागार में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में उक्त बातें कहीं। उन्होंने कहा कि सिविल सर्जन एवं डीएमसीएच के उपाधीक्षक दिव्यांगों के प्रमाण पत्र बनाने के लिए भी व्यवस्था विशेष व्यवस्था करें। 31 दिसंबर तक सभी दिव्यांगों का प्रमाण पत्र बन जाए इसे सुनिश्चित किया जाए। जिला पंचायती राज पदाधिकारी से कहा गया कि वह पंचायत से लेकर जिला स्तर के जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित कराए जिससे उन्हें भी दिव्यांग जनों के लिए सरकार के द्वारा दी जा रही सुविधाओं के बारे में जानकारी दी जा सके। शिक्षा विभाग के अधिकारियों से कहा गया कि सभी स्कूली बच्चों का वाणी एवं भाषा दिव्यांग की जांच कराएं। हर मान्यता प्राप्त विद्यालय में दिव्यांगों के एडमिशन की विशेष सुविधा हो। इसे शिक्षा विभाग सुनिश्चित करावे। साथ ही स्कूलों में दिव्यांगों के लिए विशेष शौचालय एवं पढ़ाई लिखाई की सुविधा हो यह भी सुनिश्चित किया जाए। सरकार का यह प्रावधान है कि दिव्यांगों को सरकारी सुविधाओं में सहूलियत के लिए सभी विभाग एक-एक नोडल ऑफीसर नियुक्त करें। 12 दिसंबर को जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र में लगने वाले चलंत लोक अदालत में दिव्यांग जनों के दिव्यांग का प्रमाण पत्र निर्गत करने के लिए विशेष व्यवस्था करने का अनुरोध सिविल सर्जन से किया गया। लीड बैंक मैनेजर से कहा गया कि मुद्रा योजना एवं अन्य स्वरोजगार योजना के तहत कम से कम 200 दिव्यांगों को ऋण प्रदान करें। कुशल युवा कार्यक्रम तथा सरकार के द्वारा शिक्षा के लिए चलाई जा रही योजनाओं का लाभ दिव्यांगों को देने को कहा गया। सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी से कहा कि वे अपने-अपने प्रखंड से संबंधित स्टॉल डीआरसीसी में लगाएंगे और विकलांगता पेंशन सहित अन्य आवेदनों को प्राप्त कर उन्हें समय से उसका लाभ दिलवाना सुनिश्चित कराएंगे। पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता से कहा गया कि सड़कों पर वैसे स्पीड ब्रेकर को हटा दें जिन से दिव्यांगों को आवागमन में दिक्कत होती है जिससे की दिव्यांगों को रोड क्रॉस करने में सुविधा हो इसकी व्यवस्था की जाए।
निशक्तता आयुक्त ने आम नागरिकों से भी अनुरोध किया कि वे दिव्यांगजनों को अपना उच्च समर्थन दें जिससे उनका अपने दैनिक कार्य निष्पादन में सहूलियत हो। अपर समाहर्ता मोहम्मद मोबीन अली अंसारी ने जिला में दिव्यांगों के लिए अब तक किए गए कार्य तथा चल रहे योजनाओं एवं कार्यक्रमों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। दिव्यांगजन अपनी शिकायत चौबीसों घंटे टोल फ्री नंबर 8448385590 पर कर सकते हैं। सभी सरकारी एवं गैर सरकारी सार्वजनिक स्थलों पर रैंप की व्यवस्था करने से संबंधित नोटिस निर्गत करने का निर्देश सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा को दिया गया । जिला परिवहन पदाधिकारी से कहा गया कि वह भी अपना एक स्टॉल चलंत लोक अदालत में लगाएं एवं सारथी योजना के तहत दिव्यांगों के ड्राइविंग लाइसेंस बनाने की कार्यवाही करें। इस योजना के तहत दिव्यांगों को ड्राइविंग लाइसेंस के अप्लाई करने में मात्र 420 रूपए का नाम मात्र का फीस जमा करना होता है। गाड़ी खरीदने पर भी दिव्यांगों को रोड टैक्स तथा अन्य प्रकार के करों में छूट मिलती है। सरकार का यह प्रावधान है कि जिलाधिकारी भी प्रत्येक शुक्रवार को आम जनता से मिलने वक्त दिव्यांगों को विशेष सहूलियत प्रदान करेंगे तथा प्रत्येक महीने के शनिवार को दिव्यांगों के लिए मोबाइल कोर्ट की भी व्यवस्था कराएंगे। कार्यपालक अभियंता भवन प्रमंडल को जिला में बनने वाले अर्ली इंटरवेंशन सेंटर का प्राक्कलन बनाने को भी कहा गया। उन्होंने परिसदन में विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधि एवं बैंकों के मैनेजर के साथ भी बैठक की एवं दिव्यांगों को सुविधा प्रदान करने हेतु सरकार के दिशा-निर्देश से अवगत कराया।
कार्यक्रम में उप विकास आयुक्त डॉ कारी प्रसाद महतो ने बताया कि दिव्यांग जनों के प्रति आम नागरिकों को मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की जरूरत है। तथा उनसे उन्हें विशेष रूप से मदद करने के लिए तत्पर रहने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि सरकार दिव्यांगों के कल्याण के लिए 38 प्रकार की योजनाएं चला रही है और जिला प्रशासन सभी तरह की योजनाओं का लाभ दिव्यांगों तक पहुंचाने के लिए कृत संकल्पित है।
बैठक में जिला पंचायत राज पदाधिकारी शत्रुघ्न कामती, नगर आयुक्त नगेंद्र प्रसाद सिंह, जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी राजीव रंजन प्रभाकर, जिला परिवहन पदाधिकारी राजीव कुमार, अनुमंडल पदाधिकारी ब्रजकिशोर लाल, प्रदीप कुमार झा एवं राकेश गुप्ता, डीसीएलआर पुष्पेश कुमार, डीपीएम जीविका मुकेश तिवारी, डीपीआरओ लालबाबू सिंह, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा रविशंकर तिवारी, सक्षम के प्रबंधक नवीन कुमार समेत सभी विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित थे।