April 09, 2021

08.04.2021 (दरभंगा) : डीएम डा. त्यागराजन एस. एम ने समाहरणालय स्थित सभागार में कोरोना को लेकर प्रेस वार्ता कर सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन से अवगत कराया तथा लोगों से गाइडलाइन का अनुपालन करने की अपील की। उन्होंने कहा की कई राज्यों में पुनः कोविड-19 (कोरोना) के संक्रमण के फैलाव को देखते हुए बिहार सरकार एवं जिला प्रशासन सजग है। वैसे राज्य जहाँ कोरोना के संक्रमण का पुनः तेजी से फैलाव हो रहा है, वहाँ से आने वाले यात्रियों पर नजर रखी जा रही है। बिहार सरकार के निर्देश के आलोक में महाराष्ट्र से आने वाले सभी यात्रियों का एंटीजन टेस्ट कराया जा रहा है। दरभंगा हवाई अड्डा पर जाँच जारी है।
दरभंगा रेलवे स्टेशन पर 09 अप्रैल से महाराष्ट्र से आने वाले सभी यात्रियों का कोविड-19 का एंटीजन टेस्ट कराया जाएगा। इसके लिए आज दरभंगा रेलवे स्टेशन पर संबंधित सभी पदाधिकारियों के साथ बैठक कर रणनिति बनायी गयी है। इसका उद्देश्य कोरोना के संक्रमण के फैलाव को रोकना है। कोरोना पॉजिटिव वालों को सुझाव एवं दवा देकर उन्हें गृह पृथकवास (होम आइसोलेशन) कराया जाएगा तथा उन पर स्थानीय प्रशासन द्वारा लगातार नजर रखी जाएगी। साथ ही वैसे लोगों का सर्वें कराकर कोरोना की जाँच की जा रही है। वहाँ माइक्रो कंटेनमेन्ट जोन बनाया जा रहा है। इसके लिए रेलवे स्टेशन पर विशेष व्यवस्था की जा रही है। इसके साथ ही जिले के प्रमुख स्थलों, सब्जी मंडी, मार्केट, कम्पलैक्स, रेलवे स्टेशन, बस स्टैण्ड पर मास्क चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। जिसमें अभी तक कुल 2,628 व्यक्तियों से जूर्माना वसूल की गयी है। साथ ही सभी सवारी वाहनों के लिए 50 प्रतिशत् सीटों पर भी यात्रियों का बैठाने का निर्देश जारी किया गया है और इसका अनुपालन भी कराया जा रहा है। इसके साथ ही वाहनों में मास्क चेकिंग की जा रही है।
बिना मास्क के पाये जाने वाले वाहनों पर एम.भी. एक्ट (मोटर वाहन अधिनियम) के तहत भी सुसंगत धाराओं के अन्तर्गत जुर्माना किया जा रहा है। डीएम श्री त्यागराजन ने कहा की सरकार द्वारा जारी निर्देश के आलोक में किसी भी शादी समारोह में ढाई सौ से अधिक व्यक्ति शामिल नहीं होंगे तथा श्राद्ध कर्म में 50 से अधिक व्यक्ति शामिल नहीं होंगे। सार्वजनिक स्थलों पर अन्य कोई भी कार्यक्रम का आयोजन नहीं किया जाएगा। 30 अप्रैल तक के लिए यह निर्देश जारी है। उन्होंने प्रेस वार्ता में कोरोना सैम्पल टेस्टिंग, कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग, मासिक सैंपल जाँच पॉजिटिभिटी दर, टीकाकरण की उपलब्धि आदि सम्बंधित जानकारी को विस्तृत रूप से बताया। उन्होंने कहा की दरभंगा जिला में कुल 599577 सैम्पल जाँच करायी गयी, जिसमें 4162 पॉजिटिव केस मिले तथा 0.69 प्रतिशत् पॉजिटिभिटी दर रहा एवं जिला में कोविड-19 के लिए कुल 800 बेडों की व्यवस्था की गई है।
April 09, 2021

08.04.2021 (दरभंगा) : बिहार सरकार के निर्देशानुसार महाराष्ट्र से आने वाले यात्रियों के (कोविड-19) कोरोना की जाँच को लेकर दरभंगा रेलवे स्टेशन के सभागार में डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम व एसएसपी बाबूराम के संयुक्त अध्यक्षता में जिला प्रशासन , स्वास्थ्य विभाग एवं रेलवे के अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में बताया गया कि महाराष्ट्र से आने वाली सभी ट्रेनों के वैसे यात्री जो सीधे महाराष्ट्र से आ रहे हैं, उनका (कोविड-19) एंटीजन टेस्ट कराया जाएगा। मुम्बई व पुणे से एक ट्रेन शुक्रवार की सुबह, एक ट्रेन सोमवार की सुबह एवं पवन एक्सप्रेस 12:30 बजे रात्रि में आती है। डीएम ने कहा कि महाराष्ट्र को छोड़कर बीच के स्टेशन पर चढ़ने वाले यात्रियों की जांच नहीं की जाएगी। इसके लिए चार-चार कोच पर एक जांच काउंटर बनाने के निर्देश सिविल सर्जन को दिया गया तथा स्टेशन परिसर पर रस्सी की बैरेकेटिंग कराने के निर्देश नजारत उप समाहर्ता को दिया गया।
आरपीएफ के इंस्पेक्टर बृजेश कुमार से समन्वय स्थापित कर बेरिकेटिंग कराने के निर्देश वरीय उप समाहर्ता प्रभारी जिला नजारत संस्कार रंजन को दिए गए। अनुमंडल पदाधिकारी सदर राकेश कुमार गुप्ता को स्टेशन के दोनों निकास द्वार पर दंडाधिकारी एवं पुलिस पदाधिकारी की प्रतिनियुक्ति करने के निर्देश दिए गए। जिला परिवहन पदाधिकारी कुमार रवि को गाड़ी की मुकम्मल व्यवस्था रखने के निर्देश दिए गए। जांच में पॉजिटिव पाए जाने वाले लोगों को उनकी इच्छा के अनुसार होम आइसोलेशन या जिला आइसोलेशन केंद्र में रखा जाएगा। बैठक में उपस्थित स्टेशन मास्टर अशोक कुमार सिंह एवं स्टेशन डायरेक्टर पुष्कर कुमार ने बताया कि महाराष्ट्र से आने वाली ट्रेनों में दरभंगा उतरने वाले यात्रियों की संख्या पांच सौ से छः सौ के करीब रहती है। डीएम एवं एसएसपी ने अधिकारियों के साथ स्टेशन परिसर का भ्रमण कर कोरोना जांच काउंटर के लिए उचित स्थल हेतु भ्रमण किया तथा यात्रियों को बैठाने के लिए मिथिला भवन एवं प्लेटफार्म नंबर एक का चयन किया गया।
April 07, 2021

07.04.2021 (दरभंगा) : तिरहुत प्रमंडल के प्रमंडलीय आयुक्त डॉ मनीष कुमार ने आज दरभंगा प्रमंडल का अतिरिक्त प्रभार ग्रहण किया है। प्रमंडलीय कार्यालय पहुंचने पर आयुक्त के सचिव श्री दुर्गा नंद झा द्वारा पुष्पगुच्छ प्रदान कर उनका हार्दिक स्वागत किया गया। इस अवसर आयुक्त कार्यालय के प्रागंण में बिहार सशस्त्र पुलिस के 12 जवानों ने सूबेदार बलिराम यादव के नेतृत्व में गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया। प्रमंडलीय कार्यालय पहुंचने के उपरांत उन्होंने प्रमंडल यह कार्यालय के विभिन्न शाखाओं का घूम घूम कर निरीक्षण किया तथा कार्यालयों की स्थिति की जानकारी ली। पदभार ग्रहण करने के दौरान डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम, एसएसपी बाबूराम, उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया, आयुक्त के सचिव दुर्गानंद झा, क्षेत्रीय योजना पदाधिकारी संजीव कुमार सिन्हा, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता एवं क्षेत्रीय निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं, दरभंगा प्रमंडल उपस्थित थे। आयुक्त ने डीएम व एसएसपी, दरभंगा से दरभंगा जिले के विधि व्यवस्था, कोरोना संक्रमण की स्थिति एवं विकास योजनाओं की संक्षिप्त जानकारी प्राप्त की।
प्रभार ग्रहण करने के उपरान्त उन्होंने संवाददाताओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि उनकी प्राथमिकता है कि सभी कार्य नियम के अनुसार किये जाए, विकास एवं कल्याणकारी योजना को सरजंमी पर उतारा जाए एवं समाज के अन्तिम पायदान पर खड़े लोगों के समस्याओं का स-समय निराकरण किया जाए। प्रभार ग्रहण के उपरान्त आयुक्त कार्यालय के सभागार में सभी पदाधिकारियों एवं कर्मियों से एक-एक कर उनका परिचाय लिया तथा सबों को अपनी प्राथमिकता से अवगत कराते हुए कार्य में अपेक्षित सहयोग की अपील की। उन्होंने प्रमंडल स्तरीय पदाधिकारियों के साथ बैठक कर अपने-अपने विभाग के कार्यों का अनुश्रवण करते रहने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षेत्रीय निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं तथा डीएमसीएच के अधीक्षक को डीएमसीएच का नया कैंपस चिन्हित करने को कहा। उन्होंने कहा कि इसके लिए जिला भू अर्जन पदाधिकारी से समन्वय स्थापित की जाए। साथ ही उन्होंने कोरोना के आंकड़े को अपडेट करने के निर्देश दिए उन्होंने क्षेत्रीय निदेशक स्वास्थ्य सेवाएं को कोरोना की टेस्टिंग दर बढ़ाने तथा समस्तीपुर रोड में कोरोना की जांच करवाने के निर्देश दिए।
April 07, 2021

07.04.2021 (दरभंगा) : कोरोना के बढ़ते संक्रमण के रोकथाम को लेकर सीएम के प्रधान सचिव दीपक कुमार, स्वास्थ्य विभाग, बिहार के प्रधान सचिव, अपर मुख्य सचिव, गृह विभाग, परिवहन विभाग के प्रधान सचिव संजय अग्रवाल एवं बिहार के 20 जिले, जहां मुंबई एवं पुणे (महाराष्ट्र) से ट्रेन या फ्लाइट आती है, से संबंधित प्रमण्डलीय आयुक्त, पुलिस महानिरीक्षक, डीएम, एसएसपी/एसपी, स्वास्थ्य विभाग के स्थानीय पदाधिकारियों के साथ ऑनलाईन समीक्षा बैठक की। ऑनलाइन बैठक में प्रधान सचिव, परिवहन विभाग एवं प्रधान सचिव स्वास्थ्य विभाग द्वारा सुझाव दिया गया कि वैसे 20 जिले जहां महाराष्ट्र से फ्लाइट या ट्रेनें आती हैं, वहाँ रेलवे स्टेशन पर एवं हवाई अड्डा पर मुंबई से आने वाले वैसे यात्रियों, जिनके पास RT-PCR जांच का प्रमाण पत्र है, को छोड़कर, शेष यात्रियों का एंटीजन टेस्ट कराया जाए। जिनकी जाँच रिपोर्ट पॉजिटिव मिलता है, उन्हें आइसोलेशन सेंटर पर लाकर, जो होम आइसोलेशन में रहना चाहते हैं उन्हें होम आइसोलेशन के लिए और जो जिले के आइसोलेशन सेंटर में रहना चाहते हैं उन्हें आइसोलेशन सेंटर में रखने का इंतजाम किया जाए। प्रधान सचिव ने सुझाव को मानते हुए सभी संबंधित डीएम को अपने अपने जिले में महाराष्ट्र से आने वाली ट्रेन एवं गया, पटना और दरभंगा जिला को हवाई अड्डा पर मुंबई से आने वाली फ्लाइट के वैसे पैसेंजर जिनके पास RT-PCR जांच रिपोर्ट नहीं है, की जांच करवाने एवं होम आइसोलेशन या आइसोलेशन में रखने के निर्देश दिए।
स्टेशन पर एंटीजन टेस्ट के लिए पुलिस व्यवस्था के साथ-साथ व्यापक व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए। बैठक में जिला स्तर पर एक आइसोलेशन सेंटर तथा प्रखंड स्तर पर भी एक आइसोलेशन सेंटर की व्यवस्था रखने के निर्देश दिए गए। बैठक में डीएम डॉ त्यागराजन एस. एम द्वारा बताया कि महाराष्ट्र से दरभंगा आनेवाली ट्रेन में दरभंगा-पुणे एक्सप्रेस प्रत्येक शुक्रवार को तथा पवन एक्सप्रेस प्रतिदिन आती है। मुंबई से एक फ्लाइट प्रतिदिन दरभंगा आती है। उक्त बैठक में दरभंगा से प्रमंडलीय आयुक्त डॉ मनीष कुमार ,पुलिस महानिरीक्षक, मिथिला क्षेत्र अजिताभ कुमार, डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम., एसएसपी बाबू राम, सिविल सर्जन डॉ. संजीव कुमार सिन्हा, उप निदेशक जन सम्पर्क नागेन्द्र कुमार गुप्ता, जिला परिवहन पदाधिकारी कुमार रवि व स्वास्थ्य विभाग के अन्य पदाधिकारीगण ऑनलाईन जुड़े हुए थे।
April 07, 2021

07.04.2021 (दरभंगा) : डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम. की अध्यक्षता में उनके कार्यालय प्रकोष्ठ में बच्चों की बहुचर्चित बीमारी ए ई एस से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी सुझाव का व्यापक प्रचार-प्रसार करवाने को लेकर बैठक की गई। बैठक में सिविल सर्जन डॉ. संजीव कुमार सिन्हा ने बताया कि मुजफ्फरपुर जिला एवं उसके आसपास के जिलों में अप्रैल से बरसात प्रारंभ होने तक ए ई एस का प्रकोप रहता है। इस बीमारी के चपेट में 0 से 6-7 साल के बच्चे आते हैं। दरभंगा जिला में अभी तक ए ई एस का केस नहीं मिला है। वर्ष 2018 में एक केस मुजफ्फरपुर में मिला था जिनका पैतृक आवास दरभंगा जिला के जाले में है। डीएम श्री त्यागराजन ने कहा कि यह अच्छी बात है कि दरभंगा जिले में इस बीमारी का प्रकोप नहीं रहा है फिर भी ए ई एस बीमारी के प्रकोप से बच्चों को सुरक्षित रखने हेतु स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी सुझाव का दरभंगा जिला में व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाए।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी सुझाव में बच्चों को रात में खाली पेट नहीं रखना, रात में कुछ मीठा भोजन अथवा गुलकोज पिलाना, अपने आवास के आसपास साफ-सफाई रखना एवं बच्चों की सफाई पर ध्यान देना शामिल है। साथ ही ए ई एस की चपेट में आने वाले बच्चों को खुली हवा में रखते हुए तुरंत अस्पताल ले जाना, ओझा गुनी के चक्कर में ना पड़ना शामिल है। उन्होंने आंगनबाड़ी, सेविका, सहायिका, आशा, जीविका दीदी एवं महिला पर्यवेक्षिका एवं विद्यालय के माध्यम से घर-घर लोगों को जागरूक करवाने के निर्देश दिए। इसके लिए हैंड बिल, पोस्टर, दीवार लेखन एवं होर्डिंग्स फ्लेक्स का प्रयोग करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिया गया। बैठक में सिविल सर्जन संजीव कुमार सिन्हा, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, डीपीएम जीविका, डीपीएम विशाल कुमार, जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी अमरेंद्र कुमार मिश्र, केयर इंडिया के श्रद्धा झा, यूनिसेफ के शशिकांत सिंह, ओंकार चंद्र शामिल थे।