May 19, 2021

19.05.2021 (दरभंगा) : अपर मुख्य सचिव, समाज कल्याण विभाग-सह-प्रभारी सचिव जिला दरभंगा अतुल प्रसाद द्वारा डेडिकेटेड कोविड हॉस्पिटल, डेडीकेटेड कोविड हेल्थ सेंटर, कोविड केयर सेंटर में कोरोना मरीजों के इलाज की व्यवस्था एवं दरभंगा में बाढ़ पूर्व तैयारी की समीक्षा डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम के साथ वर्चुअल मीटिंग के द्वारा की गयी। उन्होंने डीएमसीएच के आईसीयू के सभी भेंडीलेटर को चालू कराने के लिए अतिरिक्त टेक्नीशियन को रखने की वैकल्पिक व्यवस्था करने का निदेश दिया और इसके लिए प्रतिनियुक्त एजेंसी से भी उन्होंने सीधी वार्ता की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में मरीजों की संख्या बढ़ रही है इसलिए सभी अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र क्रियाशील रहनी चाहिए। प्राप्त जानकारी के अनुसार कोविड केयर सेंटर में अतिरिक्त प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सकों की प्रतिनियुक्ति की गई है। डीएम ने बताया कि जिले में 28 चिकित्सकों की नियुक्ति के लिए विज्ञापन निकाला गया था 19 चिकित्सकों को 17 मई 2021 को नियुक्ति पत्र दिया गया है। उन्हें योगदान करने हेतु 07 दिनों का समय दिया गया है। उन्होंने कहा कि दरभंगा में कोरोना मृतकों के शवों का निष्पादन जिला प्रशासन द्वारा किया जा रहा है। गैस पर चलने वाला शवदाह गृह बनाया जा रहा है जो जून से चालू हो जाएगा। उन्होंने कहा कि अभी तक 2 लाख 89 हजार 63 लोगों को प्रथम डोज का टीकाकरण तथा 80 हजार लोगों को द्वितीय डोज का टीकाकरण किया जा चुका है। बाढ़ कार्य में लगाए जाने वाले 9 हजार 923 कर्मियों का टीकाकरण प्रारंभ कर दिया गया है। प्रभारी सचिव ने कहा कि एनडीआरएफ की टीम का भी टीकाकरण करा लिया जाए।
साथ ही डीएमसीएच क्षेत्र में जल-जमाव न हो यह सुनिश्चित कर लिया जाए। शहरी क्षेत्र में बाढ़ का प्रभाव न पड़े नहीं तो इलाज में परेशानी होगी। डीएम ने कहा कि बाढ़ नियंत्रण को लेकर जल संसाधन विभाग द्वारा 24 स्थलों को चिह्नित कर बांध मरम्मति कार्य की स्वीकृति दी गई थी। 19 स्थलों को जिला प्रशासन द्वारा शामिल करवाया गया है, उनमें सिमरा नेहालपुर शहर से जुड़ा हुआ बांध है। जिसका पानी शहरी क्षेत्र में प्रवेश कर जाता है इसकी मरम्मति आवश्यक है। जल संसाधन विभाग के कार्यपालक अभियंता ने बताया कि जिन योजनाओं में फरवरी 2021 में कार्य प्रारम्भ कराया गया है उनमें 80 प्रतिशत से अधिक कार्य हो गया है और ये सभी 10 जून तक पूर्ण कर लिए जाएंगे। डीएम ने बताया कि बाढ़ के दौरान वांछित आवश्यक सामग्री के लिए निविदा कर दर निर्धारित कर दिया गया है। जिले में 8 हजार पॉलीथिन शीट उपलब्ध हैं। चुकी मधुबनी एवं समस्तीपुर जिले भी को दरभंगा से ही पॉलिथीन दिया जाता है इसलिए 25 हजार पॉलीथिन शीट की आपूर्ति के लिए आदेश दिया जा चुका है। जिले में 585 निजी नाव उपलब्ध हैं, जिनके नाविकों से संबंधित अंचलाधिकारी द्वारा एकरारनामा किया जा चुका है तथा नावों का 03 साल के लिए पंजीकरण भी कराया जा चुका है। जिले में 180 सरकारी नाव हैं लेकिन, बाढ़ के दौरान और भी नाव की जरूरत पड़ती है। वर्ष 2019 में नाव क्रय करने पर रोक लगा दी गई थी यदि 100 नाव खरीदने की अनुमति मिल जाती तो इससे दरभंगा जिले को बहुत राहत मिलती। बाढ़ प्रभावित परिवारों को बाढ़ सहायता राशि उपलब्ध कराने हेतु संपूर्ति पोर्टल पर संभावित बाढ़ प्रभावित इलाकों के परिवारों का डाटाबेस अपलोड है जिन्हें आधार से लिंक करने की कार्रवाई की जा रही है। बैठक में उप विकास आयुक्त तनय सुल्तानिया, सिविल सर्जन डॉ. संजीव कुमार सिन्हा, उप निदेशक जन संपर्क नागेंद्र कुमार गुप्ता, जिला आपदा प्रबंधन प्रभारी पदाधिकारी सत्यम सहाय व वरीय उप समाहर्त्ता ललित राही उपस्थित थे।
May 19, 2021

19.05.2021 (दरभंगा) : अपर मुख्य सचिव, स्वास्थ्य विभाग, बिहार सरकार प्रत्यय अमृत की अध्यक्षता में बिहार के सभी जिले के सभी प्रखण्डों में सामुदायिक किचन चलाने, हीट (होम आइसोलेशन टेस्टिंग) एप को क्रियान्वित करने, ग्रामीण क्षेत्र में अधिक से अधिक टेस्टिंग कराने तथा टीकाकरण को लेकर वर्चुअल मीटिंग की गयी। उन्होंने सभी डीएम को सम्बोधित करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार बेसहारा व जरूरतमंद लोगों के लिए सभी प्रखण्डों में कम से कम 01 सामुदायिक किचन चालू रहना चाहिए। यदि किसी बच्चे को दुध चाहिए, तो वह भी उपलब्ध कराया जाए। यदि होम आइसोलेशन वाले के परिजन खाना ले जाना चाहता हैं, तो उसे भी उपलब्ध कराया जाए।
होम आइसोलेशन वाले मरीजों का प्रतिदिन ऑक्सिज लेवल और तापमान की जाँच की जाए और इसे हिट एप पर अपलोड करवाया जाए। इसके लिए किसी आई.टी. मैनेजर को नोडल पदाधिकारी नियुक्त किया जाए। उन्होंने कहा कि शीघ्र ही 04 चलन्त आर.टी.पी.सी.आर. टेस्टिंग लैब आने वाला है, जो घूम घूम कर लोगों का सैंपल संग्रहित करेगा और 24 घंटे के अन्दर रिपोर्ट देगा। 21 मई से पहला चलन्त लैब चलने लगेगा। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र में कोरोना मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है, इसलिए कोविड टेस्टिंग बूथ बनाकर कोरोना की जाँच करायी जाए। उन्होंने कहा कि 45 वर्ष से ऊपर वालों के लिए 10 लाख 45 हजार तथा 18 वर्ष से 44 वर्ष वालों के लिए 06 लाख 80 हजार टीका जल्द ही बिहार को मिलने वाला है। उन्होंने कहा कि प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया तथा प्राइवेट सिक्योरिटी गार्ड को फ्रंट लाईन वर्कर में शामिल करते हुए उनका टीकाकरण करा लिया जाए। दरभंगा से डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम. ऑनलाईन जुड़े हुए थे।
May 19, 2021
19.05.2021 (दरभंगा) : प्राप्त जानकारी के अनुसार कोरोना के दूसरी लहर में तेजी से बढ़ते संक्रमण पर काबू पाने के मद्देनज़र पंचायती राज विभाग के द्वारा प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं पंचायत सचिव के माध्यम ग्राम पंचायतों में मास्क वितरण एवं सेनेटाईजेशन का कार्य करवाया जा रहा है। इसी कड़ी में आज दरभंगा के जिला पंचायती राज पदाधिकारी आलोक राज द्वारा करोना महामारी से बचाव हेतु चल रहे मास्क वितरण एवं सेनेटाइजेशन कार्य की प्रगति को लेकर बहादुरपुर प्रखण्ड, बेनीपुर प्रखण्ड एवं बहेड़ी प्रखण्ड के प्रखंड विकास पदाधिकारी, प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी/प्रभारी प्रखंड पंचायती राज पदाधिकारी, प्रखंड परियोजना प्रबंधक (जीविका), सभी पंचायत सचिव, सभी प्रखंड कार्यपालक सहायक, सभी लेखापाल-सह-आई.टी सहायकों के साथ समीक्षा बैठक की गयी। उन्होंने उपस्थित सभी पंचायत सचिव को मास्क वितरण का कार्य पूरी पारदर्शिता के साथ करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक ग्रामीण परिवारों को 06-06 मास्क उपलब्ध कराया जाए। जिस पंचायतों में मास्क वितरण का कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है, वहाँ के पंचायत सचिव को सख्त निर्देश दिया गया है कि जीविका से समन्वय बनाकर मास्क वितरण करना सुनिश्चित करें। प्रखंड परियोजना प्रबंधक (जीविका) को मास्क की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है। तत्पश्चात जिला पंचायती राज पदाधिकारी द्वारा बेनीपुर प्रखण्ड के रमौली पंचायत के वार्ड नंबर- 04 का निरीक्षण किया गया। वहां के ग्रामीणों द्वारा बताया गया कि उन लोगों को पंचायत सचिव द्वारा मास्क उपलब्ध कराया गया है। बैठक में बताया गया कि कुछ पंचायतों के पंचायत सचिव कोरोना पॉजिटिव हो गए हैं। जिस पर जिला पंचायती राज पदाधिकारी द्वारा कहा गया कि दूसरे पंचायत के पंचायत सचिव के माध्यम से मास्क वितरण करवाना सुनिश्चित करें। बैठक में प्रखंड विकास पदाधिकारी, प्रखंड परियोजना प्रबंधक (जीविका), पंचायत सचिव एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।
May 05, 2021

05.05.2021 (दरभंगा) : विगत वर्ष लगाए गए लॉक डाउन के दौरान जिस तरह असहाय एवं बेसहारा लोगों को प्रतिदिन सुबह शाम भोजन कराया गया था, इस बार भी जिला प्रशासन द्वारा महाराजा लक्ष्मेश्वर सिंह मेमोरियल कॉलेज, दरभंगा में भोजन करवाया जाएगा। इसकी तैयारी करने को लेकर डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम की अध्यक्षता में समाहरणालय अवस्थित अंबेडकर सभागार में बैठक आयोजित की गयी। बैठक को संबोधित करते हुए डीएम ने कहा कि लॉकडाउन के दौरान कई जगह पर, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन एवं रैन बसेरा में बेसहारा लोग फंसे हुए मिलेंगे, उन्हें सुबह-शाम भोजन मिलनी चाहिए कोई भी व्यक्ति भूखा नहीं रहना चाहिए। उनके लिए एम.एल.एस.एम. कॉलेज में सुबह-शाम भोजन की व्यवस्था की जाएगी। ऐसे बेसहारा लोगों को प्रतिदिन सुबह-शाम खाना खिलाने के लिए एक कमिटी बनायी गयी। जिसमें नगर आयुक्त, दरभंगा नगर निगम, जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, दरभंगा, प्रभारी पदाधिकारी जिला नजारत, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मध्याह्न भोजन) एवं एक गैर सरकारी संस्था रोटी क्लब को शामिल किया गया है। डीएम द्वारा इसके अतिरिक्त अन्य स्थलों के भी बेसहारा लोगों तक खाना पहुंचाने के लिए एक वाहन रख लेने को कहा गया। साथ ही खाना खिलाने के लिए पर्याप्त बर्तन की भी व्यवस्था कर लेने को कहा। उन्होंने कहा कि इस कार्य में संलग्न लोगों का पास जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मध्याह्न भोजन) बनाएंगे। खाना बनवाने का कार्य जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मध्याह्न भोजन) द्वारा किया जाएगा तथा खाना का वितरण रोटी क्लब द्वारा किया जाएगा। उन्होंने रेडीमेड फूड की भी तैयारी कर लेने को कहा ताकि लॉकडाउन के दौरान किसी बेसहारा के द्वारा रेडीमेड भोजन की मांग की जाती है, तो उसे उपलब्ध कराया जा सके। बैठक में जिला भू-अर्जन पदाधिकारी, उप निदेशक जन संपर्क, वरीय प्रभारी पदाधिकारी जिला नजारत, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मध्याह्न भोजन), दरभंगा एवं गैर सरकारी संस्था के सदस्य उपस्थित थे
May 05, 2021

05.05.2021 (दरभंगा) : डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम की अध्यक्षता में दरभंगा के व्यवसायी संघ के साथ बैठक आयोजित की गयी। बैठक को संबोधित करते हुए डीएम ने कहा कि थोक बिक्रेताओं की यह जिम्मेवारी होगी कि खुदरा बिक्रेता ग्राहकों को सही कीमत पर समान बेचे। उन्होंने कहा कि माल वाहक वाहनों के आवागमन पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया गया है। यदि खुदरा बिक्रेताओं तक समान/माल पहुंचाने के लिए छोटे वाहनों को पास की आवश्यकता होगी, तो अनुमंडल पदाधिकारी, सदर द्वारा पास निर्गत किया जाएगा। किसी सामान की दरभंगा में कोई कमी होने के संबंध में जब उन्होंने व्यवसायियों से पूछा गया तो थोक विक्रेताओं ने कहा कि दरभंगा जिला में किसी सामान की कोई कमी नहीं है। उन्होंने बाजार समिति में काम करने वाले मजदूरों का पास अनुमंडल पदाधिकारी, सदर के माध्यम से बनवा लेने का निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि व्यवसायियों को सामान लेने, ले जाने या लोड-अनलोड करने में कोई परेशानी नहीं होगी, लेकिन किसी भी सामान की कीमत बढ़ाकर लेने की जानकारी मिलने पर संबंधित दुकानदार के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराते हुए अग्रेतर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि बिरौल में अधिक कीमत पर सामान बेचने वाले तीन दुकानदारों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कराई गयी है। जानकारी के अनुसार जिला आपूर्ति पदाधिकारी, दरभंगा द्वारा किराना सामानों के थोक एवं खुदरा मूल्यों की सूची प्रतिदिन जन संपर्क विभाग के माध्यम से जारी की जा रही है। साथ ही इसके लिए जिला स्तर पर नियंत्रण कक्ष भी बनाया गया है, ताकि कहीं भी आवश्यक वस्तुओं के सामान की कीमतों में बढ़ोतरी या जमाखोरी नहीं की जा सके।